सवाई माधोपुर के मानटाउन थाना पुलिस ने सरकारी अस्पताल में टाइल्स सप्लाई के नाम पर ₹1,01,990 की साइबर ठगी करने के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी अरुन्दीप को पंजाब से गिरफ्तार किया है। आरोपी ने डॉक्टर बनकर भुगतान की प्रक्रिया के बहाने पीड़ित को झांसे में लिया और अलग-अलग बैंक खातों से रकम निकाल ली। पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है।

पुलिस अधीक्षक जिला सवाई माधोपुर सुश्री ज्येष्ठा मैत्रेयी आईपीएस के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सवाई माधोपुर श्रीमती नेहा अग्रवाल और पुलिस उपाधीक्षक शहर सवाई माधोपुर श्री राजेन्द्र कुमार के सुपरविजन में मानटाउन थाना प्रभारी सुनील कुमार गुप्ता के नेतृत्व में साइबर ठगी के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की गई।

दिनांक 25 अक्टूबर 2026 को प्रकरण संख्या 294/2026 में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 316(2), 318(4) और आईटी एक्ट की धारा 66सी के तहत दर्ज मामले में वांछित आरोपी अरुन्दीप पुत्र श्री रामचन्द्र, उम्र 36 वर्ष, जाति रविदास, निवासी गली नंबर चार, गुरुनानक नगर, मलोट, पुलिस थाना सिटी मलोट, जिला श्री मुक्तसर साहिब, पंजाब को पंजाब के मलोट स्थित पुलिस थाना सिटी मलोट से दस्तयाब किया गया। इसके बाद अनुसंधान के तहत उसे गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी से मामले में गहन अनुसंधान जारी है।

पुलिस के अनुसार, घटना 29 अगस्त 2026 की है। उस दिन सुबह 11:35 बजे पीड़ित को मोबाइल नंबर 8968448979 से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को डॉ. अशोक शर्मा बताते हुए कहा कि राजकीय अस्पताल (Govt. Hospital) में टाइल्स की आवश्यकता है और इसका भुगतान ऑनलाइन किया जाएगा।

इसके बाद दोपहर 12:34 बजे दूसरी कॉल में आरोपी ने खुद को डॉक्टर का बेटा बताया। भुगतान प्रक्रिया के नाम पर पहले पीड़ित से ₹20 भेजने को कहा और खाते में ₹40 प्राप्त होने का झांसा दिया। पीड़ित को विश्वास में लेने के बाद आरोपी ने उसे फोन की स्क्रीन पर बार-बार क्लिक करने और अलग-अलग बैंक खातों की जांच करने के निर्देश दिए। पीड़ित जैसे-जैसे अपने खाते चेक करता गया, उसके विभिन्न बैंक खातों से रकम कटती गई।

इस साइबर ठगी में भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के खाता संख्या 51101965705 से ₹60,000 निकाले गए, जिसका UTR नंबर 083337907627 है। एचडीएफसी बैंक (HDFC) के खाता संख्या 50100865318147 से ₹29,990 की रकम निकली, जिसका UTR नंबर 559261397781 है। वहीं केनरा बैंक (Canara Bank) के खाता संख्या 120036601300 से ₹12,000 निकाले गए, जिसका UTR नंबर 813848365853 है। इस तरह कुल ₹1,01,990 की साइबर ठगी की गई।

घटना के तुरंत बाद पीड़ित ने राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत संख्या 32708260094321 और 32708260094335 दर्ज की गईं। इसके बाद मानटाउन थाने में लिखित आवेदन प्रस्तुत किया गया। मामले में 1 सितंबर 2026 को मानटाउन थाना, जिला सवाई माधोपुर में प्रकरण संख्या 294/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 316(2), 318(4) और आईटी एक्ट की धारा 66सी में मामला दर्ज किया गया। जांच के दौरान साइबर ठगी से जुड़े खाताधारक अरुन्दीप को पंजाब से पकड़कर गिरफ्तार किया गया। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर ठगी के मामले की गहराई से जांच कर रही है।

पुलिस ने आमजन से अपील की है कि अनजान नंबरों से सरकारी विभाग या अस्पताल में सप्लाई के नाम पर आने वाली फोन कॉल से सतर्क रहें और अज्ञात व्यक्तियों के झांसे में न आएं। खाते में पैसे प्राप्त करने के लिए किसी भी ऐप पर पिन डालने या फोन पर बार-बार क्लिक करने अथवा लिंक खोलने की आवश्यकता नहीं होती। साइबर ठगी होने पर बिना देरी किए राष्ट्रीय साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime-gov- पर शिकायत दर्ज कराएं।

इस कार्रवाई में मानटाउन थाना प्रभारी सुनील कुमार गुप्ता, सहायक उपनिरीक्षक श्री राधेश्याम, कांस्टेबल श्री महेन्द्र (1379) और कांस्टेबल श्री हरिसिंह (1133) की भूमिका रही।सवाई माधोपुर के मानटाउन थाना पुलिस ने सरकारी अस्पताल में टाइल्स सप्लाई के नाम पर ₹1,01,990 की साइबर ठगी करने के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी अरुन्दीप को पंजाब से गिरफ्तार किया है। आरोपी ने डॉक्टर बनकर भुगतान की प्रक्रिया के बहाने पीड़ित को झांसे में लिया और अलग-अलग बैंक खातों से रकम निकाल ली। पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है।

