कुछ इस तरह दी RCB ने 11 मृतकों को श्रद्धांजलि ; स्टेडियम में खाली रहेंगी 11 कुर्सियां, फैंस हुए भावुक
RCB ने 2025 की बेंगलुरु भगदड़ में मारे गए 11 लोगों की याद में चिन्नास्वामी स्टेडियम में 11 सीटें हमेशा खाली रखने का फैसला किया। आईपीएल 2026 में यह कदम श्रद्धांजलि और सुरक्षा जागरूकता का प्रतीक बनकर उभरा, जिसने क्रिकेट जगत को भावुक कर दिया।

RCB टीम
बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम से जुड़ी एक दर्दनाक घटना ने क्रिकेट जगत को झकझोर दिया था, और अब उसी त्रासदी की स्मृति को जीवित रखने के लिए रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने एक ऐसा निर्णय लिया है, जिसने पूरे देश का ध्यान खींचा है। आईपीएल 2026 से पहले लिया गया यह फैसला न केवल श्रद्धांजलि है, बल्कि खेल और दर्शकों के रिश्ते को नए अर्थ भी देता है।
जून 2025 में आरसीबी की आईपीएल जीत के जश्न के दौरान स्टेडियम के बाहर अचानक मची भगदड़ ने 11 लोगों की जान ले ली थी, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए थे। यह हादसा उस समय हुआ जब हजारों प्रशंसक टीम की जीत का जश्न मनाने के लिए एकत्र हुए थे। सुरक्षा प्रबंधन पर भी उस दौरान गंभीर सवाल उठे थे और घटना ने बड़े आयोजनों की व्यवस्थाओं को लेकर चिंता बढ़ा दी थी।
इस त्रासदी के लगभग एक वर्ष बाद, आरसीबी और कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (KSCA) ने मिलकर एक स्थायी स्मारक के रूप में महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। इसके तहत स्टेडियम में 11 सीटों को हमेशा के लिए खाली रखा जाएगा। ये सीटें किसी भी मैच चाहे वह आईपीएल हो या अंतरराष्ट्रीय मुकाबला के दौरान बेची नहीं जाएंगी। यह कदम उन 11 लोगों की याद में उठाया गया है, जिन्होंने उस दिन अपनी जान गंवाई थी।
इसके साथ ही, श्रद्धांजलि के अन्य प्रतीकात्मक उपाय भी अपनाए गए हैं।
- स्टेडियम परिसर में एक स्मारक पट्टिका स्थापित की जाएगी
- खिलाड़ी अभ्यास सत्र के दौरान जर्सी नंबर 11 पहनेंगे
- मैच के दिन खिलाड़ी काली पट्टी बांधकर मैदान में उतरेंगे
- हर मैच से पहले एक मिनट का मौन रखा जाएगा
इन सभी कदमों का उद्देश्य केवल श्रद्धांजलि देना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना भी है कि यह घटना भुलायी न जाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए आवश्यक सतर्कता बरती जाए।
इस घटना का प्रभाव आईपीएल 2026 के आयोजन पर भी स्पष्ट रूप से देखा गया। परंपरागत भव्य उद्घाटन समारोह को रद्द कर दिया गया और पूरे टूर्नामेंट की शुरुआत एक गंभीर और संवेदनशील माहौल में हुई। यह बदलाव दर्शाता है कि खेल जगत ने इस त्रासदी को केवल एक हादसे के रूप में नहीं, बल्कि एक सीख के रूप में लिया है।
यह निर्णय भारतीय क्रिकेट इतिहास में एक अनोखा उदाहरण बन गया है, जहां एक टीम ने अपने प्रशंसकों की स्मृति को सम्मान देने के लिए स्थायी रूप से अपने मैदान का एक हिस्सा समर्पित कर दिया। यह न केवल शोक का प्रतीक है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि खेल केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि भावनाओं और जिम्मेदारियों से जुड़ा एक व्यापक सामाजिक तंत्र है।

Manyaa Chaudhary
यह 'प्रातःकाल' में एसोसिएट एडिटर के पद पर हैं। और पिछले दो वर्षों से इन्हें रिपोर्टिंग और इवेंट मैनेजमेंट का अनुभव है। इससे पहले इन्होंने 'स्वदेश न्यूज़ चैनल' में बतौर ट्रेनी रिपोर्टर काम किया है। ये विशेष रूप में मनोरंजन, स्पोर्ट्स, और क्राइम रिपोर्टिंग क्षेत्र में समर्थ हैं। अभी यह जर्नलिज्म की पढाई कर रही हैं।
