नगर निकाय चुनाव: सवाई माधोपुर, खण्डार और बौंली में प्रचार थमा, अंतिम 48 घंटे में सख्ती
सवाई माधोपुर, खण्डार और बौंली में 9 सितंबर मतदान से पहले प्रचार थमा। अंतिम 48 घंटे में सभा, जुलूस, प्रचार और कई गतिविधियों पर रोक रहेगी।

तस्वीर में टेंट के नीचे बैठे अधिकारी सभा को संबोधित कर रहे हैं।
नगर निकाय आम चुनाव-2026 के प्रथम चरण में 9 सितंबर को होने वाले मतदान को लेकर सवाई माधोपुर, खण्डार एवं बौंली नगरीय निकाय क्षेत्रों में सोमवार शाम 6 बजे चुनाव प्रचार थम गया। स्वतंत्र, निष्पक्ष, पारदर्शी एवं शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए मतदान से पूर्व अंतिम 48 घंटे और मतदान दिवस पर निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों की कड़ाई से पालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला निर्वाचन अधिकारी काना राम ने बताया कि निर्वाचन से पूर्व अंतिम 48 घंटे की अवधि निर्वाचन प्रबंधन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। चुनाव प्रचार समाप्त होने के बाद इस अवधि में आदर्श आचार संहिता के प्रावधानों के साथ कानून-व्यवस्था और निर्वाचन प्रक्रिया की गोपनीयता बनाए रखना जरूरी है। संबंधित अधिकारियों, राजनीतिक दलों एवं अभ्यर्थियों को सतर्कता के साथ निर्धारित दिशा-निर्देशों की पालना करनी होगी।
लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 के प्रावधानों के अनुसार मतदान समाप्ति के लिए निर्धारित समय से समाप्त होने वाली 48 घंटे की अवधि में चुनाव प्रचार पूरी तरह प्रतिबंधित रहता है। इस दौरान किसी भी प्रकार की सार्वजनिक सभा या जुलूस आयोजित नहीं किया जा सकेगा। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के लागू आदेशों के अनुसार पांच से अधिक व्यक्तियों के एकत्रित होने और आवागमन संबंधी प्रतिबंधों की पालना भी सुनिश्चित की जाएगी।
इस अवधि में लाउडस्पीकर एवं ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग प्रतिबंधित रहेगा। अस्पताल, विद्यालय एवं धार्मिक स्थलों की 100 मीटर की परिधि में भी लाउडस्पीकर के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। राजनीतिक प्रचार में लगे ऐसे व्यक्ति, जो संबंधित नगर निकाय क्षेत्र के मतदाता अथवा सांसद/विधायक नहीं हैं, उन्हें प्रचार अवधि समाप्त होने के तुरंत बाद निर्वाचन क्षेत्र छोड़ना होगा।
निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार अंतिम 48 घंटे की अवधि से संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में सूखा दिवस प्रभावी रहेगा। अनुज्ञप्त परिसरों में शराब के भंडारण एवं वितरण पर आबकारी कानूनों के तहत लागू प्रतिबंधों की कड़ाई से पालना सुनिश्चित की जाएगी।
निर्वाचन संबंधी ओपिनियन पोल एवं एग्जिट पोल के प्रसारण पर भी निर्धारित अवधि में प्रतिबंध रहेगा। प्रथम निर्वाचन दिवस से अंतिम मतदान तिथि को मतदान समाप्त होने के 30 मिनट बाद तक एग्जिट पोल प्रतिबंधित रहेगा। मतदान समाप्ति से पूर्व की 48 घंटे की अवधि में किसी भी ओपिनियन पोल के परिणाम को प्रिंट या इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के माध्यम से प्रकाशित, प्रचारित या प्रसारित नहीं किया जा सकेगा।
मतदान दिवस पर वाहनों के संचालन और अनुमति को लेकर भी विशेष नियंत्रण रहेगा। अभ्यर्थी एवं उनके निर्वाचन अभिकर्ता को नियमानुसार अनुमत वाहनों का ही उपयोग करना होगा तथा अनुमति पत्र वाहन की विंड स्क्रीन पर प्रदर्शित करना अनिवार्य होगा। मतदाताओं को मतदान केंद्र तक लाने-ले जाने के लिए अभ्यर्थियों अथवा राजनीतिक दलों द्वारा निःशुल्क वाहन उपलब्ध कराना प्रतिबंधित रहेगा। मतदान केंद्र के 200 मीटर के दायरे में निजी वाहनों के उपयोग पर भी निर्धारित प्रतिबंध लागू रहेंगे। आवश्यक सेवाओं, सार्वजनिक परिवहन, ड्यूटी पर तैनात सरकारी अधिकारियों तथा बीमार एवं दिव्यांग व्यक्तियों के लिए नियमानुसार छूट रहेगी।
