हापुड़ जिले में हाईवे पर दो लोडर गाड़ियों की जोरदार भिड़ंत में दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों गाड़ियों के परखच्चे उड़ गए। हादसे के बाद हाईवे पर चीख-पुकार मच गई और वाहनों की रफ्तार थम गई। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू कराया।

घटना थाना हाफिजपुर क्षेत्र की है। यहां हाईवे पर दौड़ रही दो लोडर गाड़ियां अचानक आपस में टकरा गईं। टक्कर की तेज आवाज के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। राहगीरों ने तत्काल घटना की जानकारी स्थानीय पुलिस को दी।

सूचना मिलते ही हाफिजपुर थाना पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने क्रेन और स्थानीय लोगों की मदद से गाड़ियों में फंसे दोनों गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों को बाहर निकाला। इसके बाद दोनों घायलों को बिना समय गंवाए इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है। फिलहाल दोनों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है।

पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हाईवे से हटाकर यातायात को सुचारू रूप से चालू कराया। पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी हुई है।

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Sunil Giri

Sunil Giri

नाम: सुनील गिरि

वर्तमान पद: जिला संवाददाता

कार्यक्षेत्र: हापुड़ (उत्तर प्रदेश)

बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति एवं जिला स्तर की सभी बीट

विशेषज्ञता: राजनीतिक विश्लेषण, अपराध संबंधी कवरेज और जिला स्तरीय रिपोर्टिंग

परिचय 

सुनील गिरि उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले के एक अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह हापुड़ से जिला संवाददाता के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। सुनील गिरि मुख्य रूप से राजनीति और क्राइम (अपराध) से जुड़ी खबरों पर मजबूत पकड़ रखते हैं। राजनीतिक विषयों पर सटीक विश्लेषण करने के साथ-साथ वह जिले की हर छोटी-बड़ी गतिविधि और जनसरोकार के सभी मुद्दों को नियमित रूप से कवर करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव

सुनील गिरि को टीवी, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में 2002 से (20 से अधिक वर्षों का) लंबा और व्यापक अनुभव है। वर्तमान में वह निम्नलिखित प्रमुख मीडिया संस्थानों व न्यूज़ चैनलों के साथ जुड़कर अपनी सेवाएं दे रहे हैं:

  • पंजाब केसरी टीवी
  • इंडिया डेली 24×7 न्यूज़ चैनल
  • MH1 न्यूज़ चैनल
  • रॉयल न्यूज़ (वेबसाइट)
  • इंडिया पब्लिक खबर (वेबसाइट)

शैक्षणिक योग्यता

उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं (12th Pass) तक पूरी की है। दो दशकों से अधिक समय से हापुड़ जिले में लगातार सक्रिय रहने के कारण क्षेत्र की सामाजिक, प्रशासनिक और राजनीतिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव बहुत गहरा है।

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