डॉक्टर की लापरवाही पर सिरोही उपभोक्ता आयोग का फैसला, मरीज को मिलेगा 7.55 लाख मुआवजा
सिरोही जिला उपभोक्ता आयोग ने इलाज में कोताही बरतने पर डॉ. एस.पी. गुप्ता को दोषी माना, समय पर सही सलाह न मिलने से मरीज अशोक मिश्रा को गंवाना पड़ा था पैर का अंगूठा।

सिरोही। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग, सिरोही ने एक महत्वपूर्ण फैसले में डॉक्टर की लापरवाही को गंभीर मानते हुए पीड़ित मरीज को 7.55 लाख रुपये का मुआवजा दिलाने का आदेश दिया है। आयोग के अध्यक्ष अभिमन्यु सिंह राठौड़, सदस्य नवीन चंद्र मिश्रा और सदस्य जया मिश्री ने मामले की सुनवाई करते हुए यह निर्णय सुनाया।
उपचार में कोताही और आयोग का कड़ा रुख
आयोग ने अपने आदेश में स्पष्ट रूप से कहा कि संबंधित डॉक्टर द्वारा समय पर सही उपचार और उचित सलाह नहीं देने के कारण मरीज अशोक मिश्रा को अपने पैर का अंगूठा गंवाना पड़ा। यह चिकित्सकीय लापरवाही का स्पष्ट मामला है, जिसके चलते मरीज को शारीरिक और मानसिक कष्ट सहना पड़ा। आयोग ने यह भी टिप्पणी की कि एक चिकित्सक का कर्तव्य है कि वह पूरी सावधानी से उपचार करे और जरूरत पड़ने पर मरीज को विशेषज्ञ के पास रेफर करे। इस मामले में डॉक्टर ने लापरवाही बरती, जिससे मरीज को भारी नुकसान उठाना पड़ा।
शिकायत और मामले की पृष्ठभूमि
शिकायत के अनुसार, सितंबर 2016 में अशोक मिश्रा इलाज के लिए स्थानीय डॉक्टर एस.पी. गुप्ता के पास पहुंचे थे। उनके पैर में मामूली घाव था, जिसे डॉक्टर ने सामान्य मानते हुए इलाज शुरू किया। कई दिनों तक पट्टी और इंजेक्शन दिए गए, लेकिन घाव बिगड़ता गया और उसमें बदबू आने लगी। पीड़ित का आरोप है कि बार-बार पूछने पर भी डॉक्टर ने सही दिशा-निर्देश नहीं दिए और इलाज में देरी की।
स्थिति की गंभीरता और अंगूठा काटने की नौबत
जब स्थिति अत्यधिक गंभीर हो गई, तब मरीज को दूसरे अस्पताल में ले जाया गया। वहां हुई जांच में "गैंगरीन" जैसी गंभीर बीमारी का पता चला। डॉक्टरों ने मरीज की जान बचाने के लिए पैर का अंगूठा काटना अनिवार्य बताया। आयोग ने इस पूरी प्रक्रिया में डॉक्टर की कार्यशैली को दोषपूर्ण माना है।
मुआवजे का भुगतान और भविष्य के लिए संदेश
आयोग ने दोषी डॉक्टर को निर्देश दिया कि वह पीड़ित को मानसिक व शारीरिक पीड़ा, इलाज खर्च और अन्य हानि के एवज में 7.55 लाख रुपये 45 दिनों के भीतर अदा करे। "यह फैसला चिकित्सा क्षेत्र में जिम्मेदारी और सावधानी के महत्व को रेखांकित करता है।" आयोग के इस आदेश ने चिकित्सा सेवाओं में जवाबदेही तय करने की दिशा में एक बड़ा उदाहरण पेश किया है।

Dineshkumar Bohra, Sirohi
नाम: दिनेश बोहरा
वर्तमान पद: रिपोर्टर
कार्यक्षेत्र: सिरोही जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति, शिक्षा और प्रशासनिक खबरें
परिचय एवं अनुभव
दिनेश बोहरा सिरोही जिले से एक सक्रिय रिपोर्टर हैं। वह वर्तमान में 'फर्स्ट इंडिया न्यूज' में रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं और वहां सभी प्रकार की खबरों को कवर करते हैं। मीडिया इंडस्ट्री में उनका अनुभव निम्नलिखित है:
- फर्स्ट इंडिया न्यूज: वर्ष 2013 से लगातार इस संस्थान से जुड़े हुए हैं और रिपोर्टिंग कर रहे हैं।
- प्रातःकाल: पिछले कुछ समय से वह 'प्रातःकाल' समाचार पत्र और मीडिया प्लेटफॉर्म के साथ भी जुड़कर कार्य कर रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
दिनेश बोहरा शैक्षणिक रूप से परास्नातक हैं। उनकी योग्यता निम्नलिखित है:
- कला स्नातक (B.A.)
- कला स्नातकोत्तर (M.A.)
