भारी बारिश के बीच जनता नगर में तीन मंजिला इमारत का हिस्सा गिरा, राहत कार्य जारी; हादसे में चार महिलाएं और दो पुरुष शामिल।

मुंबई के मानखुर्द इलाके में रविवार रात हुई एक दुखद घटना में छह लोगों की मौत हो गई। भारी बारिश के बीच जनता नगर में स्थित एक तीन मंजिला पुरानी इमारत का एक बड़ा हिस्सा अचानक ढह गया, जिससे वहां मौजूद निवासी मलबे के नीचे दब गए। इस हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस और दमकल विभाग की टीमें तुरंत सक्रिय हो गईं। राहत और बचाव कार्य युद्धस्तर पर शुरू किया गया, ताकि मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सके। इस हादसे में चार महिलाओं और दो पुरुषों की जान चली गई, जबकि एक व्यक्ति घायल अवस्था में मिला, जिसे तुरंत इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। उसकी स्थिति अभी गंभीर बनी हुई है।

यह दुर्घटना रविवार की रात करीब साढ़े आठ बजे जनता नगर स्थित हनुमान मंदिर के पीछे घटी। बिल्डिंग नंबर पांच के जिस हिस्से में दो से तीन रिहायशी इकाइयां थीं, वह अचानक भरभरा कर गिर गया। घटना के समय भारी बारिश का सिलसिला जारी था, जिससे बचाव अभियान में भी काफी चुनौतियों का सामना करना पड़ा। बीएमसी की टीम, एनडीआरएफ के जवानों और स्थानीय पुलिस ने मिलकर मलबे को हटाने का काम किया। हादसे की गंभीरता को देखते हुए घटनास्थल पर ही उच्चाधिकारियों ने स्थिति का जायजा लिया और राहत कार्यों की निगरानी की। बीएमसी ने आधिकारिक रूप से छह लोगों की मृत्यु की पुष्टि की है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है।

शुरुआती जांच में यह संकेत मिल रहे हैं कि मुंबई में पिछले दो दिनों से हो रही भारी बारिश इस हादसे का मुख्य कारण हो सकती है। बारिश के कारण पुरानी इमारत का ढांचा कमजोर हो गया था और नमी के चलते वजन सहन करने की क्षमता कम होने से यह हिस्सा ढह गया। प्रशासन अब यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि इमारत के रखरखाव में कोई कोताही तो नहीं बरती गई थी। उल्लेखनीय है कि मुंबई में रविवार को बारिश के कारण अन्य हादसों में भी दो व्यक्तियों की मृत्यु हुई, जिससे शहर में मौतों का आंकड़ा बढ़कर आठ तक पहुंच गया है। मौसम विभाग ने सोमवार के लिए भी ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जिसे देखते हुए प्रशासन ने सभी आवश्यक सावधानियां बरतने के निर्देश दिए हैं।

मानखुर्द में हुई इस त्रासदी ने पूरे शहर को हिला कर रख दिया है। एक पुरानी इमारत का इस तरह ढहना और उसमें लोगों का जान गंवाना व्यवस्था के लिए एक बड़ी चुनौती है। विशेषकर मानसून के दौरान ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकने के लिए पुराने ढांचों का समय रहते सर्वे और मजबूतीकरण बेहद आवश्यक है। फिलहाल, जिला प्रशासन और राहत एजेंसियां प्रभावितों की मदद और मलबे को हटाने में जुटी हुई हैं। इस घटना ने एक बार फिर मानसून की मार झेल रहे मुंबई में सुरक्षा और बुनियादी ढांचे की संवेदनशीलता को उजागर कर दिया है।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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