बैंक लोन हड़पने की साजिश का खुलासा: फर्जी गारंटर बनाकर फायनेंस कंपनी को लगाया लाखों का चूना
उदयपुर जिले के फतहनगर में एक फायनेंस कंपनी को फर्जी गारंटर और नकली दस्तावेजों के जरिए लोन ठगने का मामला उजागर हुआ है। बाबूलाल डांगी और छतरलाल डांगी ने मिलकर किसी अन्य की जमीन दिखाकर 4.10 लाख रुपए का वाहन लोन हड़प लिया। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

उदयपुर। जिले के फतहनगर थाना क्षेत्र में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक फायनेंस कंपनी के अधिकारी ने दो लोगों पर फर्जी दस्तावेज तैयार कर किसी अन्य व्यक्ति की जमीन को दिखाकर डमी खातेदार के माध्यम से बैंक लोन हड़पने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, फतहनगर स्थित एक फायनेंस कंपनी के शाखा प्रबंधक गिरधारी लाल चौधरी ने रिपोर्ट दी कि बाबूलाल डांगी पुत्र परथा डांगी निवासी भोपा कुआं, सांगवा (मावली) ने एक वाहन के लिए 4 लाख 10 हजार रुपए का लोन लिया था। लोन का भुगतान मासिक किश्तों में करने की शर्त पर हुआ था। लोन के लिए गारंटर के रूप में बाबूलाल डांगी ने एक व्यक्ति को प्रस्तुत किया, जिसे उसने शिवलाल डांगी पुत्र मोडा डांगी निवासी गडोली (मावली) बताया।
शाखा प्रबंधक के अनुसार, लोन प्रक्रिया के दौरान बाबूलाल के सहयोगी छतरलाल डांगी निवासी वांगरोदा (मावली) ने उक्त व्यक्ति की पहचान और पते के दस्तावेज जमा कराए तथा “शिवलाल” के नाम से लोन एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर किए। प्रारंभिक दो किश्तें अदा करने के बाद बाबूलाल ने भुगतान बंद कर दिया। जब कंपनी के कर्मचारी बकाया किश्तों की जानकारी के लिए गारंटर बताए गए शिवलाल के घर पहुंचे तो उसने लिखित में बयान दिया कि उसने किसी भी लोन की गारंटी नहीं दी है और आवेदन पत्र में लगी तस्वीर भी उसकी नहीं है।
जांच में खुलासा हुआ कि जिस व्यक्ति को गारंटर बताया गया था, वह असली शिवलाल नहीं बल्कि छतरलाल डांगी ही था, जिसने फर्जी पहचान के आधार पर कागजात जमा करवाए थे। इस तरह बाबूलाल डांगी ने छतरलाल व अन्य लोगों से मिलीभगत कर कंपनी को धोखा दिया, नकली दस्तावेज प्रस्तुत किए और लोन की राशि हड़प ली। बाद में उसने वाहन को भी खुद-बुर्द कर दिया।
फतहनगर पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और फर्जीवाड़े के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि फर्जी दस्तावेज तैयार करने में और कौन-कौन शामिल थे तथा वाहन का क्या हुआ।
यह मामला न केवल वित्तीय संस्थानों की सुरक्षा प्रणाली पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि फर्जी पहचान और दस्तावेजों के माध्यम से किस तरह से संगठित तरीके से लोन घोटाले को अंजाम दिया जा सकता है।
- उदयपुर लोन धोखाधड़ीफतहनगर पुलिस केसफर्जी गारंटर मामलाबाबूलाल डांगी उदयपुरछतरलाल डांगी मावलीफायनेंस कंपनी धोखाधड़ीबैंक लोन फर्जीवाड़ा राजस्थानवाहन लोन फ्रॉड केसउदयपुर समाचारराजस्थान क्राइम न्यूजबैंकिंग फ्रॉड उदयपुरफर्जी दस्तावेज लोन केसउदयपुर पुलिस जांचफतहनगर थाना उदयपुरLoan fraud UdaipurFake guarantor case RajasthanFinance company scamBabulal Dangi loan fraudRajasthan crime newsFake document loan scam"

Pratahkal Bureau
प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
