हापुड़: TET उत्तीर्ण शिक्षामित्रों ने उठाई नियमित नियुक्ति की मांग
उत्तराखंड मॉडल की तर्ज पर सहायक अध्यापक बनाने और गैर-TET शिक्षामित्रों के लिए विभागीय परीक्षा कराने हेतु डीएम को सौंपा ज्ञापन।

तस्वीर में शिक्षामित्र एसोसिएशन के सदस्य एक सरकारी परिसर के बाहर खड़े हैं।
हापुड़ (उत्तर प्रदेश)। जनपद हापुड़ में शिक्षामित्र शिक्षक पात्रता (TET/CTET) एसोसिएशन की ओर से महत्वपूर्ण बैठक और ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सरकार, लखनऊ को संबोधित ज्ञापन पत्र जिला अधिकारी हापुड़ को सौंपा। ज्ञापन में TET/CTET उत्तीर्ण शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक पद पर नियमित नियुक्ति प्रदान करने की मांग प्रमुखता से उठाई गई।
शिक्षामित्रों का कहना है कि वे लंबे समय से अल्प मानदेय पर कार्य कर रहे हैं और अब वे पूरी तरह से वैध शिक्षक बनने के लिए आवश्यक सभी पात्रताएं रखते हैं। एसोसिएशन ने ज्ञापन में अपनी मांग के समर्थन में पांच प्रमुख बिंदु रखे हैं।
एसोसिएशन के अनुसार, RTE Act 2009 की धारा 23(1) एवं NCTE अधिनियम के तहत प्राथमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापक के लिए TET/CTET अनिवार्य न्यूनतम अर्हता है। हापुड़ के इन शिक्षामित्रों ने यह पात्रता सफलतापूर्वक पूरी कर ली है।
ज्ञापन में कहा गया है कि माननीय सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेशों में स्पष्ट किया है कि TET/CTET उत्तीर्ण शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक के रूप में समायोजित या नियमित किया जा सकता है। एसोसिएशन ने इसी विधिक सिद्धांत के आधार पर उत्तराखंड मॉडल का भी हवाला दिया। एसोसिएशन के मुताबिक, उत्तराखंड माननीय न्यायालय ने वहां के TET उत्तीर्ण शिक्षामित्रों को नियमित सहायक अध्यापक पद पर नियुक्ति प्रदान की है। इसी मॉडल को उत्तर प्रदेश में भी लागू करने की मांग की गई है।
शिक्षामित्रों ने अपने 20 से 22 वर्षों के शैक्षणिक अनुभव का भी उल्लेख किया। उनका कहना है कि वे पिछले दो दशकों से प्राथमिक शिक्षा व्यवस्था को संभाल रहे हैं, लेकिन इतने लंबे अनुभव के बावजूद उन्हें बहुत ही कम अल्प मानदेय दिया जा रहा है। इससे उनके परिवारों के सामने आर्थिक संकट की स्थिति बनी हुई है।
एसोसिएशन ने उन शिक्षामित्रों के लिए भी मांग रखी है, जो अभी पात्रता परीक्षा पास नहीं कर पाए हैं। ऐसे Non-TET शिक्षामित्रों के लिए विशेष विभागीय TET परीक्षा आयोजित करने की मांग की गई है, ताकि वे भी इस प्रक्रिया का हिस्सा बन सकें।
ज्ञापन के माध्यम से एसोसिएशन ने TET/CTET उत्तीर्ण शिक्षामित्रों की सहायक अध्यापक पद पर नियमित नियुक्ति के साथ Non-TET शिक्षामित्रों के लिए विशेष विभागीय TET परीक्षा आयोजित करने की मांग को सामने रखा है।

Sunil Giri
नाम: सुनील गिरि
वर्तमान पद: जिला संवाददाता
कार्यक्षेत्र: हापुड़ (उत्तर प्रदेश)
बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति एवं जिला स्तर की सभी बीट
विशेषज्ञता: राजनीतिक विश्लेषण, अपराध संबंधी कवरेज और जिला स्तरीय रिपोर्टिंग
परिचय
सुनील गिरि उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले के एक अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह हापुड़ से जिला संवाददाता के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। सुनील गिरि मुख्य रूप से राजनीति और क्राइम (अपराध) से जुड़ी खबरों पर मजबूत पकड़ रखते हैं। राजनीतिक विषयों पर सटीक विश्लेषण करने के साथ-साथ वह जिले की हर छोटी-बड़ी गतिविधि और जनसरोकार के सभी मुद्दों को नियमित रूप से कवर करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव
सुनील गिरि को टीवी, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में 2002 से (20 से अधिक वर्षों का) लंबा और व्यापक अनुभव है। वर्तमान में वह निम्नलिखित प्रमुख मीडिया संस्थानों व न्यूज़ चैनलों के साथ जुड़कर अपनी सेवाएं दे रहे हैं:
- पंजाब केसरी टीवी
- इंडिया डेली 24×7 न्यूज़ चैनल
- MH1 न्यूज़ चैनल
- रॉयल न्यूज़ (वेबसाइट)
- इंडिया पब्लिक खबर (वेबसाइट)
शैक्षणिक योग्यता
उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं (12th Pass) तक पूरी की है। दो दशकों से अधिक समय से हापुड़ जिले में लगातार सक्रिय रहने के कारण क्षेत्र की सामाजिक, प्रशासनिक और राजनीतिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव बहुत गहरा है।
