राजस्थान की राजधानी जयपुर आज उस समय नारों से गूंज उठी जब देश के प्रथम और प्रदेश के सबसे विस्तृत पत्रकार संगठन, 'इंडियन फेडरेशन ऑफ वर्किंग जर्नलिस्ट्स' (आईएफडब्ल्यूजे) से जुड़े सैकड़ों पत्रकारों ने प्रशासन की दमनकारी नीतियों के खिलाफ शहीद स्मारक पर मोर्चा खोल दिया। जैसलमेर कलेक्टर द्वारा प्रशासन की आड़ में पत्रकारों की आजीविका पर बुलडोजर चलाने और उन पर बढ़ते बनावटी व झूठे मुकदमों के विरोध में पत्रकारों का यह सैलाब उमड़ा। इस उग्र प्रदर्शन के दौरान जैसलमेर कलेक्टर के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्यवाही की मांग की गई और आईएफडब्ल्यूजे के प्रदेश अध्यक्ष उपेंद्र सिंह राठौड़ के रेस्टोरेंट को ध्वस्त किए जाने के प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच पर जोर दिया गया।

घटनाक्रम के अनुसार, प्रदर्शनकारियों का पूर्व निर्धारित कार्यक्रम मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपने का था। इसी बीच मुख्यमंत्री कार्यालय से संदेश प्राप्त हुआ कि शाम 5 बजे संगठन का प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगा। हालांकि, आईएफडब्ल्यूजे सूत्रों ने गंभीर रोष व्यक्त करते हुए बताया कि 5 बजे के ठोस आश्वासन के बावजूद पत्रकारों को देर शाम तक प्रतीक्षा करवाई गई। लोकतंत्र के चौथे स्तंभ कहे जाने वाले पत्रकारों के प्रति शासन की यह बेरुखी राजस्थान सरकार की संवेदनशीलता पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े करती है। मुख्यमंत्री कार्यालय से दो घंटे बाद भी कोई सकारात्मक रुख सामने न आने पर संगठन ने आर-पार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। प्रशासन के इस अड़ियल रवैये के विरोध में अब शहीद स्मारक पर अनिश्चितकालीन धरना प्रारंभ कर दिया गया है, जो प्रेस की स्वतंत्रता और पत्रकारों के सम्मान की रक्षा के संकल्प को दोहराता है।

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur

Harak Chand Jain, Sawai Maadhopur

नाम: हरक चंद जैन

वर्तमान पद: रिपोर्टर

कार्यक्षेत्र: सवाई माधोपुर (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): जनहित के मुद्दे और स्थानीय समाचार (सवाई माधोपुर)

परिचय

हरक चंद जैन राजस्थान के सवाई माधोपुर क्षेत्र के एक अत्यंत वरिष्ठ और अनुभवी पत्रकार हैं। वह मुख्य रूप से सवाई माधोपुर जिले के स्थानीय समाचारों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)

हरक चंद जैन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में 45 वर्षों का लंबा और व्यापक अनुभव है। अपने इस दीर्घकालिक करियर के दौरान वह कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों से जुड़े रहे हैं:

  • दैनिक प्रातःकाल: पिछले 6 वर्षों से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' के साथ जुड़कर कार्यरत हैं।
  • अन्य समाचार पत्र: इसके पूर्व उन्होंने धर्म दिवाकर, देश की धरती, जननायक, नवज्योति, नवभारत टाइम्स और महका भारत जैसे विभिन्न समाचार पत्रों के लिए पत्रकारिता की है।

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