रीको उदयपुर में औद्योगिक भूखण्डों के डायरेक्ट अलॉटमेंट का 10वां चरण शुरू
राइजिंग राजस्थान के निवेशकों के लिए 117 भूखण्डों का आवंटन, दो क्षेत्रों में दरों में 40 प्रतिशत की कटौती और लचीली लीज नीति का प्रावधान।

उदयपुर। राजस्थान में निवेश की संभावनाओं को पंख देने के उद्देश्य से उदयपुर जिले में रीको द्वारा एक महत्वपूर्ण पहल की गई है, जिसके अंतर्गत 'राइजिंग राजस्थान' शिखर सम्मेलन में एमओयू करने वाले निवेशकों के लिए औद्योगिक भूखण्डों के प्रत्यक्ष आवंटन योजना के दसवें चरण की प्रक्रिया 1 मई से आधिकारिक रूप से प्रारंभ कर दी गई है। रीको द्वारा विकसित विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में आरक्षित मूल्य पर भूखण्ड उपलब्ध कराने की इस योजना में निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए दो विशिष्ट औद्योगिक क्षेत्रों में आवंटन दरों में 40 प्रतिशत तक की भारी कटौती की गई है। इस चरण में कुल 117 औद्योगिक भूखण्डों को आवंटन के लिए रखा गया है, जिसमें औद्योगिक क्षेत्र कलडवास (विस्तार), आमली, सगतपुरा (भीण्डर) और श्रीराम जानकी औद्योगिक क्षेत्र (माल की टूस) के भूखण्ड शामिल हैं।
रीको के अतिरिक्त महाप्रबन्धक अजय पण्ड्या ने योजना की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस प्रत्यक्ष आवंटन प्रक्रिया के तहत औद्योगिक क्षेत्र कलड़वास (विस्तार) में 5, आमली में 63, सगतपुरा (भीण्डर) में 6 तथा श्रीराम जानकी माल की टूस में 43 भूखण्डों का आवंटन किया जाना है। सामाजिक उत्तरदायित्व और समावेशी विकास को प्राथमिकता देते हुए योजना में महिला उद्यमियों के लिए 2 भूखण्ड, भूतपूर्व सैनिकों के लिए 1, बेंचमार्क दिव्यांग जनों के लिए 1 तथा सशस्त्र बलों के शहीदों के आश्रितों के लिए 1 भूखण्ड पृथक से आरक्षित रखा गया है। निवेशकों को आर्थिक संबल प्रदान करने के लिए श्रीराम जानकी माल की टूस और सगतपुरा (भीण्डर) में 'फ्लेक्सिबल लैण्ड लीज पॉलिसी' लागू की गई है, जिसके तहत आवंटन दर की मात्र 60 प्रतिशत राशि पर 33 वर्ष की लीज अवधि के लिए भूमि उपलब्ध कराई जाएगी।
योजना की समय सीमा और प्रक्रिया के अनुसार, इच्छुक निवेशक 1 मई प्रातः 10 बजे से 14 मई सायंकाल 6 बजे तक धरोहर राशि जमा करा सकेंगे। यदि किसी एक भूखण्ड के लिए एक से अधिक आवेदन प्राप्त होते हैं, तो पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु 19 मई को ई-लॉटरी के माध्यम से सफल आवेदकों का चयन किया जाएगा। 'राइजिंग राजस्थान' के तहत 14 मई तक एमओयू करने वाले सभी निवेशक इस स्वर्णिम अवसर का लाभ उठाने के पात्र होंगे। भुगतान प्रक्रिया को लचीला बनाते हुए सफल आवेदकों को 25 प्रतिशत राशि जमा कराने के उपरांत शेष 75 प्रतिशत राशि को 8.50 प्रतिशत ब्याज के साथ 19 त्रैमासिक किश्तों में चुकाने अथवा 120 दिनों के भीतर ब्याज रहित एकमुश्त भुगतान करने की सुविधा दी गई है। विशेष बात यह है कि 25 प्रतिशत राशि जमा होते ही आवंटन पत्र और भूखण्ड का कब्जा तत्काल सौंप दिया जाएगा।
तकनीकी रूप से सुदृढ़ इस प्रक्रिया में आवेदकों की सुविधा के लिए ऑनलाइन आवेदन पोर्टल पर भूखण्डों का 360 डिग्री फोटो व्यू और गूगल लोकेशन लिंक उपलब्ध कराया गया है, ताकि निवेशक स्थल की वास्तविक स्थिति का सटीक आकलन कर सकें। इसके अतिरिक्त, जिला उद्योग एवं वाणिज्य केन्द्र के माध्यम से राज्य सरकार की अन्य प्रोत्साहन योजनाओं का लाभ भी आवेदकों को मिल सकेगा। विस्तृत जानकारी हेतु निवेशक रीको की आधिकारिक वेबसाइट पर लॉग-इन कर सकते हैं या रीको कार्यालय उदयपुर में व्यक्तिगत रूप से संपर्क कर सकते हैं। औद्योगिक विकास की दिशा में रीको का यह कदम न केवल नए निवेश को आकर्षित करेगा बल्कि क्षेत्र में रोजगार सृजन और आर्थिक सुदृढ़ता के नए द्वार भी खोलेगा।

