सवाई माधोपुर: खाद की कालाबाजारी पर दो दुकानों के लाइसेंस सस्पेंड
कृषि विभाग ने अधिक कीमत वसूलने और स्टॉक रजिस्टर न मिलने पर गंगापुरसिटी और बामनवास की दो खाद-बीज दुकानों पर कार्रवाई की है।

सवाई माधोपुर जिले के गंगापुरसिटी और बामनवास क्षेत्र में उर्वरक विक्रय में अनियमितताओं और निर्धारित दरों से अधिक कीमत वसूलने के मामलों में कृषि विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। रबी फसल के सीजन में किसानों को उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने और खाद की बिक्री में नियमों के उल्लंघन पर अंकुश लगाने के लिए विभाग ने दो उर्वरक विक्रेताओं के अनुज्ञापत्र तत्काल प्रभाव से आगामी आदेशों तक निलंबित कर दिए हैं। यह कार्रवाई संयुक्त निदेशक कृषि (विस्तार), जिला परिषद सवाई माधोपुर लखपत मीणा ने की है।
कार्यालय सहायक निदेशक कृषि विस्तार, गंगापुरसिटी की जांच रिपोर्ट के आधार पर मैसर्स अंकित खाद-बीज भंडार, पिपलाई के खिलाफ कार्रवाई की गई। फर्म के निरीक्षण के दौरान निर्धारित दरों से अधिक कीमत पर उर्वरक बेचने, डिस्प्ले बोर्ड प्रदर्शित नहीं करने और स्टॉक रजिस्टर का संधारण नहीं करने जैसी अनियमितताएं सामने आईं। इसके बाद उर्वरक (नियंत्रण) आदेश, 1985 के प्रावधानों के तहत फर्म का उर्वरक अनुज्ञापत्र संख्या 1402 निलंबित कर दिया गया।
इसी क्रम में ग्राम भंवरकी, बामनवास स्थित मैसर्स श्री कांजी खाद-बीज भंडार के विरुद्ध भी जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की गई। संबंधित फर्म के उर्वरक विक्रय में अनियमितताओं और स्टॉक रजिस्टर का समुचित संधारण नहीं करने सहित नियमों के उल्लंघन का मामला सामने आया। इस पर फर्म का उर्वरक अनुज्ञापत्र संख्या FR/2023-24/26333 आगामी आदेशों तक निलंबित कर दिया गया।
दोनों मामलों में संबंधित फर्मों के प्रोपराइटर को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि निलंबन अवधि के दौरान किसी भी प्रकार के उर्वरक का क्रय-विक्रय नहीं किया जाए। साथ ही, उन्हें सात दिवस के भीतर संबंधित अधिकारी के समक्ष आवश्यक साक्ष्यों सहित अपना पक्ष प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है। निर्धारित समयावधि में जवाब नहीं देने या प्रस्तुत जवाब संतोषजनक नहीं पाए जाने की स्थिति में दोनों फर्मों के अनुज्ञापत्र निरस्त करने की कार्रवाई की जा सकती है।
कृषि विभाग ने सभी उर्वरक विक्रेताओं को निर्धारित दरों पर ही खाद बेचने, स्टॉक एवं विक्रय रजिस्टर का नियमित संधारण करने और आवश्यक सूचनाओं के साथ दर सूची प्रदर्शित करने के निर्देश दिए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि किसानों को उर्वरक उपलब्ध कराने में किसी भी प्रकार की अनियमितता, कालाबाजारी या निर्धारित दरों से अधिक कीमत वसूलने का मामला सामने आने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur
नाम: हरक चंद जैन
वर्तमान पद: रिपोर्टर
कार्यक्षेत्र: सवाई माधोपुर (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जनहित के मुद्दे और स्थानीय समाचार (सवाई माधोपुर)
परिचय
हरक चंद जैन राजस्थान के सवाई माधोपुर क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से सवाई माधोपुर जिले के स्थानीय समाचारों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
हरक चंद जैन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में 45 वर्षों का लंबा और व्यापक अनुभव है। अपने इस दीर्घकालिक करियर के दौरान वह कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों से जुड़े रहे हैं:
- दैनिक प्रातःकाल: पिछले 6 वर्षों से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' के साथ जुड़कर कार्यरत हैं।
- अन्य समाचार पत्र: इसके पूर्व उन्होंने धर्म दिवाकर, देश की धरती, जननायक, नवज्योति, नवभारत टाइम्स और महका भारत जैसे विभिन्न समाचार पत्रों के लिए पत्रकारिता की है।
