क्रिकेट के मैदान पर जब अनुभव और युवा जोश का टकराव होता है, तो अक्सर रोमांच की नई इबारत लिखी जाती है, लेकिन आईपीएल 2026 के एक मुकाबले में जो हुआ, उसने क्रिकेट के तमाम व्याकरण बदल दिए हैं। बिहार के समस्तीपुर से आने वाले महज 15 साल के किशोर बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने दुनिया की सबसे कठिन मानी जाने वाली टी-20 लीग में वह कर दिखाया है, जिसे महानतम बल्लेबाज भी अपने करियर के शिखर पर नहीं कर पाते। राजस्थान रॉयल्स के सलामी बल्लेबाज वैभव ने चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के घातक गेंदबाजी आक्रमण को खिलौना समझते हुए मात्र 15 गेंदों में अर्धशतक ठोककर मैदान पर तहलका मचा दिया। 27 मार्च को अपना 15वां जन्मदिन मनाने वाले इस युवा खिलाड़ी ने ठीक तीन दिन बाद चेन्नई की पूरी टीम को पस्त कर दिया।

इस ऐतिहासिक पारी की सबसे दिलचस्प कड़ी मैच के बाद सामने आई, जिसने वैभव की सादगी और उनके 'बिहारी अंदाज' को दुनिया के सामने पेश किया। जब रवि बिश्नोई ने उनकी शानदार बल्लेबाजी की सराहना की, तो वैभव ने बड़ी मासूमियत भरी मुस्कान के साथ जवाब दिया कि वे आज मैच से पहले 'राजभोग मिठाई' खाकर आए थे। इतना ही नहीं, अपने जन्मदिन के अनुभव को साझा करते हुए उन्होंने बताया कि वे केक की रस्म और चेहरे पर केक लगने के डर से जल्दी सो गए थे। यह मासूमियत उस खौफनाक बल्लेबाजी के बिल्कुल विपरीत थी, जिसके दम पर उन्होंने भारत की ओर से आईपीएल में सबसे तेज शतक (35 गेंद) और इतिहास का दूसरा सबसे तेज शतक लगाने का गौरव हासिल किया है।



वैभव का सफर किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं है। 2011 में जन्मे इस खिलाड़ी ने महज 13 साल की उम्र में आईपीएल डेब्यू कर सबसे युवा खिलाड़ी होने का रिकॉर्ड अपने नाम किया था। समस्तीपुर से पटना तक का 100 किलोमीटर का सफर तय कर ट्रेनिंग लेने वाले वैभव ने घरेलू क्रिकेट से लेकर अंडर-19 विश्व कप तक रिकॉर्ड्स की झड़ी लगा दी है। इंग्लैंड के खिलाफ विश्व कप फाइनल में उनकी 175 रनों की पारी ने पहले ही संकेत दे दिए थे कि भारतीय क्रिकेट में एक नया 'वंडर बॉय' आ चुका है। हालांकि, उनकी इस असाधारण सफलता और करोड़ों के आईपीएल अनुबंध (1.1 करोड़ रुपये) ने दिग्गजों के बीच एक गंभीर बहस छेड़ दी है।

दिग्गज स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने जहां वैभव के बचाव में उतरते हुए कहा कि उन्हें अभी एक 'बच्चा' ही समझा जाना चाहिए और उन पर अतिरिक्त दबाव नहीं डालना चाहिए, वहीं पूर्व क्रिकेटर मोहम्मद कैफ ने बीसीसीआई से सख्त नियमों की मांग की है। कैफ का तर्क है कि 18 साल से कम उम्र के खिलाड़ियों को इतनी बड़ी धनराशि देना उनके भविष्य को भटका सकता है। इन चर्चाओं के बीच वैभव की उम्र को लेकर भी विवाद उठते रहे हैं, लेकिन उनके पिता संजीव सूर्यवंशी ने स्पष्ट किया है कि वैभव ने बीसीसीआई के आधिकारिक बोन डेंसिटी टेस्ट को पूरी पारदर्शिता के साथ पास किया है। वर्तमान में वैभव सूर्यवंशी न केवल राजस्थान रॉयल्स के लिए बल्कि वैश्विक क्रिकेट के लिए एक ऐसी पहेली बन चुके हैं, जिसका जवाब केवल उनके बल्ले से निकलने वाले रनों में ही छिपा है।

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Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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