मतदान केंद्र भवन की 100 मीटर की परिधि में पोस्टर, बैनर अथवा किसी भी प्रकार की प्रचार सामग्री प्रदर्शित नहीं की जा सकेगी। इस क्षेत्र में ध्वनि विस्तारक यंत्र एवं मेगाफोन का उपयोग भी प्रतिबंधित रहेगा। अभ्यर्थियों के निर्वाचन बूथ मतदान केंद्र से 200 मीटर से अधिक दूरी पर ही निर्धारित निर्देशों के अनुसार स्थापित किए जा सकेंगे। ऐसे बूथ पर निर्धारित आकार का केवल एक बैनर लगाया जा सकेगा और उस पर राजनीतिक दल के नेता या अभ्यर्थी का फोटो, चुनाव चिन्ह अथवा नारा प्रदर्शित नहीं किया जा सकेगा।
मतदान की गोपनीयता बनाए रखना भी अनिवार्य होगा। मतदान केंद्र की 100 मीटर की परिधि में कर्तव्यरत अधिकृत अधिकारियों को छोड़कर मोबाइल फोन, वायरलेस अथवा अन्य संचार उपकरणों के उपयोग पर निर्धारित प्रतिबंध लागू रहेंगे। अधिकृत सुरक्षा कर्मियों को छोड़कर किसी भी व्यक्ति को मतदान केंद्र के 100 मीटर के भीतर सशस्त्र प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। मीडिया सहित किसी भी व्यक्ति द्वारा मतदान प्रक्रिया की ऐसी तस्वीर या वीडियो कैद नहीं की जाएगी, जिससे मतदाता की पहचान अथवा मतदान की गोपनीयता प्रकट होती हो।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित नगर निकाय क्षेत्रों के रिटर्निंग अधिकारियों एवं सहायक रिटर्निंग अधिकारियों को निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों की अक्षरशः पालना सुनिश्चित करने तथा अंतिम 48 घंटे एवं मतदान दिवस की कार्ययोजना के अनुसार सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। आदर्श आचार संहिता की पालना के लिए गठित संबंधित समितियों एवं विभिन्न निर्वाचन प्रकोष्ठों को भी अपने-अपने दायित्वों का प्रभावी ढंग से निर्वहन करने तथा पी-2 एवं मतदान दिवस पर निर्धारित कार्ययोजना के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने राजनीतिक दलों एवं चुनाव लड़ने वाले सभी अभ्यर्थियों से निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों एवं आदर्श आचार संहिता की पूर्ण पालना करते हुए स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण निर्वाचन में सहयोग करने की अपील की है।
वहीं, नगर परिषद गंगापुर सिटी, नगर पालिका बामनवास एवं वजीरपुर में द्वितीय चरण का मतदान 11 सितंबर को होगा। इन निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव प्रचार पर पाबंदी वाले नियम 9 सितंबर शाम 6 बजे से लागू होंगे। इस तरह दोनों चरणों के मतदान क्षेत्रों में निर्धारित समय के बाद प्रचार गतिविधियों पर रोक और निर्वाचन नियमों की सख्त पालना सुनिश्चित करना चुनाव प्रक्रिया की महत्वपूर्ण कड़ी रहेगी।

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur
नाम: हरक चंद जैन
वर्तमान पद: रिपोर्टर
कार्यक्षेत्र: सवाई माधोपुर (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जनहित के मुद्दे और स्थानीय समाचार (सवाई माधोपुर)
परिचय
हरक चंद जैन राजस्थान के सवाई माधोपुर क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से सवाई माधोपुर जिले के स्थानीय समाचारों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
हरक चंद जैन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में 45 वर्षों का लंबा और व्यापक अनुभव है। अपने इस दीर्घकालिक करियर के दौरान वह कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों से जुड़े रहे हैं:
- दैनिक प्रातःकाल: पिछले 6 वर्षों से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' के साथ जुड़कर कार्यरत हैं।
- अन्य समाचार पत्र: इसके पूर्व उन्होंने धर्म दिवाकर, देश की धरती, जननायक, नवज्योति, नवभारत टाइम्स और महका भारत जैसे विभिन्न समाचार पत्रों के लिए पत्रकारिता की है।
