प्री.डी.एल.एड. परीक्षा 2026: राजस्थान में एआई आधारित निगरानी के साथ परीक्षा शुरू
वर्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित प्री.डी.एल.एड. परीक्षा में नकल रोकने के लिए पहली बार एआई और सीसीटीवी कैमरों से प्रदेश भर में निगरानी रखी जा रही है।

राजसमन्द। वर्धमान महावीर खुला विश्वविद्यालय, कोटा द्वारा आयोजित वर्ष 2026 की प्री.डी.एल.एड. परीक्षा आज 20 मई, बुधवार को पूरे राजस्थान में आयोजित की जा रही है, जिसमें राजसमन्द के 12 परीक्षा केन्द्रों पर 7512 परीक्षार्थी अपनी किस्मत आजमाएंगे। परीक्षा को पूर्णतः पारदर्शी, निष्पक्ष और नकलमुक्त बनाने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन ने अभूतपूर्व कदम उठाते हुए पहली बार अत्याधुनिक एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) सॉफ्टवेयर का सहारा लिया है। विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. बीएल वर्मा ने परीक्षा की शुचिता सुनिश्चित करने हेतु व्यापक दिशा-निर्देश जारी किए हैं, ताकि योग्य अभ्यर्थियों को निष्पक्ष अवसर मिल सके।
परीक्षा जिला समन्वयक एवं प्राचार्य, सेठ रंगलाल कोठारी राजकीय महाविद्यालय, राजसमन्द ने बताया कि डमी परीक्षार्थियों और नकल माफियाओं पर नकेल कसने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। प्रदेश भर के सभी 887 परीक्षा केन्द्रों को सीसीटीवी कैमरों से लैस किया गया है, जो इंटरनेट के माध्यम से सीधे जयपुर स्थित कमांड सेंटर के सर्वर से जुड़े हैं। जयपुर से इन सभी केंद्रों पर निरंतर निगरानी रखी जा रही है। सुरक्षा के दृष्टिगत सभी परीक्षार्थियों के लिए ड्रेस कोड का पालन अनिवार्य किया गया है।
परीक्षा के समय प्रबंधन को लेकर प्रशासन बेहद सतर्क है। पहली पारी के लिए परीक्षार्थियों को सुबह 7.30 बजे से 8.30 बजे के बीच और दूसरी पारी के लिए दोपहर 1.00 बजे से 2.00 बजे के बीच परीक्षा केन्द्र में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। गेट बंद होने के उपरांत किसी भी स्थिति में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। परीक्षार्थियों को अपने साथ प्रवेश पत्र और मूल आईडी कार्ड लाना अनिवार्य है, इनके अभाव में उन्हें प्रवेश से वंचित होना पड़ेगा। एआई तकनीक का प्रयोग कर परीक्षा की पवित्रता बनाए रखने का यह प्रयास राज्य में शिक्षा तंत्र को अधिक विश्वसनीय और व्यवस्थित बनाने की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है।

