दिल्ली में भीषण गर्मी का आगाज़: 39 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचेगा तापमान, लू की आहट ने बढ़ाई चिंता

राजधानी दिल्ली के आसमान से अब आग बरसने वाली है। पिछले कुछ दिनों से मौसम के मिजाज में जो तल्खी देखी जा रही थी, वह अब अपने चरम की ओर बढ़ रही है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताज़ा अनुमानों के अनुसार, आज यानी 15 अप्रैल को दिल्ली और आसपास के इलाकों में तापमान 39 डिग्री सेल्सियस के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर सकता है। यह न केवल इस सीजन का अब तक का सबसे गर्म दिन होने की संभावना है, बल्कि यह समय से पहले आने वाली लू (Heatwave) के स्पष्ट संकेत भी दे रहा है।

दिल्ली की सड़कों पर सुबह से ही सूर्य देव के तीखे तेवरों ने लोगों को परेशान करना शुरू कर दिया है। हवाओं में नमी की कमी और शुष्क पश्चिमी हवाओं के प्रभाव के कारण वातावरण में गर्मी का दबाव लगातार बढ़ रहा है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि वर्तमान में किसी भी सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के अभाव में आसमान पूरी तरह साफ है, जिससे सूर्य की किरणें सीधे धरातल पर पहुंच रही हैं। यही कारण है कि अधिकतम तापमान सामान्य से तीन से चार डिग्री ऊपर रहने की आशंका है।

विशेषज्ञों का मानना है कि दिल्ली के कई पॉकेट, विशेषकर मुंगेशपुर, नजफगढ़ और पीतमपुरा जैसे इलाकों में तापमान आधिकारिक दर्ज आंकड़ों से भी दो-तीन डिग्री अधिक रह सकता है। शहरी इलाकों में कंक्रीट के बढ़ते जंगलों और 'अर्बन हीट आइलैंड' प्रभाव के कारण रातें भी अब उतनी ठंडी नहीं रह गई हैं, जितनी अप्रैल के मध्य में होनी चाहिए। न्यूनतम तापमान में भी क्रमिक बढ़ोत्तरी दर्ज की जा रही है, जो स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से एक बड़ी चुनौती है।

स्वास्थ्य विभाग ने इस बढ़ती तपिश को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विशेष रूप से दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच, जब सूरज की तीव्रता अपने उच्चतम स्तर पर होती है, अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने को कहा गया है। लू के संकेतों के बीच निर्जलीकरण (Dehydration) और हीट स्ट्रोक का खतरा काफी बढ़ गया है। बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह मौसम विशेष रूप से संवेदनशील साबित हो सकता है। डॉक्टरों का सुझाव है कि पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थों का सेवन करें और हल्के सूती कपड़े पहनें।

कानूनी और प्रशासनिक मोर्चे पर, दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) ने भी गर्मी से निपटने के लिए जिला अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं। सार्वजनिक स्थानों पर पीने के पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने और लेबर क्लास के लिए काम के घंटों में लचीलेपन पर विचार करने की आवश्यकता जताई गई है। आने वाले सप्ताह में भी राहत की कोई उम्मीद नज़र नहीं आ रही है। मौसम विभाग का दीर्घकालिक पूर्वानुमान बताता है कि अप्रैल के शेष दिनों में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जो दिल्लीवासियों की अग्निपरीक्षा जैसा होगा।

यह बदलता मौसम केवल एक वार्षिक चक्र नहीं, बल्कि जलवायु परिवर्तन के उन गहरे संकेतों की ओर भी इशारा करता है, जहां गर्मी का सीजन न केवल लंबा होता जा रहा है, बल्कि अधिक घातक भी। दिल्ली की यह तपिश आने वाले मानसून तक इसी तरह लोगों को परेशान कर सकती है।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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