नई दिल्ली: भारतीय सोशल मीडिया स्पेस में नीतिगत मुद्दों, बेरोजगारी और शिक्षा नीति पर अपने अनूठे व्यंग्यात्मक अंदाज से सनसनी बनकर उभरी 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) इस समय एक बड़े राजनीतिक विवाद के केंद्र में आ गई है। केंद्र की सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने इस ऑनलाइन कैंपेन के फॉलोअर्स की प्रामाणिकता पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए इसे सीमा पार से संचालित एक सुनियोजित ऑपरेशन करार दिया है। बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं और केंद्रीय मंत्रियों ने आरोप लगाया है कि इस अभियान को मिलने वाले जनसमर्थन का एक बड़ा हिस्सा पाकिस्तान से जुड़ा हुआ है, जिसका मुख्य उद्देश्य देश के भीतर अस्थिरता पैदा करना है।

इस विवाद की शुरुआत तब हुई जब केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक कड़े शब्दों वाला पोस्ट साझा किया। उन्होंने कॉकरोच जनता पार्टी का नाम लिए बिना निशाना साधते हुए लिखा कि उन्हें उन तत्वों पर तरस आता है जो डिजिटल दुनिया में अपने फॉलोअर्स की संख्या बढ़ाने के लिए पाकिस्तान और जॉर्ज सोरोस गैंग का सहारा लेते हैं। इस हमले को आगे बढ़ाते हुए केंद्रीय मंत्री और बीजेपी नेता सुकांत मजूमदार ने सांख्यिकीय आंकड़े पेश करने का दावा किया। मजूमदार के अनुसार, सोशल मीडिया पर कॉकरोच जनता पार्टी के कुल फॉलोअर्स में से 49 फीसदी हिस्सेदारी अकेले पाकिस्तान से है, जबकि भारत से केवल 9 फीसदी यूजर्स ही इस प्लेटफॉर्म से जुड़े हैं।

बीजेपी के इन तीखे हमलों पर प्रतिक्रिया देते हुए केरल बीजेपी के अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर ने इस पूरे घटनाक्रम को 'क्लासिक क्रॉस-बॉर्डर इन्फ्लुएंस ऑपरेशन' का नाम दिया। चंद्रशेखर ने एक्स पर अपनी विस्तृत पोस्ट में लिखा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), बॉट्स और डीपफेक नैरेटिव के इस आधुनिक दौर में, किसी भी उभरते हुए देश को आंतरिक रूप से अस्थिर करने के लिए ऐसे इन्फ्लुएंस ऑपरेशन्स सबसे खतरनाक हथियार हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि विदेशी निहित स्वार्थों और विपक्ष के कुछ तबकों द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार की छवि को नुकसान पहुंचाने के लिए इस अभियान को जानबूझकर हवा दी जा रही है। उन्होंने दृढ़ता से कहा कि कोई भी 'तिलचट्टा' या मोदी-विरोधी तत्व भारत के 'विकसित भारत' बनने के संकल्प को नहीं रोक सकता।

इन तमाम संगीन आरोपों का खंडन करते हुए कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने पलटवार किया है। दीपके ने बीजेपी के दावों को पूरी तरह खारिज करते हुए अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर ऑडियंस एनालिटिक्स की एक स्क्रीन रिकॉर्डिंग साझा की। उन्होंने दावा किया कि यह डेटा उनका अकाउंट हैक होने से ठीक पहले का है, जो यह स्पष्ट प्रमाणित करता है कि उनके प्लेटफॉर्म के 94 फीसदी से अधिक दर्शक और यूजर्स विशुद्ध रूप से भारतीय हैं। दीपके ने बीजेपी नेताओं से सवाल किया कि जब असल आंकड़े कुछ और कह रहे हैं, तो केंद्रीय मंत्री देश के बेरोजगार युवाओं को पाकिस्तानी बॉट्स के रूप में क्यों चित्रित कर रहे हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सीजेपी की बढ़ती लोकप्रियता से घबराकर उनके खिलाफ कई सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर एक साथ मिलकर कार्रवाई की जा रही है। युवाओं के बीच बेहद लोकप्रिय हो चुका यह डिजिटल कैंपेन अब देश के दो वैचारिक ध्रुवों के बीच एक बड़े राजनीतिक और कानूनी विवाद का रूप ले चुका है।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

Next Story