सातुड़ी तीज पर खेरोदा में महिलाओं ने श्रद्धा से की तीज माता की पूजा, रखा व्रत
खेरोदा कस्बे में 01 सितंबर 2026 को सातुड़ी तीज का पर्व श्रद्धा और आस्था के साथ मनाया गया। सुहागिन महिलाओं ने नवीन परिधान में तीज माता की पूजा की, व्रत कथा सुनी और शाम को सातू का प्रसाद ग्रहण किया।

तस्वीर में खेरोदा कस्बे में सातुड़ी तीज के अवसर पर पारंपरिक परिधानों मेंजमीन पर बैठीं महिलाएं और पूजा की थाल के साथ पूजा-अर्चना करती हुई नजर आ रही हैं।
खेरोदा कस्बे में 01 सितंबर 2026 को सुहाग के दीर्घायु होने की कामना को लेकर सातुड़ी तीज का पर्व श्रद्धा और आस्था के साथ मनाया गया। इस अवसर पर सुहागिन महिलाओं ने नवीन परिधान एवं आभूषण धारण कर पूजा की थाल सजाई।
शुभ मुहूर्त में महिलाओं ने तीज माता की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और व्रत कथा का श्रवण किया। दिनभर व्रत एवं उपवास रखने के बाद शाम को महिलाओं ने सातू का प्रसाद ग्रहण कर अपना व्रत खोला।
सातुड़ी तीज के अवसर पर खेरोदा कस्बे में महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ पूजा-अर्चना कर पर्व मनाया। पूजा के दौरान महिलाओं की श्रद्धा और आस्था देखने को मिली।

Budhi prakash parashar (Udaipur)
नाम: बुद्धि प्रकाश पाराशर
वर्तमान पद: सीनियर पत्रकार (प्रातःकाल)
कार्यक्षेत्र: कस्बा खेरोदा (तहसील: भींडर, जिला: उदयपुर, राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीति, क्राइम, शिक्षा, प्रशासन, स्वास्थ्य एवं अन्य स्थानीय समाचार
परिचय
बुद्धि प्रकाश पाराशर राजस्थान के उदयपुर जिले के खेरोदा क्षेत्र के एक वरिष्ठ पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से कस्बा खेरोदा, भींडर तहसील और आसपास के ग्रामीण व शहरी इलाकों को कवर करते हैं। उनके कार्यक्षेत्र में स्थानीय राजनीति, कानून-व्यवस्था (क्राइम), शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रशासन और जनहित से जुड़े सभी मुख्य विषय शामिल हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
बुद्धि प्रकाश पाराशर जी को मीडिया क्षेत्र में 30 साल का लंबा और व्यापक अनुभव है:
- वह साल 2000 से लगातार 'प्रातःकाल' समाचार पत्र से जुड़े हुए हैं।
- उन्हें 'राजस्थान पत्रिका' के साथ भी काम करने का लंबा अनुभव रहा है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी शिक्षा स्नातक (Graduate) स्तर तक पूरी की है।
