उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जनपद में एक बार फिर अग्निकांड की बड़ी घटना सामने आई है, जिसने स्थानीय प्रशासन और दमकल विभाग की मुस्तैदी को कड़ी चुनौती दी है। इंदिरापुरम के कनावनी गांव में हुए हालिया हादसे की राख अभी ठंडी भी नहीं हुई थी कि क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना क्षेत्र के एक व्यस्त मार्केट में आग की लपटों ने कोहराम मचा दिया। यह घटना उस समय घटी जब बाजार में सामान्य हलचल थी, लेकिन अचानक उठी चिंगारी ने कुछ ही मिनटों में विकराल रूप धारण कर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग की शुरुआत गोल चक्कर के पास स्थित एक मार्केट से हुई, जहां कई छोटे-बड़े रेस्टोरेंट और व्यावसायिक प्रतिष्ठान संचालित थे।

जैसे ही आग ने मार्केट को अपनी चपेट में लिया, वहां रखे गैस सिलेंडरों में एक के बाद एक धमाके होने लगे। इन धमाकों की गूंज काफी दूर तक सुनाई दी, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी और दहशत का माहौल बन गया। आग इतनी भीषण थी कि इसकी लपटें पास की एक रेजिडेंशियल सोसाइटी की ऊंची इमारतों तक पहुंचने लगीं। बताया जा रहा है कि आवासीय परिसर के कुछ फ्लैटों के बाहरी हिस्सों को भी इस आग से क्षति पहुंची है। आसमान में काला धुंआ और ऊंची उठती लपटें कई किलोमीटर दूर से देखी जा सकती थीं, जिसके वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगे।

घटना की सूचना मिलते ही गाजियाबाद दमकल विभाग की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। दमकलकर्मियों ने स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर सबसे पहले प्रभावित क्षेत्र की घेराबंदी की और लोगों को सुरक्षित दूरी पर हटाया। गैस सिलेंडरों के लगातार फटने के कारण राहत और बचाव कार्य में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। रेस्टोरेंट और दुकानों में मौजूद ज्वलनशील पदार्थों ने आग को और तेजी से फैलने में मदद की। फायर ब्रिगेड की टीम ने मोर्चा संभालते हुए आग को आवासीय ब्लॉक की ओर बढ़ने से रोकने के लिए वाटर कैनन का उपयोग किया।

आधिकारिक तौर पर फिलहाल किसी जनहानि की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन करोड़ों रुपये की संपत्ति के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। स्थानीय प्रशासन ने घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं ताकि आग लगने के कारणों का सटीक पता लगाया जा सके। प्राथमिक जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, हालांकि दमकल विभाग के अधिकारी सिलेंडरों के भंडारण और सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कोण से भी जांच कर रहे हैं। गाजियाबाद में लगातार हो रही आग की ये घटनाएं शहरी क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा ऑडिट और अनुपालन की आवश्यकता पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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