भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के मौसम को लेकर एक बड़ा पूर्वानुमान जारी किया है, जो एक तरफ भीषण गर्मी से परेशान आम जनता को बड़ी राहत का संकेत दे रहा है, तो दूसरी तरफ कुछ क्षेत्रों के लिए गंभीर प्राकृतिक चेतावनी भी लाया है। उत्तर और मध्य भारत के मैदानी इलाके जहां पिछले कई हफ्तों से भीषण लू और रिकॉर्ड तोड़ तापमान की मार झेल रहे हैं, वहीं अब देश में मानसून की जल्द आमद को लेकर स्थितियां अनुकूल बनती दिखाई दे रही हैं। मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के अनुसार, आगामी 22 घंटों के भीतर देश के 15 राज्यों में तेज आंधी, तूफान और भारी बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। इस दौरान प्रभावित इलाकों में हवा की रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका जताई गई है, जिससे जान-माल की सुरक्षा को लेकर प्रशासन चौकस हो गया है।

दिल्ली-एनसीआर से लेकर उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, पंजाब और हरियाणा तक समूचा उत्तर भारत इस समय तीव्र गर्मी की चपेट में है। कई शहरों में दिन का पारा 40 डिग्री सेल्सियस के स्तर को काफी पार कर चुका है, जिससे सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त है। हालांकि, मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि जून की शुरुआत से ही देश में मानसून-पूर्व (प्री-मानसून) गतिविधियां सक्रिय हो जाएंगी। इस सक्रियता के कारण भीषण तपिश झेल रहे नागरिकों को जल्द ही चिलचिलाती धूप से आंशिक या पूर्ण रूप से छुटकारा मिल सकता है। लेकिन मानसून के इस आगमन से ठीक पहले वायुमंडलीय दबाव में आ रहे बदलावों के कारण देश के एक बड़े हिस्से में अचानक तेज धूल भरी आंधी और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की प्रबल संभावना बन गई है।

क्षेत्रीय स्तर पर मौसम की स्थिति का विश्लेषण करें तो देश की राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में भीषण गर्मी के बीच अचानक बादलों की आवाजाही बढ़ने की उम्मीद है। तेज हवाओं के चलने से यहां के निवासियों को आंधी जैसा अनुभव हो सकता है, और कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी भी दर्ज की जा सकती है। इसके विपरीत, आगामी पांच दिनों तक यहां हीट वेव यानी लू का प्रकोप भी समानांतर रूप से जारी रहने की आशंका है, जिससे अधिकतम तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक छू सकता है। वहीं, उत्तर प्रदेश की बात करें तो पूर्वी हिस्सों में दिन के समय गंभीर लू की स्थिति बनी रहेगी और रातें भी गर्म रहने का अनुमान है। राज्य के बांदा जिले में वर्तमान में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी दर्ज की जा रही है, जहां पारा 46.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है।

बिहार और झारखंड जैसे पूर्वी राज्यों में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने जा रहा है। मौसम विभाग ने बिहार के पटना, दरभंगा, मधुबनी, गया, भागलपुर और पूर्णिया जैसे प्रमुख जिलों में आंधी के साथ भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। राज्य में गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश होने का अनुमान है, जिससे तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जाएगी। झारखंड के रांची, जमशेदपुर, धनबाद और बोकारो में भी तेज हवाओं के साथ मौसम करवट लेने के लिए तैयार है। दूसरी ओर, पश्चिमी राज्य राजस्थान में गर्मी का दौर अत्यंत आक्रामक रूप अख्तियार कर रहा है। आगामी सप्ताह में यहां मौसम मुख्यतः शुष्क रहेगा और तापमान में दो से तीन डिग्री की और बढ़ोतरी होने के साथ तीव्र हीटवेव चलने की आशंका है, हालांकि 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली धूल भरी हवाएं गर्मी से आंशिक राहत दे सकती हैं।

देश के पहाड़ी और तटीय क्षेत्रों में स्थितियां और भी अधिक संवेदनशील बनी हुई हैं। पूर्वोत्तर के राज्य अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश के कारण बाढ़ जैसे गंभीर हालात पैदा हो चुके हैं, जिससे संपर्क मार्ग टूट गए हैं और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है। हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में जहां एक तरफ लू की चेतावनी है, वहीं दूसरी तरफ कुल्लू के रोहतांग दर्रे और आसपास के क्षेत्रों में ताजा बर्फबारी दर्ज की गई है। दक्षिण भारत के केरल और तमिलनाडु में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी के साथ 'ऑरेंज' और 'येलो' अलर्ट जारी किए गए हैं। प्रशासनिक स्तर पर मौसम विभाग ने सभी राज्य सरकारों और आपदा प्रबंधन प्राधिकरणों को सतर्क रहने की सलाह दी है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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