सवाई माधोपुर: शिक्षा के मंदिर में जाम छलकाना पड़ा भारी, शराबी प्रधानाध्यापक निलंबित
सवाई माधोपुर के गंगापुर सिटी में शिक्षा की गरिमा से खिलवाड़ का बड़ा मामला। राजकीय प्राथमिक विद्यालय तालाब की ढाणी में शराब पीने के आरोप में प्रधानाध्यापक अमरसिंह मीना निलंबित। जिला प्रशासन की त्वरित कार्रवाई और विभागीय जांच के आदेश। शिक्षा जगत में अनुशासन और नैतिक मूल्यों की रक्षा के लिए प्रशासन का कड़ा रुख। पूरी खबर पढ़ें।

सवाई माधोपुर, 13 जनवरी। राजस्थान के सवाई माधोपुर जिले से शिक्षा जगत को शर्मसार करने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां ज्ञान के मंदिर में मर्यादाओं की बलि चढ़ा दी गई। गंगापुर सिटी ब्लॉक के राजकीय प्राथमिक विद्यालय तालाब की ढाणी, हिंगोटिया में विद्यालय परिसर के भीतर शराब पीने का सनसनीखेज प्रकरण उजागर हुआ है। स्थानीय समाचार पत्रों में इस खबर के प्रकाशित होते ही जिला प्रशासन हरकत में आ गया और जिला कलक्टर के कड़े रुख के बाद शिक्षा विभाग ने आरोपित प्रधानाध्यापक के विरुद्ध त्वरित और कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की है।
घटनाक्रम के अनुसार, विद्यालय परिसर की गरिमा को ताक पर रखकर नशा करने की शिकायतें प्रशासन तक पहुँची थीं। जिला कलक्टर के स्पष्ट निर्देशों के बाद हुई प्रारंभिक जांच में अध्यापक अमरसिंह मीना, जो कि विद्यालय में अध्यापक लेवल प्रथम एवं प्रधानाध्यापक के पद पर कार्यरत हैं, प्रथम दृष्टया दोषी पाए गए। जांच रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया कि उनका आचरण न केवल पद की गरिमा के प्रतिकूल था, बल्कि विद्यालय की मर्यादा और शैक्षणिक वातावरण के लिए भी घातक था। इस घोर लापरवाही और अनैतिक कृत्य को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने न्यायसंगत कदम उठाए हैं।
प्रशासनिक स्तर पर की गई इस कार्रवाई के तहत अमरसिंह मीना को राजस्थान सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1958 के नियम-13 के अंतर्गत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इसके साथ ही उनके विरुद्ध विभागीय जांच भी प्रस्तावित की गई है ताकि प्रकरण की तह तक जाकर भविष्य के लिए एक नजीर पेश की जा सके। निलंबन की इस अवधि के दौरान अमरसिंह मीना का मुख्यालय कार्यालय मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी, समग्र शिक्षा, सवाई माधोपुर निर्धारित किया गया है, जहाँ उन्हें नियमित रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज करानी होगी।
जिला शिक्षा अधिकारी (मुख्यालय), प्रारम्भिक शिक्षा ने इस मामले पर कड़ा संदेश देते हुए कहा कि विद्यालयों में अनुशासन, नैतिक मूल्यों और पवित्र शैक्षणिक वातावरण को अक्षुण्ण रखना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा के क्षेत्र में किसी भी प्रकार की अनियमितता, अनुशासनहीनता या अनुचित आचरण को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस त्वरित कार्रवाई ने समाज में यह कड़ा संदेश दिया है कि बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले और संस्थान की गरिमा को ठेस पहुँचाने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के विरुद्ध कठोर और निष्पक्ष कार्रवाई जारी रहेगी।

Pratahkal Bureau
प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