पुलिस अधीक्षक जिला सवाई माधोपुर सुश्री ज्येष्ठा मैत्रेयी आईपीएस के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सवाई माधोपुर श्रीमती नेहा अग्रवाल और पुलिस उपाधीक्षक शहर सवाई माधोपुर श्री राजेन्द्र कुमार के सुपरविजन में मानटाउन थाना प्रभारी सुनील कुमार गुप्ता के नेतृत्व में साइबर ठगी के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की गई।

दिनांक 25 अक्टूबर 2026 को प्रकरण संख्या 294/2026 में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 316(2), 318(4) और आईटी एक्ट की धारा 66सी के तहत दर्ज मामले में वांछित आरोपी अरुन्दीप पुत्र श्री रामचन्द्र, उम्र 36 वर्ष, जाति रविदास, निवासी गली नंबर चार, गुरुनानक नगर, मलोट, पुलिस थाना सिटी मलोट, जिला श्री मुक्तसर साहिब, पंजाब को पंजाब के मलोट स्थित पुलिस थाना सिटी मलोट से दस्तयाब किया गया। इसके बाद अनुसंधान के तहत उसे गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी से मामले में गहन अनुसंधान जारी है।

पुलिस के अनुसार, घटना 29 अगस्त 2026 की है। उस दिन सुबह 11:35 बजे पीड़ित को मोबाइल नंबर 8968448979 से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को डॉ. अशोक शर्मा बताते हुए कहा कि राजकीय अस्पताल (Govt. Hospital) में टाइल्स की आवश्यकता है और इसका भुगतान ऑनलाइन किया जाएगा।

इसके बाद दोपहर 12:34 बजे दूसरी कॉल में आरोपी ने खुद को डॉक्टर का बेटा बताया। भुगतान प्रक्रिया के नाम पर पहले पीड़ित से ₹20 भेजने को कहा और खाते में ₹40 प्राप्त होने का झांसा दिया। पीड़ित को विश्वास में लेने के बाद आरोपी ने उसे फोन की स्क्रीन पर बार-बार क्लिक करने और अलग-अलग बैंक खातों की जांच करने के निर्देश दिए। पीड़ित जैसे-जैसे अपने खाते चेक करता गया, उसके विभिन्न बैंक खातों से रकम कटती गई।

इस साइबर ठगी में भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के खाता संख्या 51101965705 से ₹60,000 निकाले गए, जिसका UTR नंबर 083337907627 है। एचडीएफसी बैंक (HDFC) के खाता संख्या 50100865318147 से ₹29,990 की रकम निकली, जिसका UTR नंबर 559261397781 है। वहीं केनरा बैंक (Canara Bank) के खाता संख्या 120036601300 से ₹12,000 निकाले गए, जिसका UTR नंबर 813848365853 है। इस तरह कुल ₹1,01,990 की साइबर ठगी की गई।

घटना के तुरंत बाद पीड़ित ने राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत संख्या 32708260094321 और 32708260094335 दर्ज की गईं। इसके बाद मानटाउन थाने में लिखित आवेदन प्रस्तुत किया गया। मामले में 1 सितंबर 2026 को मानटाउन थाना, जिला सवाई माधोपुर में प्रकरण संख्या 294/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 316(2), 318(4) और आईटी एक्ट की धारा 66सी में मामला दर्ज किया गया। जांच के दौरान साइबर ठगी से जुड़े खाताधारक अरुन्दीप को पंजाब से पकड़कर गिरफ्तार किया गया। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर ठगी के मामले की गहराई से जांच कर रही है।

पुलिस ने आमजन से अपील की है कि अनजान नंबरों से सरकारी विभाग या अस्पताल में सप्लाई के नाम पर आने वाली फोन कॉल से सतर्क रहें और अज्ञात व्यक्तियों के झांसे में न आएं। खाते में पैसे प्राप्त करने के लिए किसी भी ऐप पर पिन डालने या फोन पर बार-बार क्लिक करने अथवा लिंक खोलने की आवश्यकता नहीं होती। साइबर ठगी होने पर बिना देरी किए राष्ट्रीय साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime-gov- पर शिकायत दर्ज कराएं।

इस कार्रवाई में मानटाउन थाना प्रभारी सुनील कुमार गुप्ता, सहायक उपनिरीक्षक श्री राधेश्याम, कांस्टेबल श्री महेन्द्र (1379) और कांस्टेबल श्री हरिसिंह (1133) की भूमिका रही।

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur

नाम: हरक चंद जैन

वर्तमान पद: रिपोर्टर

कार्यक्षेत्र: सवाई माधोपुर (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): जनहित के मुद्दे और स्थानीय समाचार (सवाई माधोपुर)

परिचय

हरक चंद जैन राजस्थान के सवाई माधोपुर क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से सवाई माधोपुर जिले के स्थानीय समाचारों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)

हरक चंद जैन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में 45 वर्षों का लंबा और व्यापक अनुभव है। अपने इस दीर्घकालिक करियर के दौरान वह कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों से जुड़े रहे हैं:

  • दैनिक प्रातःकाल: पिछले 6 वर्षों से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' के साथ जुड़कर कार्यरत हैं।
  • अन्य समाचार पत्र: इसके पूर्व उन्होंने धर्म दिवाकर, देश की धरती, जननायक, नवज्योति, नवभारत टाइम्स और महका भारत जैसे विभिन्न समाचार पत्रों के लिए पत्रकारिता की है।

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