आज का मौसम: 17 घंटे में 20 राज्यों में मूसलाधार बारिश और 65 किमी/घंटा की रफ्तार से आंधी का अलर्ट|
मौसम विभाग ने देश के 20 राज्यों में मूसलाधार बारिश और 65 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने की चेतावनी जारी की है।

तेज हवा और मूसलाधार बारिश के दौरान सड़कों पर झुकते नारियल के पेड़ और खराब मौसम का दृश्य।
भारत में मानसून के विदाई के अंतिम और संवेदनशील चरण में मौसम विभाग (IMD) ने एक बार फिर देश की जनता की मुश्किलें बढ़ाने वाला एक नया और कड़ा अलर्ट जारी कर दिया है। मौसम विभाग की लेटेस्ट भविष्यवाणियों के अनुसार, कल यानी 5 अक्टूबर को देश के 20 प्रमुख राज्यों में भारी बारिश, वज्रपात और तेज आंधी-तूफान की चेतावनी दी गई है। इस दौरान हवा की रफ्तार 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जिससे आम जनजीवन और खासकर कृषि क्षेत्र पर गहरा प्रभाव पड़ने की आशंका है।
मौसम का व्यापक परिदृश्य और चक्रवातीय प्रणालियाँ
मानसून के इस अंतिम दौर में उत्तर भारत से लेकर पूर्वी और दक्षिणी राज्यों तक मौसम का मिजाज पूरी तरह बिगड़ता नजर आ रहा है। दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की वापसी की रेखा वर्तमान में रांची, सुपौल और रायपुर से होकर गुजर रही है। इसके साथ ही, उत्तर-पूर्वी बिहार से लेकर उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी तक एक निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। दूसरी ओर, मन्नार की खाड़ी और उससे सटे दक्षिणी तटीय तमिलनाडु के ऊपर ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है।
इन मौसमी हलचलों के कारण बंगाल की खाड़ी में तूफानी हवाएँ चल रही हैं, जिससे पूर्वी भारत के निवासियों की चिंताएँ काफी बढ़ गई हैं। स्थिति इतनी गंभीर हो सकती है कि दो से अधिक राज्यों में तूफानी हवाओं के साथ ओलावृष्टि भी देखने को मिल सकती है। पहाड़ी राज्यों में लगातार लैंडस्लाइड (भूस्खलन) की चेतावनियां जारी की गई हैं, जबकि तटीय इलाकों के मछुआरों को समुद्र के करीब न जाने की सख्त सलाह दी गई है।
देश के 20 राज्यों में भारी बारिश और आंधी का रेड/ऑरेंज अलर्ट
आईएमडी के पूर्वानुमान के दायरे में कुल 20 राज्य शामिल हैं, जहाँ मूसलाधार बारिश और वज्रपात का खतरा मंडरा रहा है:
- उत्तर भारत: दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, उत्तराखंड, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर।
- पूर्वी व पूर्वोत्तर भारत: बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, ओडिशा, नागालैंड और मणिपुर।
- मध्य व दक्षिण भारत: छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, तमिलनाडु, कर्नाटक और केरल।
इन सभी क्षेत्रों में 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज झक्कड़ हवाएं चल सकती हैं, जिससे उत्तर भारत में पककर तैयार खड़ी फसलों को भारी नुकसान की आशंका है।
प्रमुख राज्यों और महानगरों में मौसम का हाल
- दिल्ली: राजधानी दिल्ली में 5 से 6 अक्टूबर के बीच भारी बारिश और आंधी का अनुमान है। यहाँ 40 से 50 किमी/घंटा की गति से हवाएँ चल सकती हैं। कल दिल्ली का अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
- उत्तर प्रदेश: मेरठ, आगरा, मथुरा, अलीगढ़, कानपुर, लखनऊ, रायबरेली, गोरखपुर, और जौनपुर समेत कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश का दौर रहेगा। यहाँ 30 से 40 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। लखनऊ में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 23 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज हो सकता है।
- बिहार: पटना, गया, भागलपुर, पूर्णिया, दरभंगा, और मधुबनी समेत कई जिलों में भारी बारिश और वज्रपात की चेतावनी है। पटना में अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 27 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है।
- झारखंड: रांची, पूर्वी सिंहभूम, रामगढ़, हजारीबाग और दुमका में 40 किमी/घंटा की रफ्तार से आंधी के साथ भारी बारिश होगी। रांची का अधिकतम तापमान 29 डिग्री और न्यूनतम 20 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
- उत्तराखंड व हिमाचल प्रदेश: नैनीताल, चमोली, पिथौरागढ़, शिमला, सोलम, और मनाली जैसे पहाड़ी इलाकों में 40 से 50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ भारी बारिश और भूस्खलन का खतरा है। मनाली में न्यूनतम तापमान गिरकर 3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
- पश्चिम बंगाल: कोलकाता, दार्जिलिंग, हावड़ा और मालदा में सबसे खतरनाक स्थिति बन सकती है, जहाँ 60 से 65 किमी/घंटा की तेज रफ्तार से तूफानी हवाएं चलेंगी। कोलकाता में अधिकतम तापमान 34 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहेगा।
- अन्य राज्य: पंजाब, राजस्थान और मध्य प्रदेश के कई जिलों (जैसे जयपुर, भोपाल, जोधपुर, और इंदौर) में भी गरज-चमक के साथ भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है।
प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे इस दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलें और पेड़ों या कमज़ोर संरचनाओं के पास शरण लेने से बचें।

Lalita Rajput
इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।
