राजस्थान में शिक्षक संघ का आंदोलन 10 जुलाई से, स्थानांतरण और डीपीसी की मांग
राजस्थान पंचायती राज एवं माध्यमिक शिक्षक संघ ने तीन चरणों में प्रदेशव्यापी आंदोलन की घोषणा की, जयपुर में होगा महाआंदोलन।

राजस्थान में शिक्षकों की वर्षों से लंबित मांगों को लेकर अब आंदोलन तेज होने जा रहा है। राजस्थान पंचायती राज एवं माध्यमिक शिक्षक संघ ने 10 जुलाई से चरणबद्ध आंदोलन शुरू करने की घोषणा की है। संगठन की उदयपुर जिला कार्यकारिणी की बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया।
खेरवाड़ा में राजस्थान पंचायती राज एवं माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष (द्वितीय) अरविंद मीणा ने बताया कि संगठन की प्रमुख मांगों में तृतीय श्रेणी शिक्षकों के स्थानांतरण शीघ्र खोले जाना, पिछले छह सत्रों से लंबित डीपीसी प्रक्रिया पूर्ण करना, पे-प्रोटेक्शन के नाम पर की जा रही अनुचित वसूली पर रोक लगाना, शिक्षकों के लिए टीईटी परीक्षा की अनिवार्यता समाप्त करना तथा जर्जर विद्यालय भवनों की मरम्मत और रिक्त पदों पर शीघ्र भर्ती करना शामिल है।
उन्होंने बताया कि आंदोलन के प्रथम चरण में 10 जुलाई (शुक्रवार) को प्रत्येक उपखंड स्तर पर धरना-प्रदर्शन कर उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसके बाद 20 जुलाई (सोमवार) को प्रत्येक जिला मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन एवं ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। वहीं अगस्त माह के प्रथम सप्ताह में जयपुर में प्रदेश स्तरीय महाआंदोलन एवं विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
अरविंद मीणा ने जिले के सभी शिक्षकों से संगठन के आंदोलन में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेकर अपनी एकजुटता प्रदर्शित करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की वर्षों से लंबित मांगों के शीघ्र समाधान के लिए व्यापक भागीदारी आवश्यक है। अब प्रदेशभर में प्रस्तावित यह चरणबद्ध आंदोलन शिक्षकों की मांगों को लेकर सरकार के समक्ष महत्वपूर्ण दबाव बनाने की दिशा में निर्णायक माना जा रहा है।

Dinesh Kumar Jain, Kherwara(Udaipur)
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