ग्रामीण सेवा शिविर बना सहारा: तीन साल से बंद पेंशन दोबारा शुरू होने पर वृद्धजनों के चेहरों पर लौटी मुस्कान
खेरवाड़ा की ग्राम पंचायत ढीकवास में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर में प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन साल और छह माह से बंद दो वृद्धजनों की सामाजिक सुरक्षा पेंशन पुनः शुरू करवाई, जिससे परिवारों में खुशी का माहौल बन गया।

उदयपुर के खेरवाड़ा अंतर्गत ढीकवास ग्राम पंचायत में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर के दौरान अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों द्वारा पात्र वृद्धजनों को पुनः स्वीकृत पेंशन के दस्तावेज सौंपे गए।
पंचायत समिति खेरवाड़ा की ग्राम पंचायत ढीकवास में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर ने दो वृद्धजनों के जीवन में राहत और उम्मीद की नई किरण जगाई। लंबे समय से बंद पड़ी सामाजिक सुरक्षा पेंशन को पुनः प्रारंभ करवाकर प्रशासन ने न केवल उनकी आर्थिक परेशानी दूर की, बल्कि सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन का भी उदाहरण प्रस्तुत किया।
ग्रामीण सेवा शिविर के दौरान प्राप्त शिकायतों पर प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित विभागों के समन्वय से दोनों प्रकरणों का मौके पर ही समाधान किया। शिविर में सामने आया कि एक वृद्ध महिला की सामाजिक सुरक्षा पेंशन जन आधार में आयु संबंधी त्रुटि के कारण पिछले तीन वर्षों से बंद थी। वहीं, एक अन्य वृद्धजन की पेंशन पिछले छह माह से बंद चल रही थी, जिससे उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
शिविर प्रभारी तहसीलदार रेवत राम के निर्देशन में समाज कल्याण विभाग के कनिष्ठ लेखाकार विशाल जोशी ने पंचायत समिति की पेंशन शाखा के साथ समन्वय स्थापित कर दोनों मामलों का परीक्षण कराया। आवश्यक प्रक्रिया पूरी करते हुए दोनों वृद्धजनों की सामाजिक सुरक्षा पेंशन पुनः प्रारंभ कर दी गई।
इस अवसर पर एडीओ रमिला, भाजपा के उपखण्ड स्तरीय शिविर प्रभारी एवं जनप्रतिनिधि जयदीप फड़िया, बाल सिंह, प्रकाश चंद्र, प्रशासक प्रमिला तथा ग्राम विकास अधिकारी विशाल सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
पेंशन पुनः स्वीकृत होने की सूचना मिलते ही दोनों वृद्धजनों और उनके परिजनों के चेहरों पर खुशी झलक उठी। उन्होंने राजस्थान सरकार, पंचायत प्रशासन, समाज कल्याण विभाग तथा ग्रामीण सेवा शिविर के प्रति आभार व्यक्त करते हुए शिविर की सराहना की। ग्रामीणों ने कहा कि ऐसे शिविरों के माध्यम से आमजन की समस्याओं का त्वरित समाधान हो रहा है और पात्र व्यक्तियों तक सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर पहुंच रहा है।
ग्रामीण सेवा शिविर में हुए इस त्वरित समाधान ने यह संदेश भी दिया कि प्रशासनिक तत्परता और विभागीय समन्वय के माध्यम से आम नागरिकों की लंबित समस्याओं का प्रभावी निस्तारण संभव है, जिससे जनकल्याणकारी योजनाओं का वास्तविक लाभ जरूरतमंदों तक पहुंच सके।
फोटो कैप्शन: पेंशन प्रमाण पत्र प्रदान करते अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि।

Dinesh Kumar Jain, Kherwara(Udaipur)
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