राजस्थान: राजसमंद में पेंशनर्स का फूटा गुस्सा, महंगाई भत्ता एरियर न मिलने पर जताई नाराजगी
राजसमंद में सेवानिवृत्त कर्मचारी महासंघ ने 2% डीए वृद्धि को अपर्याप्त बताया और बकाया एरियर के तत्काल भुगतान की मांग को लेकर सरकार के खिलाफ रोष जाहिर किया।

राजसमंद। राजस्थान के सरकारी पेंशनर्स में अप्रैल माह की पेंशन के साथ बढ़े हुए महंगाई भत्ते (DA) का एरियर नहीं मिलने के कारण भारी रोष व्याप्त है। राजस्थान राज्य सेवानिवृत्त अधिकारी कर्मचारी महासंघ, जिला शाखा राजसमंद ने इस विसंगति पर कड़ी नाराजगी जताते हुए प्रदेश सरकार के विरुद्ध गहरा आक्रोश प्रकट किया है। महासंघ के संभाग महामंत्री प्रभु गिरि गोस्वामी ने सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि भीषण महंगाई के इस दौर में मात्र 2 प्रतिशत महंगाई भत्ते की वृद्धि ऊंट के मुंह में जीरे के समान है, जिससे पेंशनर्स को कोई वास्तविक राहत नहीं मिल पा रही है।
इस गंभीर मुद्दे पर प्रकाश डालते हुए जिला अध्यक्ष घनश्याम जोशी और महामंत्री सत्यनारायण व्यास ने बताया कि प्रदेश में बड़ी संख्या में ऐसे परिवार हैं जो पूर्णतः पेंशन पर आश्रित हैं। कई अल्प पेंशनभोगी अत्यंत सीमित संसाधनों में अपना गुजर-बसर कर रहे हैं और परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं। इन समस्त पेंशनर्स को यह आशा थी कि बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता और उसका एरियर मिलने से उन्हें आर्थिक रूप से थोड़ी संबल प्राप्त होगी, परंतु भुगतान न होने से उनके सामने संकट खड़ा हो गया है।
महासंघ के जिला संगठन मंत्री राधेश्याम शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष परमेश्वर आचार्य, जिला उपाध्यक्ष राजेंद्र पालीवाल, मंत्री शिवलाल खींची, कोषाध्यक्ष बंशीलाल रांका, शंकर लाल भाटी, प्यारेलाल कुमावत और शिवदास बैरागी सहित अन्य प्रमुख पदाधिकारियों ने इस प्रशासनिक देरी की कड़े शब्दों में निंदा की है। महासंघ ने प्रदेश सरकार से पुरजोर मांग की है कि पूर्व का बकाया और वर्तमान महंगाई भत्ते के एरियर का अविलंब भुगतान सुनिश्चित किया जाए। यह मांग न केवल पेंशनर्स के अधिकारों की रक्षा से जुड़ी है, बल्कि उनके जीवन निर्वाह के लिए अत्यंत आवश्यक है, जिस पर सरकार को तत्काल संज्ञान लेना चाहिए।

