National Youth Day : भारत के डिजिटल परिदृश्य में एक क्रांतिकारी अध्याय का सूत्रपात करते हुए केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लोकतांत्रिक बनाने का शंखनाद किया है। राष्ट्रीय युवा दिवस के पावन अवसर पर केंद्रीय मंत्री ने आह्वान किया कि एआई अब केवल बड़ी प्रयोगशालाओं का विषय नहीं, बल्कि छोटे व्यापारियों की उत्पादकता बढ़ाने और युवाओं के सशक्तिकरण का अनिवार्य 'लाइफ स्किल' बन चुका है। स्वामी विवेकानंद के युवा विजन को आधुनिक तकनीक से जोड़ते हुए सरकार ने 'नेशनल एआई लिटरेसी प्रोग्राम' के जरिए देश के भविष्य की नींव रख दी है।

छोटे कारोबारियों और युवाओं के लिए 'डिजिटल बूस्टर' :

मंगलवार को आईटी मंत्रालय द्वारा जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, अश्विनी वैष्णव ने रेखांकित किया कि मौजूदा दौर में एआई की समझ होना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि छोटे कारोबारी अपने दैनिक कार्यों में एआई का उपयोग कर अपनी कार्यक्षमता में अप्रत्याशित वृद्धि कर सकते हैं।

इस विजन को धरातल पर उतारने के लिए सरकार ने दो प्रमुख पहलों पर जोर दिया है:

  • नेशनल एआई लिटरेसी प्रोग्राम: इस महत्वाकांक्षी लक्ष्य के साथ लॉन्च किया गया यह प्रोग्राम अगले एक वर्ष के भीतर 10 लाख छात्रों को एआई की दुनिया से जोड़ेगा।
  • 'युवा एआई फॉर ऑल' कोर्स: यह एक फ्लैगशिप फाउंडेशन कोर्स है, जिसे एआई साक्षरता को हर भारतीय तक पहुँचाने के उद्देश्य से बनाया गया है।
  • बहुभाषी और सुलभ: तकनीकी शिक्षा में समावेशी क्रांति. इस अभियान की सबसे बड़ी विशेषता इसकी सुलभता है। सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि भाषा कभी भी सीखने की राह में बाधा न बने।
  • 11 क्षेत्रीय भाषाएं: यह कोर्स हिंदी, बंगाली, तमिल, तेलुगु और गुजराती समेत 11 प्रमुख भारतीय भाषाओं में उपलब्ध होगा।
  • मुफ्त और सुगम: मात्र 4 घंटे का यह कोर्स पूरी तरह निशुल्क है। इसके लिए किसी पिछले तकनीकी बैकग्राउंड की आवश्यकता नहीं है, जिससे आम नागरिक भी इसे आसानी से समझ सकें।
  • डिजिटल प्लेटफॉर्म्स: यह कोर्स फ्यूचरस्किल्स प्राइम, दीक्षा (DIKSHA) और आईजीओटी कर्मयोगी जैसे अग्रणी सरकारी लर्निंग पोर्टल्स पर उपलब्ध करा दिया गया है।

सरकारी प्रमाणन और जिम्मेदारी का पाठ :

केंद्रीय मंत्री ने एआई के 'जिम्मेदार इस्तेमाल' पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि तकनीक के लाभ के साथ-साथ उसकी नैतिकता को समझना भी युवाओं के लिए जरूरी है। कोर्स सफलतापूर्वक पूर्ण करने पर प्रत्येक शिक्षार्थी को भारत सरकार द्वारा आधिकारिक प्रमाण पत्र (Official Certificate) प्रदान किया जाएगा। मंत्रालय के अनुसार, यह पहल भारत के नागरिकों को भविष्य के एआई-आधारित अवसरों और जिम्मेदारियों के लिए वैश्विक स्तर पर तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगी।

Ashiti Joil

Ashiti Joil

यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।

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