चंदौली में पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन पर जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त चेकिंग के दौरान सम्पूर्ण क्रांति एक्सप्रेस के जनरल कोच से 43 लाख रुपये नकद बरामद किए गए। नकदी एक युवक के पिट्ठू बैग से मिली। युवक रकम से संबंधित कोई वैध दस्तावेज पुलिस को नहीं दिखा सका।

पूछताछ में युवक ने पुलिस को बताया कि वह पटना से दिल्ली जा रहा था। उसके अनुसार, नकदी पहुंचाने के बदले उसे कमीशन मिलता था। 10 लाख रुपये पहुंचाने पर 10 हजार रुपये कमीशन दिए जाते थे। युवक की पहचान बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट निवासी के रूप में बताई गई है।

पुलिस के मुताबिक, इतनी बड़ी रकम के संबंध में युवक कोई संतोषजनक दस्तावेज या वैध स्रोत नहीं बता सका। इसके बाद बरामद 43 लाख रुपये की नकदी को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी गई।

पुलिस को रकम के हवाला कारोबार या अन्य अवैध वित्तीय लेनदेन से जुड़े होने की आशंका है। हालांकि, जांच पूरी होने से पहले बरामद नकदी को हवाला की रकम मानना अंतिम निष्कर्ष नहीं है।

जीआरपी सीओ कुंवर प्रभात सिंह ने बताया कि बरामद रकम के स्रोत और उसे दिल्ली ले जाने के उद्देश्य की जांच की जा रही है। मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है।

Manmohan, Chandauli (Uttar pradesh)

Manmohan, Chandauli (Uttar pradesh)

नाम: मनमोहन

पद: रिपोर्टर (प्रातः काल)

कार्यक्षेत्र: चंदौली (उत्तर प्रदेश)

बीट (मुख्य विषय): क्राइम (अपराध) और प्रशासन

मूलमंत्र: निष्पक्ष, बेबाक और तथ्यपरक पत्रकारिता

परिचय (About Manmohan)

मनमोहन उत्तर प्रदेश के चंदौली क्षेत्र के एक सजग, निडर और समर्पित पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में रिपोर्टर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। मनमोहन मुख्य रूप से क्राइम (अपराध) और स्थानीय प्रशासन से जुड़े मामलों को कवर करते हैं। उनका पत्रकारिता दृष्टिकोण पूरी तरह से "निष्पक्ष, बेबाक और तथ्यपरक" खबरों पर आधारित है, जिससे वे क्षेत्र की जनता के मुद्दों और प्रशासनिक सच्चाई को बिना किसी दबाव के सामने लाते हैं।

पत्रकारिता कौशल एवं अनुभव (Skills & Experience)

मनमोहन को चंदौली जिले के जमीनी मुद्दों, भौगोलिक परिस्थितियों और प्रशासनिक कार्यप्रणाली की गहरी समझ है। अपराध से जुड़ी घटनाओं की सटीक रिपोर्टिंग और प्रशासनिक कमियों व सुधारों को प्रमुखता से उठाना उनकी मुख्य विशेषता है। तथ्यों की गहराई में जाकर खबर की प्रामाणिकता जांचना उनके काम की शैली का हिस्सा है।

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

एम.जे. (M.J. - Master of Journalism): मनमोहन पत्रकारिता में परास्नातक (मास्टर ऑफ जर्नलिज्म) की डिग्री से योग्य हैं। उनकी यह उच्च प्रोफेशनल डिग्री और पत्रकारिता की सैद्धांतिक समझ उन्हें जटिल खबरों का तार्किक विश्लेषण करने और समाज के सामने एक जिम्मेदार मीडिया रिपोर्ट प्रस्तुत करने में सक्षम बनाती है।

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