सवाई माधोपुर: शहरी सेवा शिविर में नागरिक समस्याओं का होगा निस्तारण
15 जुलाई तक संचालित शहरी सेवा पखवाड़ा के तहत सवाई माधोपुर, गंगापुर सिटी और अन्य नगर निकायों में लंबित विभागीय कार्यों का मौके पर निपटारा किया जाएगा।

सवाई माधोपुर, 1 जुलाई। राज्य सरकार के निर्देशों के क्रम में आमजन को त्वरित राहत प्रदान करने के उद्देश्य से आयोजित किए जा रहे शहरी सेवा शिविर अभियान-2026 के तहत सेवा पखवाड़ा पूरी गति से जारी है। 12 जून से शुरू हुआ यह पखवाड़ा 15 जुलाई, 2026 तक निरंतर संचालित रहेगा। इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य नगर निकाय क्षेत्रों में नागरिक सुविधाओं को सुदृढ़ करना और लंबित विभागीय कार्यों का मौके पर ही निस्तारण करना है।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, आगामी गुरुवार, 2 जुलाई को व्यापक स्तर पर शिविरों का आयोजन किया जाएगा। नगर परिषद सवाई माधोपुर क्षेत्र के वार्ड नंबर 31 से 36 तक के लिए शिविर नगर परिषद परिसर सवाई माधोपुर में आयोजित होंगे। इसी प्रकार, नगर परिषद गंगापुर सिटी क्षेत्र के वार्ड नंबर 37 से 42 तक के निवासी अपनी समस्याओं के समाधान हेतु नगर परिषद सभागार गंगापुर सिटी पहुंच सकते हैं। नगर पालिका बामनवास में वार्ड संख्या 12 का शिविर नगर पालिका कार्यालय में तथा नगर पालिका वजीरपुर में वार्ड संख्या 13 का शिविर नगर पालिका कार्यालय में आयोजित किया जाना सुनिश्चित किया गया है। इसके अतिरिक्त, नगर पालिका क्षेत्र खण्डार के वार्ड नंबर 1 से 25 तक के निवासियों के लिए विशेष शिविर नगर पालिका खण्डार के सभागार में लगाया जाएगा।
इन शिविरों में नगर निकाय से जुड़ी विभिन्न जनहितकारी सेवाओं का लाभ मिलेगा। इनमें प्रमुख रूप से क्षेत्र की साफ-सफाई, स्ट्रीट लाइट की मरम्मत एवं नई लाइटें लगाने का कार्य, सीवरेज कनेक्शन व उनकी मरम्मत, तथा सार्वजनिक पार्कों का सौंदर्यीकरण शामिल है। इसके साथ ही, ट्रेड लाइसेंस, फायर एनओसी, स्ट्रीट वेंडर रजिस्ट्रेशन, उपविभाजन-एकीकरण, लीज मुक्ति प्रमाण-पत्र जारी करने जैसे तकनीकी कार्यों के साथ-साथ जन्म-मृत्यु और विवाह प्रमाण-पत्रों के लिए भी आवेदन स्वीकार किए जाएंगे। सामाजिक सुरक्षा पेंशन, मुख्यमंत्री स्वनिधि और प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना एवं एसबीएम 2.0 के अंतर्गत घरेलू शौचालय निर्माण के आवेदनों का निपटारा करना इन शिविरों की सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। राज्य सरकार का यह प्रयास आम नागरिकों के जीवन को सरल बनाने और शासकीय योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

