रजिस्ट्री के बाद अब स्वत: होगा नामांतरण, राज्य सरकार ने बदला नियम, अटकी हजारों फाइलों को मिलेगी राहत
राज्य सरकार ने 27 मई 2025 का नियम वापस लेकर रजिस्ट्री के बाद स्वत: नामांतरण की व्यवस्था फिर लागू कर दी है, जिससे लंबित फाइलों और आमजन को राहत मिलेगी।

राज्य सरकार ने जमीन खरीदने वाले लोगों को बड़ी राहत देते हुए कृषि भूमि सहित अन्य जमीनों के बंटवारे (परिवारजन के नाम) और बेचान (अन्य व्यक्तियों के नाम) के बाद होने वाले नामांतरण को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। अब रजिस्ट्री होते ही स्वत: नामांतरण मंजूर हो जाएगा।
भाजपा के वरिष्ठ नेता पारस जैन ने बताया कि राज्य सरकार ने 27 मई 2025 को लागू किए गए उस नियम को वापस ले लिया है, जिसके तहत रजिस्ट्री के बाद स्वत: नामांतरण की प्रक्रिया पर रोक लगा दी गई थी। उन्होंने बताया कि स्वत: नामांतरण प्रक्रिया बंद होने से आमजन को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। राजस्व मंत्री तक पहुंची हजारों शिकायतों के बाद राज्य सरकार ने यह निर्णय लिया है।
राजस्व विभाग ने आमजन की सुविधा के लिए नामांतरण की प्रक्रिया को ऑनलाइन कर दिया था, लेकिन वर्ष 2025 में स्वत: नामांतरण की व्यवस्था बंद होने के बाद पटवारी और तहसीलदार स्तर पर हजारों नामांतरण की फाइलें लंबित हो गई थीं। नामांतरण को ऑनलाइन स्वीकृत करने के लिए एक "लॉक सिस्टम" लागू है, जिसका ओटीपी तहसीलदार के पास आता है। आरोप है कि तहसीलदार और नायब तहसीलदार स्तर पर इस प्रक्रिया को लंबे समय तक लंबित रखा जाता था, जिससे हजारों फाइलें अटक गईं।
राजस्व विभाग में भूमि नामांतरण से जुड़े कार्यों में सर्वाधिक भ्रष्टाचार होने की बात भी सामने आती रही है। इसके कारण आमजन को पटवारियों के चक्कर लगाने पड़ते थे और उन्हें लगातार परेशानियों का सामना करना पड़ता था। राज्य सरकार के इस नए आदेश के बाद जहां भ्रष्टाचार पर लगाम लगने की उम्मीद जताई जा रही है, वहीं दूसरी ओर रजिस्ट्री के बाद स्वत: नामांतरण की व्यवस्था बहाल होने से जनता को बड़ी राहत मिलने की संभावना है।

Dharnendra Jain( Kherwara)
नाम: धरणेन्द्र जैन
वर्तमान पद: सीनियर रिपोर्टर (प्रातः काल दैनिक, खेरवाड़ा विधानसभा)
कार्यक्षेत्र: खेरवाड़ा विधानसभा क्षेत्र (खेरवाड़ा, ऋषभदेव, और नयागांव उपखंड क्षेत्र, जिला उदयपुर, राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): राजनीति, क्राइम, प्रशासन सहित सभी क्षेत्रों की खबरें
अनुभव: 30 वर्ष से अधिक
परिचय
धरणेन्द्र जैन उदयपुर जिले के खेरवाड़ा विधानसभा क्षेत्र के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल दैनिक' में सीनियर रिपोर्टर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। वह मुख्य रूप से खेरवाड़ा, ऋषभदेव और नयागांव उपखंड क्षेत्र को कवर करते हैं। धरणेन्द्र जैन राजनीति, क्राइम, स्थानीय प्रशासन सहित क्षेत्र के सभी प्रमुख विषयों पर नियमित रूप से समाचार लिखते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
धरणेन्द्र जैन को पत्रकारिता के क्षेत्र में तीन दशकों (30 वर्ष) से अधिक का व्यापक और लंबा अनुभव है:
- वह साल 1995 से पत्रकारिता क्षेत्र में निरंतर कार्यरत हैं।
- उन्होंने वर्ष 1998 से 2018 तक लगातार 20 वर्षों तक 'दैनिक भास्कर' में खेरवाड़ा विधानसभा क्षेत्र के लिए सीनियर रिपोर्टिंग की है।
- वर्ष 2018 से वह लगातार 'प्रातः काल' समाचार पत्र से जुड़े हुए हैं और क्षेत्र की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने वाणिज्य स्नातक (B.Com) की डिग्री हासिल की है।
