T 20 World Cup : चयन में अनदेखी से नाराज स्टार खिलाड़ी; कहा 'विश्व कप खेलना अब और जरूरी'
ऑस्ट्रेलिया की स्टार लेग स्पिनर अलाना किंग को भारत के खिलाफ टी20 सीरीज से बाहर कर दिया गया, जिसे उन्होंने निराशाजनक बताया। बावजूद इसके उन्होंने टी20 विश्व कप खेलने का सपना बरकरार रखने की बात कही। जानें चयन विवाद, प्रदर्शन और उनकी प्रतिक्रिया से जुड़ी पूरी खबर।

T20 World Cup ambition : ऑस्ट्रेलियाई महिला क्रिकेट में चयन को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है। महिला एशेज की स्टार और अनुभवी लेग स्पिनर अलाना किंग को भारत के खिलाफ आगामी टी20 श्रृंखला के लिए टीम में जगह नहीं मिली, जिसे उन्होंने “निराशाजनक” बताया। हालांकि, 30 वर्षीय गेंदबाज ने स्पष्ट किया कि इस फैसले से उनके टी20 विश्व कप में देश का प्रतिनिधित्व करने के लक्ष्य पर कोई असर नहीं पड़ेगा और वह भविष्य के अवसरों के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
भारत के खिलाफ तीन मैचों की श्रृंखला रविवार से सिडनी में शुरू हो रही है, लेकिन किंग को टीम संयोजन के कारण चयन से बाहर रखा गया और उनकी जगह लेग स्पिनर जॉर्जिया वेयरहम को मौका दिया गया। चयनित 14 सदस्यीय टीम में कप्तान सोफी मोलिनक्स और ऑलराउंडर एश गार्डनर जैसी प्रमुख खिलाड़ी शामिल हैं, जिससे प्रतिस्पर्धा और अधिक कठिन हो गई।
पिछले वर्ष महिला एशेज में ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ चुनी गई किंग हालिया अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शन के कारण भी चर्चा में थीं। भारत में आयोजित विश्व कप अभियान के दौरान वह ऑस्ट्रेलिया की दूसरी सबसे सफल विकेट लेने वाली गेंदबाज रहीं। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ इंदौर में उन्होंने 7 विकेट लेकर 18 रन देने का रिकॉर्ड प्रदर्शन किया था, जिसने उन्हें वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाई। इसके बावजूद टीम से बाहर होना उनके लिए एक बड़ा झटका रहा।
किंग ने कहा कि किसी भी महत्वपूर्ण श्रृंखला, विशेषकर भारत जैसी मजबूत टीम के खिलाफ मुकाबले से बाहर रहना स्वाभाविक रूप से निराशाजनक होता है, लेकिन टीम चयन एक जटिल प्रक्रिया है जिसमें सभी खिलाड़ियों को शामिल करना संभव नहीं होता। उन्होंने जोर देकर कहा कि वह केवल उन चीजों पर ध्यान केंद्रित करना चाहती हैं जिन्हें वह नियंत्रित कर सकती हैं—जैसे प्रशिक्षण, प्रदर्शन और चयनकर्ताओं के साथ संवाद।
हाल के महीनों में चोट भी उनके लिए चुनौती बनी रही। महिला बिग बैश लीग के दौरान उंगली में फ्रैक्चर के कारण उनकी गेंदबाजी प्रभावित हुई, जिसके चलते छह वर्षों में उनका सबसे कम सफल सीजन रहा। हालांकि अब वह फिट हो चुकी हैं और उन्होंने संकेत दिया कि भारत श्रृंखला तक वह पूरी तरह तैयार रहेंगी। उन्होंने स्वीकार किया कि छोटी उंगली की चोट ने गेंद पर नियंत्रण को काफी प्रभावित किया, लेकिन टूर्नामेंट के अंत तक उन्होंने दर्द सहने की क्षमता बढ़ा ली थी।
किंग ने यह भी कहा कि निराशा को प्रेरणा में बदलना ही पेशेवर खिलाड़ी का सबसे बड़ा हथियार होता है और जब भी मौका मिलेगा वह खुद को साबित करने के लिए तैयार रहेंगी। ऑस्ट्रेलिया के पास आगामी टी20 विश्व कप से पहले सीमित अंतरराष्ट्रीय मैच हैं, इसलिए हर अवसर महत्वपूर्ण होगा।
इस बीच भारत मौजूदा विश्व चैंपियन के रूप में मजबूत स्थिति में है। ऑस्ट्रेलिया के लिए यह श्रृंखला प्रतिष्ठा और पुनर्निर्माण दोनों के लिहाज से अहम मानी जा रही है, क्योंकि लगभग एक दशक में पहली बार टीम के पास कोई आईसीसी प्रमुख ट्रॉफी नहीं है। किंग ने स्वीकार किया कि भारत एक बेहद मजबूत प्रतिद्वंद्वी है और यह मुकाबला दोनों टीमों को अपना सर्वश्रेष्ठ देने के लिए प्रेरित करेगा।
श्रृंखला का समापन पर्थ स्थित WACA ग्राउंड में चार दिवसीय टेस्ट मैच के साथ होगा, जो किंग का घरेलू मैदान भी है। उन्होंने इच्छा जताई कि इस मैदान पर हर वर्ष महिला अंतरराष्ट्रीय मैच आयोजित किए जाएं, जिससे महिला क्रिकेट को और बढ़ावा मिल सके। ऑस्ट्रेलियाई चयन से बाहर होना निश्चित रूप से एक चुनौती है, लेकिन किंग का रुख स्पष्ट है—लक्ष्य अभी भी विश्व कप है, और वह अवसर मिलने तक प्रयास जारी रखेंगी। यह

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
