झाड़ोल। बाल दिवस के अवसर पर स्थानीय विद्यानिकेतन उच्च माध्यमिक विद्यालय झाड़ोल में विज्ञान और रचनात्मकता का अद्भुत संगम देखने को मिला। विद्यालय में आयोजित बाल मेले में शिशुवाटिका के भैया-बहनों ने विभिन्न वैज्ञानिक मॉडल प्रदर्शित कर बच्चों में विज्ञान के प्रति जागरूकता और रुचि को उजागर किया।

मेला में बच्चों द्वारा प्रस्तुत मॉडल में पर्यावरण संरक्षण, ऊर्जा स्रोत, जल चक्र, रोबोटिक्स और अन्य आधुनिक विषयों पर आकर्षक प्रेजेंटेशन शामिल थे। छोटे-छोटे वैज्ञानिकों ने अपनी प्रतिभा और कौशल का प्रभावशाली प्रदर्शन किया, जिससे अभिभावक और ग्रामीण द्रष्टा भी मंत्रमुग्ध हो उठे।

बाल मेले का निरीक्षण करने के लिए प्रदुम्मन कुमार कोड़िया, मनीष पुरोहित, नरेश गर्ग, मनीषा जैन, दीपिका पुरोहित और कृष्णगोपाल पालीवाल उपस्थित रहे। विद्यालय के प्रधानाचार्य लाल सिंह शक्तावत ने सभी निरीक्षकों और ग्रामीणों का स्वागत किया और बच्चों की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर विद्यालय के स्टाफ और प्रबंध समिति सदस्य भी मौजूद रहे।

प्रधानाचार्य शक्तावत ने बताया कि शिशुवाटिका की कक्षाओं से ही बच्चों में वैज्ञानिक सोच और नवाचार की परंपरा विकसित होती है। ऐसे आयोजन न केवल बच्चों की रचनात्मक क्षमता को बढ़ावा देते हैं, बल्कि समाज में विज्ञान और शिक्षा के महत्व को भी सामने लाते हैं।

बाल मेले का यह आयोजन क्षेत्र में शिक्षा और बाल विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे बच्चों में नए विचारों और नवाचारों के प्रति उत्साह बढ़ रहा है।

Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau

प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story