टोंक। जीवन रेखा सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल की ओर से टोंक जिला मुख्यालय स्थित एनएच-52 के द ओशन रिसॉर्ट में आयोजित ‘स्वास्थ्य चर्चा’ कार्यक्रम में आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों, हड्डियों एवं जोड़ों से जुड़ी बीमारियों और रोबोटिक जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी पर विस्तार से चर्चा की गई। विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ. नीरज अग्रवाल ने घुटनों और कूल्हों के दर्द, गठिया, चलने-फिरने में परेशानी तथा जोड़ प्रत्यारोपण की आधुनिक तकनीकों की जानकारी देते हुए समय पर चिकित्सकीय परामर्श लेने का संदेश दिया। कार्यक्रम में सामाजिक एवं व्यावसायिक संगठनों के पदाधिकारियों ने भी स्वास्थ्य जागरूकता को समाज की प्राथमिकता बताया।

डॉ. नीरज अग्रवाल ने बताया कि चिकित्सा विज्ञान में लगातार हो रहे बदलावों के कारण मरीजों को उपचार के नए विकल्प मिल रहे हैं। रोबोटिक तकनीक सर्जरी की योजना बनाने और निर्धारित प्रक्रिया को अधिक सटीकता से पूरा करने में चिकित्सक की सहायता करती है। हालांकि, किसी भी उपचार का चयन मरीज की स्थिति, जांच रिपोर्ट और विशेषज्ञ की सलाह के आधार पर ही किया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि शरीर में लगातार दर्द, सूजन या चलने-फिरने में परेशानी होने पर उसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। समय पर जांच और उचित उपचार से कई स्वास्थ्य समस्याओं का बेहतर प्रबंधन संभव है। उन्होंने संतुलित आहार, नियमित शारीरिक गतिविधि और चिकित्सकीय सलाह का पालन करने को भी महत्वपूर्ण बताया।

प्रादेशिक दवा विक्रेता समिति के प्रदेश अध्यक्ष विवेक विजयवर्गीय ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावी बनाने के लिए चिकित्सकों, दवा विक्रेताओं और आमजन के बीच समन्वय आवश्यक है। मरीजों को दवाओं का उपयोग चिकित्सकीय सलाह के अनुसार करना चाहिए और किसी भी स्वास्थ्य समस्या की स्थिति में योग्य चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए।

समिति के महामंत्री रवि गुप्ता ने दवाओं के सुरक्षित उपयोग और स्वास्थ्य संबंधी सही जानकारी के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि लोगों को स्वयं उपचार करने के बजाय विशेषज्ञों की सलाह को प्राथमिकता देनी चाहिए।

अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन, जिला टोंक के जिला अध्यक्ष रामजी लाल विजयवर्गीय और महामंत्री महेंद्र दूसाद खंडेलवाल ने स्वास्थ्य जागरूकता को समाज के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ नागरिक परिवार, समाज और राष्ट्र के विकास में प्रभावी भूमिका निभा सकते हैं। ऐसे आयोजन आमजन तक उपयोगी स्वास्थ्य जानकारी पहुंचाने का अच्छा माध्यम हैं।

अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन के प्रदेश महामंत्री कमलेश विजयवर्गीय ने कहा कि सामाजिक संगठनों की जिम्मेदारी केवल सामाजिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि जनहित से जुड़े विषयों पर जागरूकता बढ़ाना भी आवश्यक है। स्वास्थ्य संबंधी कार्यक्रम समाज के विभिन्न वर्गों को उपयोगी जानकारी उपलब्ध कराने में सहायक होते हैं।

राजस्थान पेंशनर समाज, शाखा जिला टोंक के अध्यक्ष हरवंश शर्मा ने कहा कि बढ़ती उम्र में हड्डियों, जोड़ों और अन्य शारीरिक समस्याओं को लेकर विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। नियमित स्वास्थ्य जांच और चिकित्सकीय सलाह का पालन करने से जीवन की गुणवत्ता बेहतर बनाए रखने में मदद मिल सकती है।

राजस्थान पेंशनर समाज, शाखा जिला टोंक के महामंत्री प्रह्लाद नीमावत ने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों को स्वास्थ्य संबंधी सही जानकारी उपलब्ध कराना जरूरी है। घुटनों के दर्द और चलने-फिरने में कठिनाई जैसी समस्याओं को सामान्य मानकर लंबे समय तक टालना उचित नहीं है। ऐसी स्थिति में जरूरत के अनुसार विशेषज्ञ से परामर्श लेना चाहिए।

रोटरी क्लब, जिला टोंक के अध्यक्ष यूसुफ एजाजी ने स्वास्थ्य सेवा को सामाजिक दायित्व से जोड़ते हुए कहा कि समाजसेवा का महत्वपूर्ण उद्देश्य लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना है। स्वास्थ्य जागरूकता से जुड़े कार्यक्रम लोगों को अपनी सेहत के प्रति सजग बनाने और उचित चिकित्सा विकल्पों की जानकारी देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

विकास मेडिकल्स, टोंक के विकास विजयवर्गीय ने कार्यक्रम में शामिल अतिथियों, सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों और उपस्थित नागरिकों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य जागरूकता के उद्देश्य से आयोजित ऐसे कार्यक्रम आमजन के लिए उपयोगी साबित होते हैं। समाज में स्वास्थ्य संबंधी सही जानकारी पहुंचाने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं। आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के बारे में जानकारी मिलने से लोगों को अपनी स्वास्थ्य समस्याओं को बेहतर ढंग से समझने और समय पर उचित परामर्श लेने में सहायता मिलती है।

कार्यक्रम में जीवन रेखा टीम की ओर से डॉ. अमरीश, अनुराग मोहन दीक्षित, अरुणीमा चुग, पीयूष शर्मा और लकी शर्मा ने सहयोग किया। टीम ने जरूरी व्यायाम की क्रियाओं का प्रदर्शन किया और उपस्थित लोगों को इन्हें नियमित रूप से करने की सलाह दी।

‘स्वास्थ्य चर्चा’ के दौरान बेनी प्रसाद जैन, लक्ष्मी देवी जैन, अशोक गांधी, राकेश विजय, रमेश विजय, हेमराज विजयवर्गीय, रोहित सोनी, मनीष सेठी, सुनील बंसल, हर्षित बंसल, अहमद अली खान, टीना विजय, कल्पना विजय और अंशुल सोनी ने स्वास्थ्य से जुड़े सवाल पूछे। डॉ. नीरज अग्रवाल ने सहज अंदाज में उनके सवालों के जवाब दिए।

कार्यक्रम का मुख्य संदेश रहा कि स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को नजरअंदाज करने के बजाय समय पर चिकित्सकीय सलाह ली जाए और उपचार के उपलब्ध विकल्पों की जानकारी विशेषज्ञों से प्राप्त की जाए। आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों, रोबोटिक जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी और नियमित स्वास्थ्य जागरूकता पर केंद्रित इस आयोजन के माध्यम से लोगों को बेहतर स्वास्थ्य प्रबंधन के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया।

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