शिक्षा मंत्री मदन दिलावर की शिक्षक संगठनों के साथ बैठक, 1 अप्रैल से शुरू होगा नया सत्र
जयपुर में आयोजित बैठक में नवीन शैक्षणिक सत्र, शिक्षकों के बच्चों की सरकारी स्कूल में शिक्षा और लंबित पदोन्नति सहित विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।

जयपुर के पंचम ब्लॉक शिक्षा संकुल में शुक्रवार को शिक्षा मंत्री मदन दिलावर और शिक्षा सचिव की अध्यक्षता में विभिन्न शिक्षक संगठनों के पदाधिकारियों के साथ आयोजित समन्वय बैठक का दृश्य।
जयपुर। शुक्रवार को पंचम ब्लॉक शिक्षा संकुल जयपुर में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर एवं शिक्षा सचिव की उपस्थिति में विभिन्न शिक्षक संगठनों के पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। इस बैठक में प्रमुख मुद्दा नवीन शैक्षणिक सत्र 1 अप्रैल 2026 से प्रारंभ किए जाने, प्रवेशोत्सव, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, विद्यालय एवं विद्यार्थियों की सुरक्षा तथा विद्यालय संचालन पर विस्तृत चर्चा हुई। शिक्षा मंत्री ने बैठक में कड़े शब्दों में कहा कि "शिक्षकों के बच्चे सरकारी स्कूलों में ही पढ़ें।"
शिक्षक संघ सियाराम की मांगें और सुझाव
राजस्थान शिक्षक संघ सियाराम के प्रदेश महामंत्री नवीन कुमार शर्मा ने बैठक में अपनी मांग रखते हुए कहा कि "अगला सत्र जल्द शुरू करने से वर्तमान सत्र में परेशानियों का सामना करना पड़ा है लेकिन फिर भी आगामी सत्र 1 अप्रैल से शुरू होते ही FTB पुस्तकें, शिक्षक डायरी, निःशुल्क कपड़े आदि समय पर मिल जाएं तो यह कदम विद्यार्थियों के लिए बहुत कारगर साबित होगा और हर सत्र में ऐसी निरंतरता बनी रहेगी।" उन्होंने इसे एक अच्छा निर्णय बताते हुए कहा कि इससे डेढ़ महीने पढ़ाई-लिखाई होने के बाद कुछ होमवर्क देकर छुट्टियों का सदुपयोग किया जा सकेगा। संगठन ने मांग की कि सरकार ग्रीष्मावकाश में 10 दिन की कटौती न कर ग्रीष्मावकाश को यथावत रखे। शिक्षकों से केवल शैक्षणिक कार्य करवाया जाए और इसके अलावा उन्हें गैर शैक्षणिक कार्यों से पूर्णतः मुक्त रखा जाए। इसके साथ ही यह मांग भी प्रमुखता से उठी कि राजकोष से वेतन लेने वाले सभी के बच्चे सरकारी स्कूल में पढ़ने चाहिए। शर्मा ने यह भी स्पष्ट किया कि बोर्ड परीक्षा के दौरान जो स्थानांतरण किए गए थे वो गलत थे, ट्रांसफर हमेशा गर्मियों की छुट्टियों में ही किए जाने चाहिए।
विद्यालय संचालन और स्टाफ प्रबंधन पर चर्चा
प्रदेश प्रवक्ता मुकेश मीणा ने बताया कि विद्यालयों में सप्ताह में मनाए जाने वाले सभी उत्सवों को केवल शनिवार को ही मनाया जाए। उन्होंने मांग की कि पदोन्नति के बाद तुरंत स्कूलों में पदस्थापन दिया जाए और जनगणना जैसे कार्यों में प्रत्येक विद्यालय से 25% से अधिक स्टाफ को नहीं लगाया जाए। इसके अतिरिक्त, बाड़मेर जिले में तृतीय श्रेणी भर्ती 2022 के अध्यापकों का जल्द स्थाईकरण करने की मांग भी प्रमुखता से दोहराई गई।
लंबित पदोन्नति और वित्तीय स्वीकृति का मुद्दा
प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष रामदयाल मीणा ने मांग रखी कि नवीन सत्र प्रारंभ होने से पूर्व वरिष्ठ अध्यापक से व्याख्याता की लंबित तीन सत्रों की पदोन्नति को पूर्ण करवाया जाए। उन्होंने आग्रह किया कि तृतीय श्रेणी अध्यापकों की 6 सत्रों से लंबित पदोन्नति को सरकार द्वारा कोर्ट में उचित पैरवी करते हुए जल्द सम्पन्न कराया जावे। साथ ही, प्रदेश के सभी क्रमोन्नत स्कूलों में व्याख्याता पदों की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की जाए। बैठक के अंत में अन्य संगठनों ने भी अपनी मांगों को प्रमुखता से शासन के समक्ष रखा।

Madan Mohan Garg(Gangapur City)
नाम: मदन मोहन गर्ग
वर्तमान पद: ब्यूरो चीफ (दैनिक प्रातःकाल, गंगापुर सिटी)
कार्यक्षेत्र: गंगापुर सिटी विधानसभा क्षेत्र सहित सवाई माधोपुर और करौली जिला
बीट: प्रशासनिक समाचार, सामाजिक कार्यक्रम, जनसमस्याएं एवं सभी क्षेत्र
परिचय
मदन मोहन गर्ग राजस्थान के गंगापुर सिटी क्षेत्र के वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'दैनिक प्रातःकाल' में गंगापुर सिटी के ब्यूरो चीफ के रूप में कार्यरत हैं। उनका मुख्य कार्यक्षेत्र गंगापुर सिटी विधानसभा सहित सवाई माधोपुर और करौली जिला है। वह स्थानीय जनसमस्याओं, प्रशासनिक गतिविधियों, सरकारी योजनाओं और सामाजिक कार्यक्रमों सहित सभी क्षेत्रों की खबरों को नियमित रूप से कवर करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव
मदन मोहन गर्ग को क्षेत्रीय पत्रकारिता का लंबा अनुभव है। वह साल 2015 से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' समाचार पत्र से जुड़े हुए हैं और क्षेत्र में समाचार संकलन व ब्यूरो संचालन का कार्य संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
वह उच्च शिक्षित हैं और उनकी शैक्षणिक योग्यता इस प्रकार है:
- बी.ए. (B.A.) और बी.एड. (B.Ed.)
- एम.ए. (M.A.) और एम.एड. (M.Ed. - मास्टर ऑफ एजुकेशन)
