धुंधलाता शहर: फिर बिगड़ी दिल्ली की आबोहवा, 200 के करीब पहुंचा AQI, जानिए आज कितना बढ़ा प्रदूषण?
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार दिल्ली का AQI 166 से 200 के बीच दर्ज किया गया जो मध्यम श्रेणी में आता है।

दिल्ली में इंडिया गेट के पास वायु प्रदूषण के बीच टहलते लोग।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर एक बार फिर बढ़ता हुआ दर्ज किया जा रहा है। उपलब्ध आधिकारिक डेटा के अनुसार दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 166 से 200 के बीच दर्ज किया गया है। वायु गुणवत्ता की इस स्थिति को केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के मानकों के तहत मध्यम (Moderate) श्रेणी में रखा जाता है। हवा की गुणवत्ता में आए इस बदलाव से राजधानी में वायु प्रदूषण के स्तर को लेकर प्रशासनिक और सार्वजनिक स्तर पर निगरानी बढ़ा दी गई है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) द्वारा निर्धारित आधिकारिक वर्गीकरण प्रणाली के अनुसार 0 से 50 के बीच AQI को 'अच्छा', 51 से 100 को 'संतोषजनक' और 101 से 200 के बीच को 'मध्यम' (Moderate) श्रेणी में माना जाता है। 200 के आंकड़े के करीब पहुंचता यह सूचकांक दर्शाता है कि दिल्ली की आबोहवा में धीरे-धीरे सूक्ष्म कणों और प्रदूषक तत्वों का घनत्व बढ़ रहा है। हालांकि 101 से 200 का दायरा सामान्य जनजीवन के लिए अत्यंत खतरनाक श्रेणी में नहीं आता, लेकिन यह हवा के गिरते स्तर का स्पष्ट संकेत देता है।
मौसम में आ रहे बदलाव और मौसमी परिस्थितियों के कारण वायुमंडल में प्रदूषक तत्वों का फैलाव प्रभावित हो रहा है। CPCB और संबंधित पर्यावरण एजेंसियां लगातार विभिन्न क्षेत्रों में बने वायु निगरानी केंद्रों के माध्यम से प्रदूषण के स्तर की रियल-टाइम ट्रैकिंग कर रही हैं। मध्यम श्रेणी में AQI रहने पर आमतौर पर संवेदनशील स्वास्थ्य स्थिति वाले व्यक्तियों और सांस की समस्या से जूझ रहे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी जाती है।
राजधानी में व्यूटी का स्तर 200 के करीब पहुंचना आगामी समय में वायु प्रदूषण प्रबंधन और रोकथाम उपायों के क्रियान्वयन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पर्यावरण विशेषज्ञों और संबंधित विभागों द्वारा वायु गुणवत्ता पर निरंतर नजर रखी जा रही है ताकि स्थिति और खराब होने से रोकी जा सके।

Lalita Rajput
इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।
