स्थाई लोक अदालत को लेकर पेंशनर्स में बढ़ी जागरूकता, शिविर में अधिकार और सेवाओं की दी जानकारी
सवाई माधोपुर में स्थाई लोक अदालत को लेकर पेंशनर्स विभाग में जागरूकता शिविर आयोजित हुआ। जूली खंडेलवाल ने पेंशन अधिकारों, जनोपयोगी सेवाओं और विवाद समाधान की विधिक प्रक्रिया की जानकारी दी।

तस्वीर में सवाई माधोपुर के पेंशनर्स विभाग में आयोजित विधिक जागरूकता शिविर के दौरान मंच पर मौजूद अधिकारी और कुर्सियों पर बैठे लोग नजर आ रहे हैं।
16 सितम्बर 2026 को सवाई माधोपुर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में पेंशनर्स विभाग में स्थाई लोक अदालत के संबंध में जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। शिविर का उद्देश्य आमजन एवं पेंशनर्स को स्थाई लोक अदालत की कार्यप्रणाली, अधिकार क्षेत्र और उपयोगिता की जानकारी देना रहा।
शिविर में स्थाई लोक अदालत सवाई माधोपुर की सदस्य जूली खंडेलवाल ने उपस्थित पेंशनर्स एवं विभागीय कार्मिकों को स्थाई लोक अदालत की कार्यप्रणाली, अधिकार क्षेत्र और उपयोगिता के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्थाई लोक अदालत का उद्देश्य जनोपयोगी सेवाओं से संबंधित विवादों का त्वरित, सुलभ और प्रभावी समाधान उपलब्ध करवाना है। आमजन को ऐसे विवादों के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से लंबी न्यायिक प्रक्रिया से न गुजरना पड़े, इसके लिए स्थाई लोक अदालत एक महत्वपूर्ण वैकल्पिक विवाद समाधान मंच के रूप में कार्य करती है।
जूली खंडेलवाल ने उपस्थित पेंशनर्स को बताया कि जनोपयोगी सेवाओं से संबंधित मामलों में निर्धारित विधिक प्रक्रिया के अनुसार स्थाई लोक अदालत के समक्ष प्रकरण प्रस्तुत किए जा सकते हैं। उन्होंने विशेष रूप से पेंशनर्स को उनके पेंशन संबंधी अधिकारों, विभिन्न जनोपयोगी सेवाओं से जुड़ी समस्याओं और शिकायतों के समाधान के लिए उपलब्ध विधिक विकल्पों की जानकारी दी।
शिविर के दौरान स्थाई लोक अदालत जनोपयोगी सेवाएं के अधिकार क्षेत्र में आने वाली सेवाओं के बारे में भी जानकारी दी गई। बताया गया कि परिवहन सेवा, डाक एवं तार सेवा, टेलीफोन सेवा, विद्युत एवं जल आपूर्ति, स्वच्छता, अस्पताल अथवा औषधालय की सेवाएं, बैंक एवं वित्तीय सेवा तथा अन्य जनोपयोगी सेवाओं से संबंधित विवादों के समाधान के लिए स्थाई लोक अदालत की सहायता ली जा सकती है।
उन्होंने बताया कि स्थाई लोक अदालत में प्रकरण प्रस्तुत करने से पहले संबंधित पक्षों के बीच आपसी समझौते एवं सुलह के माध्यम से विवाद का समाधान करने का प्रयास किया जाता है। यदि सुलह से विवाद का समाधान नहीं हो पाता है तो विधि में निर्धारित प्रावधानों के अनुसार स्थाई लोक अदालत द्वारा विवाद का निर्णय किया जा सकता है। इस व्यवस्था के माध्यम से विवादों के शांतिपूर्ण एवं प्रभावी समाधान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई जाती है।
शिविर में पेंशनर्स को बताया गया कि किसी भी जन उपयोगी सेवा से संबंधित समस्या के समाधान के लिए समय रहते उचित विधिक मंच की जानकारी होना आवश्यक है। जूली खंडेलवाल ने पेंशनर्स से अपने अधिकारों एवं उपलब्ध विधिक सेवाओं के प्रति जागरूक रहने तथा आवश्यकता पड़ने पर स्थाई लोक अदालत की सेवाओं का लाभ उठाने का आग्रह किया।
कार्यक्रम के दौरान पेंशनर्स एवं विभागीय कार्मिकों ने स्थाई लोक अदालत की कार्यप्रणाली से संबंधित विभिन्न प्रश्न पूछे। सदस्य जूली खंडेलवाल ने इन प्रश्नों का सरल एवं विस्तृत रूप से समाधान किया। उन्होंने उपस्थितजनों को विवादों को आपसी समझाइश एवं सुलह के माध्यम से समाप्त करने तथा न्यायालयों में लंबित विवादों को कम करने की दिशा में लोक अदालत एवं वैकल्पिक विवाद समाधान व्यवस्था के महत्व से भी अवगत कराया।
इस दौरान भारतीय जीवन बीमा निगम सवाई माधोपुर के प्रभारी अधिकारी रामधन मीणा, आयुर्वेद विभाग सवाई माधोपुर के सहायक निदेशक डॉ. पुरुषोत्तम गौतम एवं पोस्ट ऑफिस के डाकपाल जब्बर सिंह मीना ने भी अपने विभाग में संचालित योजनाओं के बारे में जानकारी प्रदान की।
शिविर के अंत में उपस्थित पेंशनर्स एवं विभागीय कार्मिकों को स्थाई लोक अदालत से संबंधित जागरूकता सामग्री उपलब्ध कराई गई। इस दौरान अधिकार मित्र मगनलाल मीणा और अधिवक्ता राजेंद्र यादव भी उपस्थित रहे।

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur
नाम: हरक चंद जैन
वर्तमान पद: रिपोर्टर
कार्यक्षेत्र: सवाई माधोपुर (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जनहित के मुद्दे और स्थानीय समाचार (सवाई माधोपुर)
परिचय
हरक चंद जैन राजस्थान के सवाई माधोपुर क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से सवाई माधोपुर जिले के स्थानीय समाचारों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
हरक चंद जैन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में 45 वर्षों का लंबा और व्यापक अनुभव है। अपने इस दीर्घकालिक करियर के दौरान वह कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों से जुड़े रहे हैं:
- दैनिक प्रातःकाल: पिछले 6 वर्षों से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' के साथ जुड़कर कार्यरत हैं।
- अन्य समाचार पत्र: इसके पूर्व उन्होंने धर्म दिवाकर, देश की धरती, जननायक, नवज्योति, नवभारत टाइम्स और महका भारत जैसे विभिन्न समाचार पत्रों के लिए पत्रकारिता की है।
