गुवाहाटी में सोमवार को दूसरे टेस्ट के तीसरे दिन भारत की दूसरी पारी रोमांच और दबाव से भरे मोड़ पर पहुँची, जब शुरुआती बढ़त के बावजूद दक्षिण अफ्रीका के स्पिनरों ने कुछ ही ओवरों में मैच की दिशाएँ बदल दीं। चायकाल तक भारत का स्कोर 102 रन पर 4 विकेट था, और जिस आत्मविश्वास के साथ यशस्वी जायसवाल ने शुरुआत की थी, वह अचानक बिखरता दिखाई दिया।

भारत एक समय 95 रन पर एक विकेट खोकर मजबूत स्थिति में खड़ा था। जायसवाल और केएल राहुल की साझेदारी सधी हुई थी और दोनों बल्लेबाज स्पॉट पर नजर आ रहे थे। जायसवाल अपने पूरे शॉट-रेंज के साथ खेले हार्मर की लेंथ गेंदों को बार-बार स्वीप किया और केशव महाराज की गेंद को काउ कॉर्नर के ऊपर से शानदार छक्का जड़ा। 97 गेंदों में 58 रन बनाकर वह भारत की पारी को मजबूती दे रहे थे। दूसरी ओर राहुल ने भी शुरुआत में अपने अंदाज का प्रदर्शन किया और फ्लोइंग कवर ड्राइव के साथ लय में आते दिखे।

लेकिन जैसे ही सुबह का सत्र आगे बढ़ा, दक्षिण अफ्रीका के स्पिनरों ने अचानक खेल का नक्शा बदल दिया। सबसे पहले केशव महाराज ने लंबाई बदलकर राहुल को आगे की ओर खींचा और गेंद इतनी मुड़ी कि बाहरी किनारा एडेन मार्करम के हाथों में चला गया। इसके बाद साइमन हार्मर ने जायसवाल को उस गेंद पर चकमा दिया जो उछलकर उनकी ड्राइव रोकने की कोशिश को नाकाम कर गई। मार्को जेनसन ने स्लिप में शानदार कैच लेते हुए इस अहम साझेदारी का अंत कर दिया।

भारतीय बल्लेबाजी यहीं नहीं संभली। साई सुदर्शन ने एक बार फिर स्पिनरों के खिलाफ बैकफुट पर जाने की कमजोरी उजागर की और हार्मर की एक गेंद को पुल करने के प्रयास में मिडविकेट पर रयान रिकलेटन के हाथों लपके गए। ध्रुव जुरेल तो खाता भी नहीं खोल सके। चायकाल से ठीक पहले जेनसन की वह गेंद, जो अपेक्षित गति से कम निकली, उनके गलत समय पर खेल गए पुल शॉट को सीधे महाराज के हाथों पहुँचा गई।

पिच में ज़्यादा खामियाँ नहीं थीं, लेकिन भारतीय बल्लेबाजों के संदिग्ध शॉट चयन ने हालात को कठिन बना दिया। दक्षिण अफ्रीकी गेंदबाजों, खासकर महाराज और हार्मर ने लगातार दवाब बनाए रखा और भारत को पहले सत्र में सात रन के भीतर तीन महत्वपूर्ण विकेट गंवाने पड़े।

दिन के खेल के अंत ने यह साफ कर दिया कि भारत को अब पारी संभालने के लिए न केवल संयम बल्कि लंबी साझेदारी की सख्त जरूरत है। शुरुआती बढ़त के बावजूद बदलते मैच समीकरण यह संकेत दे रहे हैं कि तीसरे दिन का अंतिम सत्र और चौथे दिन की शुरुआत टीम इंडिया की उम्मीदों को आकार देंगे।

Ashiti Joil

Ashiti Joil

यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।

Next Story