फील्ड क्लब गरबा में विवाद; सोने की चैन गायब
फील्ड क्लब में गरबा महोत्सव के दौरान युवक के साथ हाथापाई का मामला सामने आया। विवाद में पीड़ित का चश्मा टूट गया और गले से सोने की चैन गिर गई, पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ जांच शुरू कर दी है।

गरबा रिफरेन्स इमेज
उदयपुर: शहर के अंबामाता थाना क्षेत्र स्थित फील्ड क्लब में आयोजित गरबा महोत्सव के दौरान रविवार रात एक युवक के साथ मारपीट का मामला सामने आया। गरबा खेलने के दौरान हल्की सी हाथ की टकराहट पर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते इतना बढ़ गया कि आरोपी युवक और उसके साथियों ने पीड़ित को कॉलर पकड़कर धक्का दिया, गाली-गलौज की और बुरी तरह पीटा। इस घटना में पीड़ित का चश्मा टूट गया, कुर्ता फट गया और गले में पहनी एक तोले वजनी सोने की चैन भी गिर गई। मामले की शिकायत पीड़ित ने अंबामाता थाने में दर्ज करवाई है।
पुलिस के अनुसार भटवाड़ी मकान नंबर 17 अंबामाता निवासी सरमन दवे पुत्र संजय दवे ने रिपोर्ट में बताया कि 24 सितंबर की रात वह अपने भाई शौर्य दवे, कृतिक्सा चौधरी और अन्य दोस्तों के साथ फील्ड क्लब में गरबा खेलने गया था। करीब रात 10.45 बजे सभी लोग समूह में गरबा खेल रहे थे। इस दौरान अचानक एक युवक की कोहनी उससे टकरा गई। सरमन ने उसे ध्यान से खेलने की सलाह दी, जिस पर बात बिगड़ गई। आरोपी युवक ने सरमन का कॉलर पकड़ लिया और गाली-गलौज करने लगा। देखते ही देखते उसने हाथापाई शुरू कर दी। इसी बीच उसके दो-तीन दोस्त भी वहां आ गए और उन्होंने भी सरमन को मारपीट कर घायल कर दिया।
घटना के दौरान सरमन का चश्मा टूट गया, कुर्ता फट गया और गले में पहनी सोने की चैन भी गिर गई। पीड़ित के मुताबिक, बाउंसर्स और अन्य लोगों ने बीच-बचाव कर किसी तरह स्थिति को शांत कराया। मारपीट करने वाले युवकों के बारे में पूछताछ करने पर उनका नाम सुजीत जैन, उत्सव कुमार और विश्वराज सामने आया। आरोप है कि इन युवकों ने न केवल बेवजह हमला किया, बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी।
घटना के बाद सरमन दवे ने थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज करवाई। अंबामाता थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि नामजद युवकों के खिलाफ जांच की जा रही है और घटना के दौरान सोने की चैन गुम हो जाने की भी पुष्टि हुई है।
फील्ड क्लब में आयोजित गरबा महोत्सव शहर के सबसे बड़े सांस्कृतिक आयोजनों में गिना जाता है, जहां हर साल हजारों की संख्या में लोग पहुंचते हैं। ऐसे आयोजन में हुई यह घटना न केवल पीड़ित और उसके परिजनों के लिए आघातपूर्ण है, बल्कि सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करती है। त्योहारों के अवसर पर भीड़भाड़ वाले स्थलों पर ऐसे विवाद और घटनाएं इस बात की याद दिलाती हैं कि सुरक्षा और अनुशासन बनाए रखना कितना जरूरी है।

Manyaa Chaudhary
यह 'प्रातःकाल' में एसोसिएट एडिटर के पद पर हैं। और पिछले दो वर्षों से इन्हें रिपोर्टिंग और इवेंट मैनेजमेंट का अनुभव है। इससे पहले इन्होंने 'स्वदेश न्यूज़ चैनल' में बतौर ट्रेनी रिपोर्टर काम किया है। ये विशेष रूप में मनोरंजन, स्पोर्ट्स, और क्राइम रिपोर्टिंग क्षेत्र में समर्थ हैं। अभी यह जर्नलिज्म की पढाई कर रही हैं।
