प्लेटिनम की कीमतों में भारी उछाल; जानें देश के प्रमुख शहरों में कितने बढ़े दाम ?
वैश्विक स्तर पर बढ़ती औद्योगिक मांग के बीच दिल्ली, मुंबई और लखनऊ समेत देश के बड़े सराफा बाजारों में 10 ग्राम प्लेटिनम का भाव ₹59,810 के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा।

वैश्विक बाजारों में कैटेलिटिक कनवर्टर और हाइब्रिड वाहनों के निर्माण में बढ़ी औद्योगिक मांग के कारण रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचे मूल्यवान धातु प्लेटिनम के चमकीले बार।
Platinum rates in India today 2026 : वैश्विक अर्थव्यवस्था में बहुमूल्य धातुओं की मांग में आ रहे रणनीतिक बदलाव और अंतरराष्ट्रीय भू-राजनीतिक समीकरणों के बीच भारतीय सराफा बाजार में एक अत्यंत चौंकाने वाला और ऐतिहासिक घटनाक्रम सामने आया है। भारत के वित्तीय और औद्योगिक गलियारों में उस समय हलचल मच गई, जब देश के सभी प्रमुख महानगरों और बड़े व्यापारिक केंद्रों में प्लेटिनम यानी सफेद सोने की कीमतों में एक अप्रत्याशित और एकसमान उछाल दर्ज किया गया। इस अभूतपूर्व मूल्य वृद्धि ने न केवल आभूषण प्रेमियों बल्कि कमोडिटी बाजार के बड़े संस्थागत निवेशकों को भी गहरे हैरत में डाल दिया है। आमतौर पर अलग-अलग राज्यों के स्थानीय टैक्स, परिवहन लागत और चुंगी दरों के कारण देश के विभिन्न शहरों में कीमती धातुओं के भाव में मामूली अंतर देखा जाता है, लेकिन आज के कारोबारी सत्र ने एक नया इतिहास रचते हुए उत्तर से लेकर पश्चिम और पूर्वी भारत के तमाम बड़े बाजारों को एक ही मूल्य सूचकांक पर ला खड़ा किया है।
इस बड़े बाजार घटनाक्रम के अंतर्गत जारी किए गए आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, देश के दस सबसे बड़े सर्राफा हब में प्लेटिनम के भाव एक समान ऊंचाई पर ट्रेंड कर रहे हैं। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली सहित देश की आर्थिक राजधानी मुंबई के थोक व खुदरा बाजारों में आज प्लेटिनम का भाव प्रति 1 ग्राम के लिए 5,981 रुपये के सर्वकालिक उच्च स्तर पर दर्ज किया गया। कमोडिटी बाजार के जानकारों के अनुसार, इस मूल्य वृद्धि के बाद देश के प्रमुख शहरों में 10 ग्राम प्लेटिनम की कीमत 59,810 रुपये पर पहुंच गई है, जबकि बड़े निवेशकों और औद्योगिक खरीदारों के लिए 100 ग्राम प्लेटिनम का कुल मूल्य बढ़कर 5,98,100 रुपये के नए रिकॉर्ड स्तर को छू चुका है। देश के भौगोलिक और व्यापारिक रूप से भिन्न बाजारों में कीमतों की यह अभूतपूर्व समानता यह दर्शाती है कि घरेलू स्तर पर इस कीमती धातु की री-प्राइसिंग को लेकर कोई बहुत बड़ा केंद्रीय आर्थिक कारक काम कर रहा है।
यदि क्षेत्रीय स्तर पर इस मूल्य सूचकांक के फैलाव का बारीकी से विश्लेषण किया जाए, तो उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ और औद्योगिक शहर मेरठ से लेकर पंजाब के प्रमुख व्यापारिक केंद्र लुधियाना तक यही समान दरें लागू देखी गईं। वहीं पश्चिमी और मध्य भारत के सबसे सक्रिय सराफा बाजारों, जिनमें राजस्थान का जयपुर शहर और गुजरात का प्रमुख कारोबारी केंद्र अहमदाबाद शामिल हैं, वहां भी निवेशकों को इसी उच्च कीमत पर लेन-देन करना पड़ा। पूर्वी भारत के सबसे बड़े स्वर्ण और धातु बाजार कोलकाता सहित बिहार की राजधानी पटना और महाराष्ट्र के प्रमुख औद्योगिक व आईटी हब पुणे में भी प्लेटिनम की कीमतें प्रति 100 ग्राम के लिए ठीक 5,98,100 रुपये पर ही टिकी रहीं। बाजार के विश्लेषक इस बात को लेकर चकित हैं कि इतने बड़े भौगोलिक दायरे और स्थानीय लेवी व्यवस्थाओं के बावजूद दरों का यह सेंट्रलाइजेशन भारतीय कमोडिटी एक्सचेंजों पर अंतरराष्ट्रीय स्पॉट कीमतों के सीधे और कड़े प्रभाव को पूरी तरह उजागर करता है।
इस मूल्य वृद्धि के आधिकारिक, वैधानिक और विनियामक पहलुओं पर नजर डालें तो प्लेटिनम की कीमतों का यह निर्धारण सीधे तौर पर मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) और लंदन प्लेटिनम एंड पैलेडियम मार्केट (LPPM) के नियमों व विनियमों के तहत संचालित होता है। लीगल टेंडर और बुलियन एसोसिएशन के विनियामक ढांचे के अनुसार, ऑटोमोबाइल सेक्टर में पर्यावरण अनुकूल हाइब्रिड वाहनों के निर्माण और हाइड्रोजन फ्यूल सेल तकनीक में कैटेलिटिक कनवर्टर के रूप में प्लेटिनम की औद्योगिक मांग अंतरराष्ट्रीय बाजार में अचानक बहुत तेजी से बढ़ी है। चूंकि भारत अपनी कुल आवश्यकता का एक बहुत बड़ा हिस्सा विदेशों से आयात करता है, इसलिए सीमा शुल्क (कस्टम ड्यूटी) और अंतरराष्ट्रीय विनिमय दरों में होने वाले नीतिगत बदलावों का सीधा असर घरेलू खुदरा दरों पर पड़ता है, जिससे देश के सभी प्रमुख डिलीवरी केंद्रों पर एक समान बेंचमार्क प्राइसिंग लागू हो जाती है।
सराफा उद्योग के रणनीतिक दृष्टिकोण से प्लेटिनम की कीमतों में आई इस भारी तेजी का असर आने वाले समय में पारंपरिक सोने और चांदी के बाजार पर भी पड़ना पूरी तरह से तय माना जा रहा है। विवाह और आगामी त्योहारों के सीजन से ठीक पहले आई इस तेजी के कारण उच्च मध्यम वर्ग और युवा खरीदारों के बजट पर सीधा असर पड़ेगा, जो पिछले कुछ समय से सोने के विकल्प के रूप में प्लेटिनम के आधुनिक आभूषणों की तरफ तेजी से आकर्षित हो रहे थे। बहरहाल, देश के सभी प्रमुख शहरों में प्लेटिनम की कीमतों का 60 हजार रुपये प्रति दस ग्राम के मनोवैज्ञानिक स्तर के बेहद करीब पहुंच जाना यह साफ संकेत देता है कि वैश्विक अनिश्चितताओं के इस दौर में निवेशक अब कागजी मुद्रा के बजाय प्लेटिनम जैसी दुर्लभ और औद्योगिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण धातु को एक सुरक्षित और टिकाऊ निवेश माध्यम मान रहे हैं, जिससे आने वाले दिनों में इसकी कीमतों में और अधिक आक्रामकता देखने को मिल सकती है।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
