दीप्ति की फिरकी में फंसा विपक्षी संघ ; 5 विकेट और नाबाद पारी से लगाई विश्व कप की हुंकार
जोहान्सबर्ग में चौथे टी20 के दौरान दीप्ति शर्मा ने 19 रन देकर 5 विकेट लिए और नाबाद 36 रनों की पारी खेलकर अपनी खराब फॉर्म का अंत किया।

जोहान्सबर्ग में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ चौथे टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच के दौरान विकेट लेने का जश्न मनातीं भारतीय ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा।
Deepti Sharma 5 wickets vs South Africa : जोहान्सबर्ग के ऐतिहासिक मैदान पर भारतीय महिला क्रिकेट की अनुभवी स्तंभ दीप्ति शर्मा ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि उन्हें संकटमोचक क्यों कहा जाता है। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ चौथे टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में दीप्ति ने न केवल अपनी फॉर्म को लेकर उठ रहे सवालों को शांत किया, बल्कि गेंद और बल्ले दोनों से ऐसा विध्वंसक प्रदर्शन किया जिसने मेजबान टीम की कमर तोड़ दी। पिछले पांच मैचों से विकेट के सूखे का सामना कर रही 28 वर्षीय इस खिलाड़ी ने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 19 रन देकर 5 विकेट झटके, जो टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनका पहला 'फाइव विकेट हॉल' है। मैच में टॉस से लेकर अंतिम विकेट गिरने तक दीप्ति के चेहरे पर वो आत्मविश्वास साफ झलक रहा था, जिसकी उम्मीद भारतीय क्रिकेट प्रशंसक विश्व कप से ठीक पहले कर रहे थे।
मैच की शुरुआत में जब भारतीय बल्लेबाजी क्रम संघर्ष कर रहा था, तब दीप्ति ने मध्यक्रम में आकर मोर्चा संभाला और 36 रनों की एक महत्वपूर्ण नाबाद पारी खेलकर टीम के स्कोर को सम्मानजनक स्थिति तक पहुँचाया। उनकी इस पारी ने गेंदबाजों को लड़ने का आधार दिया। इसके बाद जब गेंद की बारी आई, तो उन्होंने अपनी फिरकी के जाल में प्रोटियाज बल्लेबाजों को ऐसा उलझाया कि पूरी दक्षिण अफ्रीकी टीम ताश के पत्तों की तरह ढह गई। इस शानदार जीत के साथ ही भारत ने श्रृंखला में अपनी पहली जीत का स्वाद चखा। 'प्लेयर ऑफ द मैच' का पुरस्कार जीतने के बाद दीप्ति ने अपनी सफलता का श्रेय टीम के साथियों के भरोसे को दिया और कहा कि वह मुश्किल परिस्थितियों में प्रदर्शन करने की चुनौती का आनंद लेती हैं।
दीप्ति शर्मा की इस वापसी के पीछे टीम के मुख्य कोच अमोल मजूमदार का वह अटूट विश्वास भी रहा, जो उन्होंने तीसरे मैच की हार के बाद जताया था। मजूमदार ने दीप्ति को भारतीय क्रिकेट का आधार स्तंभ बताते हुए भविष्यवाणी की थी कि वह जल्द ही फॉर्म में लौटेंगी। कोच का यह भरोसा जोहान्सबर्ग में सच साबित हुआ। श्रृंखला के शुरुआती तीन मैचों में पिछड़ने के बाद भारतीय टीम के लिए यह जीत एक संजीवनी की तरह है। दीप्ति का मानना है कि इस जीत से टीम को आगामी टी20 विश्व कप के लिए काफी सकारात्मक ऊर्जा और आत्मविश्वास मिला है।
अब सबकी निगाहें सोमवार, 27 अप्रैल को बेनोनी में होने वाले पांचवें और अंतिम मुकाबले पर टिकी हैं, जहाँ भारतीय टीम इस लय को बरकरार रखना चाहेगी।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
