इंदौर में पश्चिमी क्षेत्रीय पुलिस समन्वय समिति की बैठक, साइबर अपराध और अंतरराज्यीय सुरक्षा पर बना साझा रोडमैप
मध्यप्रदेश के इंदौर में आयोजित 13वीं वेस्टर्न रीजनल पुलिस कोऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक में राजस्थान के डीजीपी श्री राजीव कुमार शर्मा सहित कई राज्यों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने साइबर अपराध, अंतरराज्यीय समन्वय, गुमशुदा बच्चों की खोज, नारकोटिक्स नियंत्रण और तकनीक आधारित पुलिसिंग पर विस्तृत मंथन किया।

तस्वीर में इंदौर में आयोजित 13वीं वेस्टर्न रीजनल पुलिस कोऑर्डिनेशन कमेटी (WRPCC) की बैठक में भाग लेते अधिकारी नजर आ रहे हैं।
मध्यप्रदेश के इंदौर स्थित ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में शुक्रवार को आयोजित 13वीं वेस्टर्न रीजनल पुलिस कोऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक में राजस्थान के महानिदेशक पुलिस श्री राजीव कुमार शर्मा ने भाग लिया। बैठक में मध्यप्रदेश के पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाना और गोवा के पुलिस महानिदेशक श्री आलोक कुमार सहित विभिन्न राज्यों के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, पुलिस महानिरीक्षक एवं अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ऑफलाइन और ऑनलाइन माध्यम से जुड़े। इस दौरान अंतरराज्यीय सहयोग एवं समन्वय के माध्यम से अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों पर व्यापक विचार-विमर्श किया गया।
राजस्थान पुलिस की ओर से महानिदेशक पुलिस श्री राजीव कुमार शर्मा के साथ अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (कानून एवं व्यवस्था) श्री वी.के. सिंह, पुलिस महानिरीक्षक श्रीमती के.बी. वंदना तथा चित्तौड़गढ़ के पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने बैठक में सहभागिता की। अधिकारियों ने विभिन्न विषयों पर अपने सुझाव प्रस्तुत किए और समसामयिक पुलिसिंग से जुड़े मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की।
बैठक के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने कई महत्वपूर्ण विषयों पर प्रस्तुतियां दीं। इनमें बड़े धार्मिक आयोजनों की सुरक्षा और प्रभावी पुलिस प्रबंधन, गुमशुदा बच्चों की खोज में अपनाए जा रहे नवाचार, साइबर अपराधों के पीछे मौजूद इन्फ्रास्ट्रक्चर को ध्वस्त करने की रणनीति, आपराधिक न्याय प्रणाली में आधुनिक तकनीक एवं डिजिटल समाधानों के उपयोग तथा नारकोटिक्स ड्रग्स की बढ़ती चुनौती से निपटने के उपाय शामिल रहे। प्रत्येक प्रस्तुति के बाद सहभागी राज्यों के अधिकारियों ने अपने अनुभव साझा किए और विषयवार सुझाव भी दिए।
महानिदेशक पुलिस श्री राजीव कुमार शर्मा ने बैठक में राजस्थान पुलिस द्वारा साइबर अपराध नियंत्रण, तकनीक आधारित पुलिसिंग, कानून-व्यवस्था प्रबंधन, अपराध नियंत्रण तथा अंतरराज्यीय समन्वय के क्षेत्र में किए जा रहे विभिन्न नवाचारों और प्रभावी प्रयासों की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि नवीन आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन के साथ विभिन्न राज्यों के बीच अनुभवों का आदान-प्रदान, समन्वित रणनीति और आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग भविष्य की चुनौतियों से निपटने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
बैठक में पुलिस महानिदेशक स्तर के अधिकारियों ने अंतरराज्यीय अपराधों की रोकथाम, संगठित अपराध एवं साइबर अपराध के विरुद्ध समन्वित कार्रवाई, खुफिया सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान, आधुनिक तकनीकों के अधिकतम उपयोग तथा विभिन्न राज्यों के पुलिस बलों के बीच सहयोग को और मजबूत बनाने पर विस्तार से चर्चा की। साथ ही विभिन्न राज्यों में अपनाई जा रही श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों को साझा करते हुए उन्हें अन्य राज्यों में भी अपनाने पर सहमति व्यक्त की गई।
समापन सत्र में प्रतिभागी राज्यों के अधिकारियों ने अन्य समसामयिक विषयों पर भी विचार-विमर्श किया। इसके साथ ही पश्चिमी क्षेत्र में पुलिस सहयोग को और अधिक प्रभावी बनाने, साझा कार्ययोजना तैयार करने तथा आगामी समन्वय बैठक के आयोजन से जुड़े विषयों पर भी मंथन किया गया। बैठक में अंतरराज्यीय समन्वय, तकनीक आधारित पुलिसिंग और साझा रणनीति को भविष्य की सुरक्षा चुनौतियों से प्रभावी ढंग से निपटने का महत्वपूर्ण आधार माना गया।

Vikas Chawada (Udaipur)
नाम: विकास चावड़ा
वर्तमान पद: संवाददाता (दैनिक प्रातःकाल, फतहनगर क्षेत्र)
कार्यक्षेत्र: फतहनगर, तहसील: मावली, जिला: उदयपुर (राजस्थान)
अनुभव: साल 2020 से लगातार सक्रिय
बीट और मुख्य विषय
- स्थानीय समाचार: तहसील मावली के विभिन्न गांवों सहित फतहनगर-सनवाड़ पालिका क्षेत्र के स्थानीय समाचारों की नियमित कवरेज।
- राजनैतिक एवं क्राइम: क्षेत्र की राजनीतिक हलचल, कानून-व्यवस्था और अपराध से जुड़ी घटनाओं की रिपोर्टिंग।
- जन समस्याएं व समसामयिक विषय: स्थानीय नागरिकों की समस्याएं, बुनियादी सुविधाएं और समसामयिक मुद्दों पर नियमित लेखन व रिपोर्टिंग।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
हायर सेकेंडरी
