सरकारी कर्मचारियों के वित्तीय काम में दखल और वसूली के आरोप में दो पर केस
हिंडौन सिटी में सरकारी कर्मचारियों के वित्तीय कार्यों में दखल और कथित वसूली के मामले में दो आरोपी पुलिस हिरासत में, जांच जारी।

हिंडौन सिटी में सरकारी कर्मचारियों के वेतन, एरियर, फिक्सेशन और पेंशन से जुड़े वित्तीय कार्यों में निजी स्तर पर हस्तक्षेप करने तथा कर्मचारियों को डराकर कथित रूप से रकम वसूलने के आरोप में नई मंडी थाना पुलिस ने दो जनों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई न्यू अग्रसेन विहार निवासी सेवानिवृत्त शिक्षक अशोक कुमार शर्मा की शिकायत पर की गई। आरोपी गोविंद कुमार गुप्ता निवासी किशन नगर बी-ब्लॉक और पवन शर्मा निवासी चेतराम कॉलोनी को 3 दिनों की पुलिस हिरासत में भेजा गया है।
पुलिस ने शिकायत के साथ प्राप्त दस्तावेजों के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब आरोपियों द्वारा राजस्थान सरकार को हुए गंभीर वित्तीय नुकसान, राजस्व की चोरी और सरकारी कर्मचारियों से जबरन वसूली के आरोपों की गहन जांच कर रही है।
शिकायतकर्ता अशोक कुमार शर्मा ने आरोप लगाया है कि किशन नगर बी-ब्लॉक में गोविंद कुमार गुप्ता द्वारा एक कम्प्यूटर्स नाम से फर्म संचालित की जा रही है। इसमें पवन शर्मा कम्प्यूटर ऑपरेटर के रूप में कार्य करता है। आरोप है कि इस फर्म के माध्यम से सरकारी कर्मचारियों के विभिन्न वित्तीय कार्य किए जा रहे थे।
शिकायत में कहा गया है कि इन कार्यों के लिए कई आहरण एवं वितरण अधिकारियों की आईडी, पासवर्ड और ई-साइन डोंगल का इस्तेमाल भी किया जाता था। अशोक कुमार शर्मा ने आरोप लगाया कि गोविंद कुमार गुप्ता और पवन शर्मा उनकी पत्नी, जो राजकीय विद्यालय में प्रबोधक एल-2 अध्यापक के पद पर कार्यरत हैं, को पद से अधिशेष किए जाने का भय दिखाकर मानसिक रूप से परेशान करते थे। आरोप है कि वेतन बिल, एरियर बिल और फिक्सेशन जैसे मामलों में भी पूर्व में रकम ली गई।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि सेवानिवृत्ति के बाद डिजिटल रिकॉर्ड में बदलाव कर पदनाम बदलने, पेंशन प्रकरण और समर्पित अवकाश बिलों के भुगतान में बाधा उत्पन्न करने के नाम पर भी कथित रूप से रकम वसूली गई।
अशोक कुमार शर्मा ने बताया कि वे राजकीय प्राथमिक उच्च माध्यमिक विद्यालय क्यारदा कला से शिक्षक पद से सेवानिवृत्त हुए हैं। उनके अनुसार, सेवानिवृत्ति से करीब एक माह पहले फरवरी 2024 में उन्हें जानकारी दी गई कि डिजिटल रिकॉर्ड में उनका पदनाम शिक्षक के बजाय लैब असिस्टेंट हो गया है। उनका कहना है कि उनकी पहली पोस्टिंग लैब असिस्टेंट के रूप में हुई थी, लेकिन वर्ष 1997 से वे शिक्षक के स्थायी पद पर कार्यरत थे।
सेवानिवृत्ति से ठीक पहले पदनाम को लेकर सामने आए इस बदलाव से वे परेशान हो गए। इसके बाद पेंशन प्रकरण और समर्पित अवकाश बिलों के भुगतान को लेकर भी परेशानी हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसी परिस्थितियों का भय दिखाकर उनसे पूर्व में भी रकम ली गई थी।
शिकायतकर्ता ने पूरे मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है। नई मंडी थाना पुलिस ने शिकायत और दस्तावेजों के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। अब पुलिस यह जांच कर रही है कि सरकारी कर्मचारियों के वित्तीय कार्यों में निजी फर्म की क्या भूमिका थी और आरोपियों द्वारा कथित वित्तीय नुकसान, राजस्व चोरी तथा जबरन वसूली के आरोपों में वास्तविकता क्या है।

Dheerajkumar Sharma(Sawai Madhopur )
नाम: धीरज कुमार शर्मा
वर्तमान पद: हिंडौन संवाददाता (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: हिंडौन सिटी, जिला करौली (राजस्थान)
बीट: स्थानीय समाचार, राजनीति, शिक्षा, प्रशासन, कला और धार्मिक गतिविधियां
परिचय
धीरज कुमार शर्मा राजस्थान के करौली जिले के अंतर्गत आने वाले हिंडौन सिटी क्षेत्र के संवाददाता हैं। वह हिंडौन के स्थानीय समाचारों के साथ-साथ विशेष रूप से राजनीति और शिक्षा के क्षेत्र को नियमित रूप से कवर करते हैं। इसके अलावा, कला और धार्मिक विषयों पर भी उनकी अच्छी पकड़ है और वह इन क्षेत्रों में भी रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव
धीरज कुमार शर्मा को पत्रकारिता के क्षेत्र में कुल 15 साल का लंबा अनुभव है:
- वह पिछले तीन वर्ष से लगातार 'प्रातः काल' समाचार पत्र से जुड़े हुए हैं और हिंडौन क्षेत्र की कमान संभाल रहे हैं।
- 'प्रातः काल' से पहले उन्होंने 10 साल तक 'राष्ट्रदूत' अखबार में कार्य किया है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी शिक्षा में स्नातक (Graduation) की डिग्री प्राप्त की है।
