स्टैंड-अप कॉमेडियन प्राणित मोरे एक बार फिर विवादों के केंद्र में हैं। गुरुग्राम में आयोजित उनके एक कॉमेडी शो का वायरल वीडियो अब केवल सोशल मीडिया बहस तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कानूनी जांच और राष्ट्रीय स्तर की चर्चा का विषय बन चुका है। बढ़ते विरोध और कार्रवाई के बीच प्राणित मोरे ने दूसरी बार सार्वजनिक रूप से माफी मांगते हुए स्वीकार किया है कि शो के दौरान की गई आपत्तिजनक टिप्पणियों पर उन्होंने समय रहते आपत्ति नहीं जताई, जो उनकी बड़ी चूक थी।

यह पूरा विवाद गुरुग्राम में आयोजित एक क्राउड-वर्क कॉमेडी शो के दौरान शुरू हुआ। शो में दर्शकों से बातचीत करते हुए हिमांशु जांगड़ा नामक एक वेब डेवलपर ने अपने डेटिंग अनुभव का जिक्र किया। बातचीत के दौरान उसने बताया कि उसने एक महिला के लिए 370 रुपये की चिकन बिरयानी खरीदी थी। इसके बाद उसने यह संकेत दिया कि भोजन पर खर्च किए गए पैसों के बदले वह महिला से यौन संबंधों की अपेक्षा कर रहा था। मंच पर मौजूद प्राणित मोरे और हिमांशु जांगड़ा दोनों इस टिप्पणी पर हंसते दिखाई दिए।

शो का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया और देखते ही देखते लोगों ने इसे महिलाओं की सहमति के अधिकार और सम्मान के खिलाफ बताया। आलोचकों का कहना था कि इस तरह की टिप्पणियां न केवल यौन दबाव और जबरदस्ती जैसी मानसिकता को सामान्य बनाने का प्रयास करती हैं, बल्कि महिलाओं की स्वायत्तता और सहमति के महत्व को भी कमतर दिखाती हैं। विवाद और बढ़ गया क्योंकि मंच संचालक होने के बावजूद प्राणित मोरे ने उस वक्त टिप्पणी का विरोध नहीं किया और बातचीत को आगे बढ़ाया।

लगातार बढ़ते विरोध के बीच प्राणित मोरे ने शनिवार को एक नया वीडियो जारी कर अपनी दूसरी सार्वजनिक माफी पेश की। उन्होंने कहा कि वह इस आलोचना और नाराजगी के हकदार हैं। मोरे ने स्वीकार किया कि शो के दौरान दर्शकों की हंसी और माहौल को देखकर वह भी बह गए और स्थिति की गंभीरता को समझ नहीं पाए। उन्होंने कहा कि उस व्यक्ति ने कई अपमानजनक बातें कही थीं, लेकिन वह उसे उसी समय रोक सकते थे और स्पष्ट रूप से अपना विरोध दर्ज करा सकते थे। उनके अनुसार ऐसा न कर पाना उनकी सबसे बड़ी गलती थी और मंच देकर उन्होंने अनजाने में पूरे विवाद को और बढ़ावा दिया।



कॉमेडियन ने उन सभी लोगों से माफी मांगी जो इस घटना से आहत हुए हैं। उन्होंने कहा कि वह एक दूसरा मौका चाहते हैं और भविष्य में उनका काम यह साबित करेगा कि वह एक बेहतर और अधिक जिम्मेदार व्यक्ति बनने का प्रयास कर रहे हैं।

विवाद के बाद मामला कानूनी और प्रशासनिक स्तर तक पहुंच गया है। राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने प्राणित मोरे और हिमांशु जांगड़ा दोनों को तलब किया है। आयोग का मानना है कि वायरल वीडियो में दिखाई गई टिप्पणियां यौन दबाव और गैर-सहमति वाले व्यवहार को बढ़ावा देती प्रतीत होती हैं। वहीं महाराष्ट्र साइबर पुलिस ने भी शो से जुड़े कथित आपत्तिजनक और अश्लील कंटेंट के प्रसार को लेकर मामला दर्ज किया है और जांच शुरू कर दी है।

इस पूरे विवाद का असर हिमांशु जांगड़ा पर भी पड़ा है। वीडियो वायरल होने के बाद उन्हें अपनी नौकरी गंवानी पड़ी। सोशल मीडिया पर व्यापक आलोचना के बीच प्राणित मोरे के सोशल मीडिया अकाउंट भी कुछ समय के लिए निष्क्रिय हो गए थे। इसी शो से जुड़ा एक और वीडियो भी विवादों में आया, जिसमें एमबीबीएस छात्रा सेजल पवार मेडिकल शिक्षा में इस्तेमाल होने वाले शवों को लेकर कथित रूप से अपमानजनक टिप्पणियां करती नजर आईं। इस वीडियो पर भी लोगों ने तीखी प्रतिक्रिया दी। अधिकारियों ने इसे मृतकों की गरिमा के खिलाफ बताया, जिसके बाद सेजल पवार ने भी सार्वजनिक रूप से माफी मांगी।

₹370 बिरयानी विवाद अब केवल एक वायरल क्लिप का मामला नहीं रह गया है। इस घटना ने कॉमेडी की सीमाओं, मंच पर कही जाने वाली बातों की जिम्मेदारी, सहमति के महत्व और सार्वजनिक मंचों पर संवेदनशील विषयों को संभालने के तरीके को लेकर व्यापक बहस छेड़ दी है। प्राणित मोरे की दूसरी माफी के बावजूद यह विवाद लगातार चर्चा में बना हुआ है और आने वाले दिनों में कानूनी जांच तथा सार्वजनिक प्रतिक्रिया इस मामले की दिशा तय कर सकती है।

Manyaa Chaudhary

Manyaa Chaudhary

यह 'प्रातःकाल' में एसोसिएट एडिटर के पद पर हैं। और पिछले दो वर्षों से इन्हें रिपोर्टिंग और इवेंट मैनेजमेंट का अनुभव है। इससे पहले इन्होंने 'स्वदेश न्यूज़ चैनल' में बतौर ट्रेनी रिपोर्टर काम किया है। ये विशेष रूप में मनोरंजन, स्पोर्ट्स, और क्राइम रिपोर्टिंग क्षेत्र में समर्थ हैं। अभी यह जर्नलिज्म की पढाई कर रही हैं।

Next Story