आगरा में आयोजित हिंदी दिवस समारोह के अवसर पर प्रो. (डॉ.) मधुमुकुल चतुर्वेदी को राष्ट्रभाषा हिंदी एवं साहित्यिक सेवाओं के लिए भारतेन्दु हरिश्चन्द्र राष्ट्रभाषा हिंदी भूषण सम्मान से अलंकृत किया गया है। उत्तर प्रदेश के आगरा स्थित बृजलोक साहित्य कला संस्कृति अकादमी द्वारा आयोजित कार्यक्रम में संस्था के प्रमुख पदाधिकारियों ने उन्हें इस प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा। सम्मान समारोह के दौरान अकादमी के अध्यक्ष डॉ. मुकेश कुमार ऋषि, सचिव तिरवर नाथ, कोषाध्यक्ष श्रीमती रीना देवी और विधिक सलाहकार डॉ. नरेश सिहाग एडवोकेट उपस्थित रहे, जिन्होंने संयुक्त रूप से प्रो. चतुर्वेदी को यह अलंकरण प्रदान किया।

साहित्य जगत में बहुआयामी योगदान देने वाले प्रो. डॉ. मधुमुकुल चतुर्वेदी की अब तक 15 पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं। इसके साथ ही उन्होंने कई प्रतिष्ठित साहित्यिक पत्रिकाओं के संपादन का दायित्व भी सफलतापूर्वक संभाला है। विभिन्न समाचार पत्रों और साहित्यिक पत्र-पत्रिकाओं में उनकी 150 से अधिक कहानियां एवं विचारपरक आलेख प्रकाशित होकर पाठकों द्वारा सराहे जा चुके हैं। हिंदी भाषा के प्रचार-प्रसार और साहित्य सृजन में उनके इसी सतत एवं उत्कृष्ट योगदान को रेखांकित करते हुए बृजलोक साहित्य कला संस्कृति अकादमी ने उन्हें इस राष्ट्रीय स्तर के सम्मान से विभूषित किया है।

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur

नाम: हरक चंद जैन

वर्तमान पद: रिपोर्टर

कार्यक्षेत्र: सवाई माधोपुर (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): जनहित के मुद्दे और स्थानीय समाचार (सवाई माधोपुर)

परिचय

हरक चंद जैन राजस्थान के सवाई माधोपुर क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से सवाई माधोपुर जिले के स्थानीय समाचारों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)

हरक चंद जैन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में 45 वर्षों का लंबा और व्यापक अनुभव है। अपने इस दीर्घकालिक करियर के दौरान वह कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों से जुड़े रहे हैं:

  • दैनिक प्रातःकाल: पिछले 6 वर्षों से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' के साथ जुड़कर कार्यरत हैं।
  • अन्य समाचार पत्र: इसके पूर्व उन्होंने धर्म दिवाकर, देश की धरती, जननायक, नवज्योति, नवभारत टाइम्स और महका भारत जैसे विभिन्न समाचार पत्रों के लिए पत्रकारिता की है।

Next Story