देश में मानसून की सक्रियता अपने उफान पर है और मौसम विभाग ने एक गंभीर चेतावनी जारी करते हुए देश के 12 प्रमुख राज्यों में भारी बारिश और तूफानी हवाओं का अलर्ट घोषित किया है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार आज से आगामी कुछ घंटों के दौरान दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, राजस्थान, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, झारखंड, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश और गुजरात जैसे राज्यों में मौसम का मिजाज अत्यधिक बिगड़ सकता है। इस दौरान कुछ क्षेत्रों में साठ से सत्तर किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की प्रबल संभावना है, जिससे जनजीवन और बुनियादी ढांचे पर असर पड़ सकता है।

राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के क्षेत्रों में भी बादलों की आवाजाही के बीच तेज आंधी और बारिश की चेतावनी दी गई है, जहां हवाओं की गति चालीस से पचास किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश के कई जिलों जैसे मेरठ, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, बिजनौर, मुरादाबाद, बरेली, कानपुर, बदायूं, रामपुर, मैनपुरी, ललितपुर, सीतापुर, हरदोई, बहराइच, कन्नौज, कुशीनगर, प्रयागराज, गोरखपुर और देवरिया में भारी बारिश का अनुमान जताया है। इसके साथ ही बिहार के पटना, गया, सारण, जहानाबाद, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, दरभंगा, पूर्णिया, सहरसा, सुपौल, मधेपुरा, कटिहार, किशनगंज, अररिया, भागलपुर, बांका, मुंगेर, जमुई, पूर्वी चंपारण और पश्चिमी चंपारण जिलों में भी मेघगर्जन और वज्रपात के साथ भारी वर्षा का खतरा मंडरा रहा है।

पहाड़ी और मैदानी दोनों ही क्षेत्रों में मौसम की यह प्रणाली काफी प्रभावशाली बनी हुई है। उत्तराखंड के चमोली, बागेश्वर, पिथौरागढ़, नैनीताल, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, टिहरी गढ़वाल, हरिद्वार और ऋषिकेश में तेज हवाओं के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर, चंबा, सिरमौर, कांगड़ा, कुल्लू, शिमला, किन्नौर, मंडी और सोलन तथा जम्मू-कश्मीर के कठुआ, जम्मू, रियासी, रामबन, राजौरी, कुलगाम, पुंछ, कुपवाड़ा, बारामूला और पुलवामा में भी भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा झारखंड के रांची, साहेबगंज, पाकुड़, जामताड़ा, दुमका, बोकारो, हजारीबाग, गिरिडीह, जमशेदपुर, रामगढ़, खूंटी, पश्चिमी सिंहभूम, लोहरदगा, चतरा, गुमला, सिमडेगा और सरायकेला तथा पश्चिम बंगाल के कोलकाता, कालिम्पोंग, कूचबिहार, बीरभूम, हुगली, मुर्शिदाबाद, पुरुलिया, नादिया और दक्षिण 24 परगना में भी मौसम के कड़े तेवर देखने को मिलेंगे।

पश्चिमी और मध्य भारत के राज्यों में भी इस मानसिनी सक्रियता का पूरा असर देखा जा रहा है। राजस्थान के बारां, कोटा, बूंदी, सिरोही, भीलवाड़ा, सीकर, उदयपुर, भरतपुर, अजमेर, जयपुर, जोधपुर, राजसमंद और टोंक जिलों में आंधी के साथ भारी बारिश की चेतावनी दी गई है जहां हवा की गति सत्तर किलोमीटर प्रति घंटे तक हो सकती है। गुजरात के नवसारी, सूरत, तापी, वसाड, डांग, जूनागढ़, अमरेली, अहमदाबाद, बावला और भावनगर तथा मध्य प्रदेश के खंडवा, देवास, छिंदवाड़ा, बैतूल, होशंगाबाद, विदिशा, बालाघाट, रीवा, सिंगरौली और उज्जैन में भी मूसलाधार बारिश का अनुमान है। महाराष्ट्र के पुणे, ठाणे, मुंबई, पालघर, रत्नागिरी, बुलढाणा, अमरावती, गढ़चिरौली और गोंदिया तथा पंजाब के पठानकोट, होशियारपुर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, पटियाला, संगरूर, सासनगर और रूपनगर में भी मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

मौसम विभाग की इस चेतावनी के मद्देनजर किसानों, मछुआरों और नदी तथा समुद्र के तटीय इलाकों में रहने वाले नागरिकों को विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं। तेज हवाओं के कारण बड़े-बड़े पेड़ों के उखड़ने और कच्चे मकानों या बिजली के खंभों को नुकसान पहुंचने की आशंका है। पूर्वी भारत और कई अन्य हिस्सों में आकाशीय बिजली गिरने से भारी नुकसान हो सकता है, इसलिए किसानों को खेतों में जाते समय सतर्क रहने को कहा गया है। पर्वतीय क्षेत्रों में यात्रा करने वाले पर्यटकों और आम लोगों को भी सलाह दी गई है कि वे अद्यतन मौसम की जानकारी लेकर ही अपनी यात्रा की योजना बनाएं ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा या संकट से बचा जा सके।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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