पश्चिम एशिया में युद्ध के छाए बादल; जानें पीएम मोदी ने देशवासियों से आखिर क्यों की अपील ?
पीएम मोदी ने हैदराबाद में 9377 करोड़ की परियोजनाओं का उद्घाटन किया और ऊर्जा संकट के बीच नागरिकों से पेट्रोल-डीजल के संयम से इस्तेमाल की अपील की.

हैदराबाद में आयोजित विकास परियोजनाओं के लोकार्पण समारोह के दौरान जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।
PM Modi Hyderabad visit 2026 : पश्चिम एशिया में गहराते युद्ध के संकट और अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत की ऊर्जा सुरक्षा को लेकर एक अत्यंत महत्वपूर्ण संदेश दिया है। रविवार, 10 मई 2026 को तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद में 9,377 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण करते हुए प्रधानमंत्री ने देशवासियों से पेट्रोलियम उत्पादों के उपयोग में अत्यधिक सावधानी और संयम बरतने का आह्वान किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि वैश्विक उथल-पुथल के इस दौर में भारत के लिए अपने ऊर्जा संसाधनों का विवेकपूर्ण प्रबंधन करना अनिवार्य हो गया है, क्योंकि देश अपनी ईंधन जरूरतों का एक बड़ा हिस्सा आयात के जरिए पूरा करता है। प्रधानमंत्री का यह संबोधन ऐसे समय में आया है जब वैश्विक तेल आपूर्ति श्रृंखला युद्ध की वजह से गंभीर दबाव में है और भारत ऊर्जा संकट की आहट को महसूस कर रहा है।
प्रधानमंत्री मोदी ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि आज समय की मांग है कि पेट्रोल, डीजल और गैस का उपयोग केवल आवश्यकतानुसार ही किया जाए। उन्होंने जोर देकर कहा कि ईंधन की बचत न केवल देश की विदेशी मुद्रा को सुरक्षित करेगी, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चल रहे युद्ध के आर्थिक दुष्प्रभावों को कम करने में भी मदद करेगी। प्रधानमंत्री ने इस दौरान वैकल्पिक ऊर्जा की दिशा में भारत की प्रगति का रोडमैप पेश करते हुए बताया कि सरकार सौर ऊर्जा और पेट्रोल में एथेनॉल मिश्रण को प्राथमिकता दे रही है, ताकि विदेशी तेल पर निर्भरता को कम किया जा सके। प्रधानमंत्री के अनुसार, भारत आज नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में दुनिया का नेतृत्व कर रहा है और रिफॉर्म्स एक्सप्रेस के माध्यम से अपनी बुनियादी ढांचागत शक्ति को आधुनिक बना रहा है।
हैदराबाद में आयोजित इस गरिमामयी समारोह के दौरान प्रधानमंत्री ने रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण कई परियोजनाओं का उद्घाटन किया, जिसमें हैदराबाद-पनजी आर्थिक कॉरिडोर और काजीपेट-विजयवाड़ा रेलवे मल्टी-ट्रैकिंग परियोजना शामिल हैं। विशेष रूप से उन्होंने हैदराबाद में एक ग्रीनफील्ड पेट्रोलियम, ऑयल एंड लुब्रिकेंट (POL) टर्मिनल का लोकार्पण किया, जो क्षेत्रीय ऊर्जा वितरण को सुदृढ़ करेगा। इसके साथ ही वारंगल में करीब 1,700 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 'काकतिया मेगा टेक्सटाइल पार्क' का भी उद्घाटन किया गया, जो केंद्र सरकार के '5F' विजन—फार्म टू फाइबर टू फैक्ट्री टू फैशन टू फॉरेन—के तहत विकसित पहला पूर्ण कार्यात्मक पीएम मित्रा पार्क है।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन के समापन में भारत की ऊर्जा विविधता और आत्मनिर्भरता पर ध्यान केंद्रित करते हुए कहा कि सरकार सस्ती पाइप्ड गैस (PNG) और CNG आधारित इकोसिस्टम का विस्तार कर रही है ताकि हर नागरिक तक सस्ता और सुलभ ईंधन पहुंच सके। वैश्विक संकट की इस घड़ी में प्रधानमंत्री का यह संदेश केवल एक सरकारी अपील नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है, जो यह दर्शाता है कि आगामी महीनों में भारत को अपनी ऊर्जा नीतियों और उपभोग के पैटर्न में बड़े बदलाव करने पड़ सकते हैं।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
