जनगणना 2027: बिनोता-भगवानपुरा में मकान सूचीकरण कार्य की समीक्षा बैठक
तहसीलदार घनश्याम जरवार के निर्देशानुसार पर्यवेक्षकों ने प्रगणकों की कार्य प्रगति का लिया जायजा, तकनीकी बारीकियों और सीएमएमएस पोर्टल के उपयोग पर दिया जोर।

निम्बाहेड़ा। जनगणना 2027 के अंतर्गत चल रहे राष्ट्रव्यापी अभियान की कड़ी में बिनोता-भगवानपुरा क्षेत्र में मकान सूचीकरण एवं मकान गणना कार्य ने गति पकड़ ली है। चार्ज अधिकारी एवं तहसीलदार घनश्याम जरवार के दिशा-निर्देशों के अनुपालन में, 16 मई से 14 जून तक निर्धारित इस प्रथम चरण के कार्यों की सघन निगरानी और प्रगणकों के कार्य निष्पादन का मूल्यांकन करने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जमीनी स्तर पर जनगणना के आंकड़ों की शुद्धता और प्रक्रियात्मक स्पष्टता पर विशेष बल दिया गया।
बैठक का संचालन पर्यवेक्षक दीपक कुमावत, जो प्रधानाचार्य गुडाखेड़ा हैं, तथा व्याख्याता कन्हैयालाल मीणा के नेतृत्व में संपन्न हुआ। इस सत्र में प्रगणक बंशीलाल मेघवाल, भंवरलाल मेघवाल, सुरेश चंद्र वैष्णव, विद्या जटिया, कुम्भाराम भादू, अनुसुइया धाकड़, बापूलाल मीणा, रघुवीर मीणा, लोकेश कुमार जोशी, नीरज कुमार, शुभम पाराशर एवं भूरी मीणा ने सक्रिय रूप से भाग लिया। इन प्रगणकों द्वारा अब तक किए गए कार्यों का विस्तृत अवलोकन किया गया, जिसमें नजरी नक्शा तैयार करने से लेकर मकानों के चिन्हीकरण और गणना की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा की गई।
फील्ड ट्रेनर डॉ. हीरालाल लुहार ने तकनीकी बारीकियों पर प्रकाश डालते हुए कार्मिकों को निर्देशित किया कि वे एचएलओ (HLO) ऐप और सीएमएमएस (CMMS) पोर्टल का उपयोग पूरी सटीकता के साथ करें। उन्होंने आवंटित एचएलबी (HLB) क्षेत्रों में आने वाली चुनौतियों के समाधान और निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए। यह बैठक न केवल कार्य की प्रगति जानने का माध्यम बनी, बल्कि प्रशासनिक दक्षता और त्रुटिहीन डाटा संकलन की प्रतिबद्धता को भी दर्शाती है। जनगणना का यह प्रथम चरण देश के भविष्य की नीति-निर्धारण में आधारशिला के रूप में कार्य करेगा, जिससे बिनोता-भगवानपुरा क्षेत्र के प्रत्येक मकान और परिवार की सटीक गणना सुनिश्चित की जा रही है।

