उदयपुर: विकास के नाम पर 'विनाश' का खोदा गड्ढा! मोड़ी गांव में पाइपलाइन का काम छोड़ ठेकेदार गायब, प्यास और हादसों के बीच घुट रही जिंदगी
उदयपुर जिले के वल्लभनगर स्थित मोड़ी गांव में पाइपलाइन के अधूरे काम ने ग्रामीणों का जीना मुहाल कर दिया है। ठेकेदार की घोर लापरवाही के चलते सड़कें खुदी पड़ी हैं, जिससे आए दिन वाहन गड्ढों में फंस रहे हैं और हादसे का खतरा बना हुआ है। पिछले एक महीने से पानी की सप्लाई पूरी तरह बंद होने से महिलाओं और बुजुर्गों को दूर से पानी लाना पड़ रहा है। आक्रोशित ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़कों की मरम्मत और जलापूर्ति बहाल करने की मांग की है।

उदयपुर: विकास की उम्मीद जब परेशानी का सबब बन जाए, तो आम जनजीवन किस कदर अस्त-व्यस्त होता है, इसका जीता-जागता उदाहरण उदयपुर जिले के वल्लभनगर उपखंड क्षेत्र स्थित मोड़ी गांव में देखने को मिल रहा है। यहाँ प्रशासन और ठेकेदार की घोर लापरवाही के चलते पूरा गांव एक खतरनाक 'एक्सीडेंट जोन' में तब्दील हो चुका है। पाइपलाइन बिछाने के नाम पर शुरू हुआ काम अब ग्रामीणों के लिए गले की फांस बन गया है, जहां खुदी हुई सड़कें और सूखे नल ग्रामीणों की दिनचर्या पर भारी पड़ रहे हैं।
मोड़ी गांव में जलापूर्ति को सुचारू करने के उद्देश्य से पाइपलाइन बिछाने का कार्य शुरू किया गया था, लेकिन ठेकेदार द्वारा अपनाई गई कार्यप्रणाली ने गांव की सूरत बिगाड़ कर रख दी है। जगह-जगह गहरे गड्ढे खोद दिए गए हैं और काम को अधूरा छोड़कर सड़कों को भगवान भरोसे छोड़ दिया गया है। हालात यह हैं कि गांव में आवागमन पूरी तरह से बाधित हो चुका है। सड़कों की इस दुर्दशा के कारण आए दिन वाहन चालक दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। हाल ही में लापरवाही की यह तस्वीर तब और भयावह हो गई जब एक कार सड़क के बीचों-बीच खोदे गए गहरे गड्ढे में बुरी तरह फंस गई। ग्रामीणों की कड़ी मशक्कत के बाद कार को बाहर निकाला जा सका, गनीमत रही कि कोई जनहानि नहीं हुई। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यदि इन जानलेवा गड्ढों को समय रहते नहीं भरा गया, तो किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता।
सड़कों की बदहाली के साथ-साथ ग्रामीणों को भीषण जल संकट का भी सामना करना पड़ रहा है। पाइपलाइन कार्य के चलते पिछले एक महीने से गांव में नलों से पानी की आपूर्ति पूरी तरह ठप है। पानी जैसी मूलभूत आवश्यकता के लिए महिलाओं और बुजुर्गों को भारी संघर्ष करना पड़ रहा है, जिन्हें दूर-दराज के इलाकों से पानी ढोकर लाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने स्पष्ट आरोप लगाया है कि यह पूरी स्थिति ठेकेदार की मनमानी और संवेदनहीनता का परिणाम है। काम अधूरा छोड़ने से न केवल रास्ते अवरुद्ध हुए हैं, बल्कि पेयजल व्यवस्था भी चरमरा गई है। आक्रोशित ग्रामीणों ने स्थानीय प्रशासन से गुहार लगाई है कि ठेकेदार की जवाबदेही तय करते हुए जल्द से जल्द पाइपलाइन का कार्य पूर्ण कराया जाए, जानलेवा गड्ढों को भरा जाए और पेयजल आपूर्ति बहाल की जाए ताकि मोड़ी गांव में जनजीवन सामान्य हो सके।

Ruturaj Ravan
यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।
