उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में अपराधियों के खिलाफ पुलिस का एक अभूतपूर्व और निर्णायक अभियान देखने को मिला है। पिछले 24 घंटों के भीतर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाले तत्वों के विरुद्ध पुलिस ने सात अलग-अलग मुठभेड़ों को अंजाम दिया। इस सघन ऑपरेशन के दौरान आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में नौ वांछित अपराधियों के पैर में गोली लगी है, जबकि कुल दस आरोपियों को पुलिस हिरासत में लेने में सफल रही है। यह कार्रवाई मुख्यमंत्री की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत की गई है, जिससे समूचे जिले के आपराधिक गलियारों में खलबली मच गई है।

पुलिस महानिरीक्षक और एसएसपी के निर्देशन में यह विशेष अभियान न्यू मंडी, मंसूरपुर, बुढ़ाना और कोतवाली नगर जैसे क्षेत्रों में एक साथ चलाया गया। अभियान का मुख्य उद्देश्य लूट, डकैती, हत्या के प्रयास और गैंगस्टर एक्ट जैसे जघन्य अपराधों में फरार चल रहे वांछितों को सलाखों के पीछे पहुँचाना था। पुलिस की टीमों ने जब इन अपराधियों के छिपने के ठिकानों पर दबिश दी, तो कई स्थानों पर आरोपियों ने समर्पण करने के बजाय पुलिस बल पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में नौ अपराधी मौके पर ही घायल हो गए, जिन्हें तत्काल उपचार के लिए पुलिस अभिरक्षा में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। प्राथमिक चिकित्सा के पश्चात इन सभी को जेल भेजने की कानूनी प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है।

एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि गिरफ्तार किए गए अपराधियों का नेटवर्क केवल उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं था, बल्कि इनमें से कई आरोपी पंजाब सहित पड़ोसी राज्यों में भी सक्रिय थे और वहां दर्जनों आपराधिक मामलों में वांछित थे। इस ऑपरेशन की सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पुलिस ने दो ऐसे खूंखार अपराधियों को भी दबोचा है, जिन पर शासन की ओर से 20-20 हजार रुपये का नकद इनाम घोषित था। यह पुलिस की सतर्कता और सटीक खुफिया तंत्र का ही परिणाम है कि इतने बड़े पैमाने पर बिना किसी जनहानि के अपराधियों को धराशायी किया गया।

मुठभेड़ के पश्चात मौके से पुलिस ने भारी मात्रा में अवैध असलहे और संदिग्ध सामान बरामद किया है। बरामद सामग्री में सात देसी तमंचे, पिस्टल, आठ खाली कारतूस, आठ जिंदा कारतूस और कुछ नकदी शामिल है। इसके अतिरिक्त, पुलिस ने करीब 400 ग्राम चांदी के आभूषण, छह मोटरसाइकिलें और बिना नंबर प्लेट का एक स्कूटर भी जब्त किया है। प्रारंभिक जांच में यह संकेत मिले हैं कि बरामद किए गए जेवर और वाहन हाल ही में क्षेत्र में हुई विभिन्न लूटपाट की घटनाओं से संबंधित हैं। पुलिस अब इन सामानों के जरिए अन्य अनसुलझे मामलों की कड़ियों को जोड़ने का प्रयास कर रही है।

इस व्यापक सैन्य-शैली की पुलिस कार्रवाई ने स्पष्ट कर दिया है कि मुजफ्फरनगर में अपराध और अपराधियों के लिए कोई स्थान नहीं है। एसएसपी ने कड़ा संदेश देते हुए कहा कि अपराधियों के खिलाफ यह अभियान निरंतर जारी रहेगा और कानून को हाथ में लेने वालों के विरुद्ध इसी तरह की सख्त न्यायिक और दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। मुजफ्फरनगर पुलिस के इस साहसिक कदम की जहां उच्चाधिकारियों ने प्रशंसा की है, वहीं स्थानीय नागरिकों ने भी भयमुक्त वातावरण की दिशा में इसे एक ठोस कदम बताया है।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

Next Story