Ajit Pawar का अंतिम सफर: विद्या प्रतिष्ठान में उमड़ा जनसैलाब; दोनों बेटे पार्थ और जय देंगे मुखाग्नि
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री Ajit Pawar का बारामती में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। चार्टर्ड प्लेन क्रैश में उनके निधन से पूरे देश में शोक की लहर है। सीआईडी और डीजीसीए मामले की जांच कर रहे हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने 3 दिन के राजकीय शोक की घोषणा की है। पढ़िए इस दुखद घटना और अंतिम यात्रा की पूरी रिपोर्ट।

Last rites of Deputy CM Ajit Pawar : महाराष्ट्र की राजनीति के 'दादा' और उपमुख्यमंत्री अजित पवार की अंतिम यात्रा में आज पूरा जनसैलाब उमड़ पड़ा। बारामती की गलियों से लेकर विद्या प्रतिष्ठान के मैदान तक, हर तरफ नम आंखें और भारी मन से अपने नेता को विदाई देने पहुंचे लोग नजर आए। बुधवार को एक चार्टर्ड प्लेन क्रैश में हुए उनके आकस्मिक निधन ने न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे देश को स्तब्ध कर दिया है।
शोक की लहर और अंतिम दर्शन :
- अजित पवार का पार्थिव शरीर गुरुवार सुबह उनके पैतृक निवास, काटेवाड़ी लाया गया। यहाँ सुबह से ही समर्थकों और स्थानीय लोगों का तांता लगा रहा।
- सुबह 9:55 बजे: काटेवाड़ी से एम्बुलेंस के माध्यम से उनकी अंतिम यात्रा शुरू हुई। रास्ते में हजारों की संख्या में लोग 'अजित दादा अमर रहे' के नारे लगा रहे थे।
- अंतिम पड़ाव: विद्या प्रतिष्ठान कैंपस से होते हुए यह यात्रा विद्या प्रतिष्ठान ग्राउंड पहुंची, जहाँ उनके अंतिम संस्कार की तैयारियां की गई थीं।
- श्रद्धांजलि: राज्यसभा सांसद सुनेत्रा पवार अपने पति के पार्थिव शरीर को देख भावुक हो गईं और फूट-फूटकर रोईं। सुप्रिया सुले ने इस दुख की घड़ी में अपनी भाभी को संभाला।
हादसे की जांच और आधिकारिक विवरण :
पुणे ग्रामीण पुलिस ने इस मामले में एक्सीडेंटल डेथ रिपोर्ट (ADR) दर्ज की है। चूंकि मामला एक दिग्गज जन प्रतिनिधि से जुड़ा है, इसलिए जांच महाराष्ट्र सीआईडी (CID) को सौंपी जाएगी।
ब्लैक बॉक्स बरामद: डीजीसीए (DGCA) और एएआईबी (AAIB) की टीमों ने दुर्घटनास्थल से विमान का 'ब्लैक बॉक्स' बरामद कर लिया है, जो हादसे के कारणों का खुलासा करने में मुख्य भूमिका निभाएगा।
पहचान का मार्मिक पहलू: प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मलबे में बुरी तरह झुलसे शव की पहचान अजित पवार की कलाई घड़ी से हुई, जिस पर उनकी पार्टी का चुनाव चिह्न 'घड़ी' बना हुआ था।
दिग्गजों का जमावड़ा :
अंतिम संस्कार में राजनीतिक मतभेदों को किनारे रखकर पक्ष-विपक्ष के तमाम बड़े नेता शामिल हुए। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, शरद पवार, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, राज ठाकरे और अभिनेता रितेश देशमुख समेत कई हस्तियों ने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री फडणवीस ने अजित पवार के सम्मान में तीन दिन के राजकीय शोक की घोषणा की है।
एक अपूरणीय क्षति :
स्थानीय निवासियों और राजनीतिज्ञों ने उन्हें एक 'विकास पुरुष' के रूप में याद किया। लोगों का कहना है कि उन्होंने बारामती और पुणे के बुनियादी ढांचे और शिक्षा क्षेत्र में जो क्रांति की, उसे सदियों तक याद रखा जाएगा। उनके बेटे पार्थ पवार ने मुखाग्नि देकर अंतिम संस्कार की विधियां पूर्ण कीं।
महाराष्ट्र ने आज न केवल एक उपमुख्यमंत्री खोया है, बल्कि एक ऐसा जननेता खोया है जिसकी सुबह 6 बजे से काम शुरू करने की कार्यशैली और प्रशासनिक पकड़ का हर कोई कायल था।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
