सवाई माधोपुर पुलिस ने 8 महीने से फरार हत्या के आरोपी को पकड़ा
सवाई माधोपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र में 30 दिसंबर 2025 को हुई चाकूबाजी की घटना के मुख्य आरोपी प्रमोद मीणा को पुलिस ने कुश्तला के पास से गिरफ्तार किया।

तस्वीर में बाईं ओर पुलिस कांस्टेबल मनीष और दाईं ओर हत्या का आरोपी प्रमोद मीणा दिखाई दे रहे हैं।
सवाई माधोपुर के कोतवाली पुलिस थाना क्षेत्र में बीते आठ माह से हत्या के एक संगीन मामले में फरार चल रहे 5 हजार रुपये के इनामी आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी प्रमोद मीणा को कुश्तला के पास से धर दबोचा गया, जो घटना के बाद से लगातार अपनी पहचान छुपाकर टोंक, अलीगढ़, उनियारा, जयपुर, कोटा और बूंदी जैसे विभिन्न स्थानों पर फरारी काट रहा था।
यह जघन्य घटना 30 दिसंबर 2025 की रात्रि को घटित हुई थी, जब देवली, टोंक से निमली रोड की ओर आई एक बारात में बस में बैठने को लेकर मामूली कहासुनी हुई। देखते ही देखते विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और चाकूबाजी की इस घटना में मनोज रैगर की दुखद मृत्यु हो गई। इस मामले में पुलिस पूर्व में ही चार अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है, जबकि मुख्य आरोपी प्रमोद मीणा तभी से फरार चल रहा था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए सुश्री ज्येष्ठा मैत्रेयी, पुलिस अधीक्षक सवाई माधोपुर के निर्देशन, श्री विजय सिंह मीणा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक और श्री जयप्रकाश अटल, पुलिस उपाधीक्षक शहर के निकटतम सुपरविजन में पुलिस निरीक्षक व थानाधिकारी मदनलाल मीणा के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। पुलिस को घटना के संबंध में रवि रैगर द्वारा दर्ज कराए गए पर्चा बयान से पता चला कि रात्रि करीब 10.15 बजे खाना खाने के बाद जब वे बस में सवार हो रहे थे, तब नशे में धुत कुछ युवकों ने उनके साथ हाथापाई की। आरोपी प्रमोद मीणा पुत्र प्रकाश मीना (35), निवासी बंगाली कॉलोनी, देवली ने मनोज रैगर की बाईं पसली में चाकू घोंपा, जबकि अन्य साथियों ने भी प्राणघातक हमले किए।
कोतवाली पुलिस ने प्रकरण संख्या 360/25 के तहत फरार चल रहे 35 वर्षीय आरोपी प्रमोद मीना को 30 जून 2026 को कुश्तला के पास से गिरफ्तार कर लिया। इस ऑपरेशन को सफल बनाने में थानाधिकारी मदनलाल, सउनि हुकमसिंह, एचसी हम्बीर सिंह, कानि मनीष (मुख्य भूमिका), कानि सचिन, कानि राजीव, कानि विकास और कानि राजेन्द्र की विशेष भूमिका रही। फिलहाल आरोपी से गहन अनुसंधान जारी है। सवाई माधोपुर पुलिस की इस सख्त कार्रवाई ने अपराधियों के बीच कड़ा संदेश दिया है कि कानून से कोई भी बच नहीं सकता।

