देवगढ़ बार एसोसिएशन का आंदोलन उग्र: भीम जेल बंद होने के विरोध में प्रदर्शन
देवगढ़ बार एसोसिएशन का प्रदर्शन नौवें दिन जारी, वकीलों ने थाने पहुंचकर गिरफ्तारी की चुनौती दी, 12 दिनों से न्यायिक कार्य पूरी तरह बाधित।

देवगढ़। भीम में स्थित जेल को बंद किए जाने के निर्णय के विरोध में देवगढ़ बार एसोसिएशन द्वारा चलाया जा रहा आंदोलन गुरुवार को नौवें दिन अत्यंत उग्र हो गया। बार एसोसिएशन की पूर्व निर्धारित रणनीति के अनुसार, सुबह 10 बजे अधिवक्ता न्यायालय परिसर में एकत्रित हुए। इसके पश्चात, सरकार विरोधी नारों का उद्घोष करते हुए वकीलों का एक बड़ा समूह रैली के रूप में देवगढ़ थाना पहुंचा। थाने के बाहर पहुंचकर अधिवक्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया और थाना अधिकारी को स्वयं को गिरफ्तार करने की चुनौती दी। इस आंदोलन के कारण न्यायिक कार्य लगातार 10-12 दिनों से पूर्णतः ठप है, जिसके चलते आमजन को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। पैरवी के अभाव में अपने जरूरी कार्यों के लिए आए लोग निराश होकर वापस लौटने को मजबूर हैं। गिरफ्तारी देने के लिए वरिष्ठ अधिवक्ताओं सहित बड़ी संख्या में वकील थाने पहुंचे थे।
इस संवेदनशील मामले में प्रशासनिक शिथिलता का आलम यह है कि स्थानीय विधायक हरि सिंह रावत द्वारा भीम जेल को शीघ्र पुनः शुरू करने के लिए राज्य सरकार को पत्र लिखे जाने के बावजूद, जिले के आला अधिकारियों ने अब तक कोई गंभीरता नहीं दिखाई है। स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पिछले 12 दिनों से न्यायिक गतिविधियां बाधित हैं, परंतु उच्च अधिकारियों द्वारा बार एसोसिएशन से संवाद स्थापित करने का कोई प्रयास नहीं किया गया है। स्थानीय स्तर पर व्याप्त यह गतिरोध अब एक बड़े प्रशासनिक और न्यायिक संकट की ओर संकेत कर रहा है, जिससे आम जनता के हितों पर सीधा प्रहार हो रहा है।

