NEET Re-Exam: पेपर लीक के बाद अब आसमान से होगी सुरक्षा, जानें कैसे वायुसेना संभालेगी अभेद्य कमान|
पेपर लीक विवाद के बाद होने वाली दोबारा परीक्षा के लिए भारतीय वायुसेना प्रश्न पत्रों की सुरक्षा और परिवहन का जिम्मा संभालेगी।

नीट परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में तख्तियां लेकर प्रदर्शन करते और नारेबाजी करते विभिन्न छात्र।
देश की सबसे प्रतिष्ठित चिकित्सा प्रवेश परीक्षा नीट यूजी के आयोजन को लेकर केंद्र सरकार और तमाम राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियां इस बार किसी भी प्रकार की कोताही बरतने के मूड में नहीं हैं। पूर्व में लगे पेपर लीक के गंभीर आरोपों के बाद रद्द हुई मूल परीक्षा के दृष्टिगत, इस बार आगामी री-एग्जाम को पूरी तरह से निष्पक्ष, पारदर्शी और अभेद्य बनाने के लिए एक अभूतपूर्व रणनीतिक कदम उठाया गया है। रक्षा विभाग के उच्च पदस्थ आधिकारिक सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस अत्यंत संवेदनशील परीक्षा के प्रश्न पत्रों को देश के कोने-कोने तक सुरक्षित और समय पर पहुंचाने की महत्वपूर्ण लॉजिस्टिकल जिम्मेदारी भारतीय वायुसेना को सौंपी गई है। वायुसेना की इस प्रत्यक्ष भागीदारी से स्पष्ट है कि राष्ट्रीय स्तर पर इस परीक्षा की सुचिता बहाल करना इस समय प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बन चुका है।
भारतीय वायुसेना परीक्षा से जुड़े गोपनीय पैकेटों और प्रश्न पत्रों को हवाई मार्ग के जरिए देश भर में निर्धारित मुख्य वितरण केंद्रों तक सुरक्षित रूप से पहुंचाएगी, ताकि जमीनी परिवहन के दौरान होने वाले किसी भी संभावित खतरे या लीक की गुंजाइश को पूरी तरह से समाप्त किया जा सके। इसके अतिरिक्त, देश के सशस्त्र बलों को भी पूरी तरह से मुस्तैद रखा गया है ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति या अतिरिक्त लॉजिस्टिकल सहायता की आवश्यकता पड़ने पर तत्काल मोर्चा संभाला जा सके। पूर्व की घटनाओं से सबक लेते हुए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) और शिक्षा मंत्रालय ने संयुक्त रूप से एक ऐसी त्रिस्तरीय सुरक्षा प्रणाली तैयार की है, जिसमें अत्याधुनिक तकनीक के साथ-साथ सैन्य स्तर की सतर्कता को भी समाहित किया गया है।
आगामी समय सारणी और परीक्षा के स्वरूप की बात करें तो यह दोबारा परीक्षा भारत के ५५१ शहरों और विदेशों के १४ महत्वपूर्ण केंद्रों पर एक साथ आयोजित की जाएगी। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा जारी सार्वजनिक अधिसूचना के मुताबिक, परीक्षा का माध्यम पारंपरिक पेन-और-पेपर मोड ही रहेगा, जिसका समय दोपहर २:०० बजे से शाम ५:१५ बजे तक निर्धारित किया गया है। परीक्षा के सुचारू संचालन को सुनिश्चित करने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाते हुए एजेंसी ने सभी पंजीकृत उम्मीदवारों के लिए आधिकारिक वेबसाइट पर सिटी इंटीमेशन स्लिप भी लाइव कर दी है, जिसके माध्यम से छात्र अपने आवंटित परीक्षा शहर की अग्रिम जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
वैधानिक और प्रशासनिक स्पष्टीकरण देते हुए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने अपने आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया है कि वर्तमान में जारी की गई सिटी इंटीमेशन स्लिप को उम्मीदवार अपना मुख्य एडमिट कार्ड (प्रवेश पत्र) समझने की भूल न करें। यह स्लिप केवल कानूनन और प्रशासनिक रूप से छात्रों की सुविधा के लिए जारी की गई है ताकि वे समय रहते अपनी यात्रा और ठहरने की व्यवस्था सुनिश्चित कर सकें। एजेंसी ने यह भी जोड़ा कि नियमों के तहत एडमिट कार्ड उचित समय पर अलग से जारी किए जाएंगे और पारदर्शी प्रक्रिया का पालन करते हुए प्रत्येक परीक्षार्थी को उनकी पहली प्राथमिकता वाला शहर आवंटित करने का पूरा प्रशासनिक प्रयास किया गया है।
इस समूचे सुरक्षा बंदोबस्त और रणनीतिक बदलाव का महत्व केवल एक परीक्षा के आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देश की संपूर्ण प्रतियोगी परीक्षा प्रणाली के प्रति आम जनता और छात्रों के डिगे हुए विश्वास को पुनः बहाल करने का एक निर्णायक प्रयास है। भारतीय वायुसेना जैसी प्रतिष्ठित संस्था का इस प्रक्रिया में शामिल होना यह संदेश देता है कि भविष्य में किसी भी प्रकार की धांधली को रोकने के लिए राज्य स्तर पर कठोरतम कदम उठाए जा रहे हैं। अब जबकि सभी एजेंसियां और विभाग अपनी पूरी ताकत झोंक चुके हैं, यह देखना अत्यंत महत्वपूर्ण होगा कि सुरक्षा का यह कड़ा घेरा २१ जून को होने वाली परीक्षा को कितना निर्विघ्न और सफल बना पाता है, जिससे लाखों योग्य उम्मीदवारों के डॉक्टर बनने के सपने को न्याय मिल सके।

Lalita Rajput
इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।
